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वसूली कांड: सचिन वाझे कबुलनामा, ट्रांसफर रुकवाने को देशमुख और परब ने 10 DCP से ली थी 40 करोड़ की रिश्वत

वाझे ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को दिए अपने बयान में बताया कि परिवहन मंत्री अनिल परब और तत्कालीन गृहमंत्री अनिल देखमुख ने मुंबई के तत्कालीन पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह की ओर से जारी तबादला आदेशों को रोकने के एवज में 10 पुलिस उपायुक्तों (डीसीपी) से 40 करोड़ रुपए की रिश्वत ली थी।

मुंबई: महाराष्ट्र के चर्चित वसूली कांड में आज एक बड़ा खुलासा बर्खास्त पुलिस अधिकारी सचिन वाझे न किया है। वाझे ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को दिए अपने बयान में बताया कि परिवहन मंत्री अनिल परब और तत्कालीन गृहमंत्री अनिल देखमुख ने मुंबई के तत्कालीन पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह की ओर से जारी तबादला आदेशों को रोकने के एवज में 10 पुलिस उपायुक्तों (डीसीपी) से 40 करोड़ रुपए की रिश्वत ली थी।

बताते चलें कि यह बयान प्रवर्तन ईडी की ओर से देशमुख के पूर्व निजी सचिव संजीव पलांडे और निजी सहायक कुंदन शिंदे के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में हाल में दायर आरोप पत्र का हिस्सा है। परमबीर सिंह ने जुलाई, 2020 में मुंबई में 10 डीसीपी के स्थानांतरण के आदेश जारी किए थे। वाझे ने अपने बयान में दावा किया कि परमबीर सिंह की ओर से जारी ट्रांसफर आदेश को लेकर तत्कालीन गृह मंत्री देशमुख और परब खुश नहीं थे।

वाझे ने कहा, ''बाद में मुझे पता चला कि ट्रांसफर आदेश में सूचीबद्ध पुलिस अधिकारियों से 40 करोड़ रुपए की राशि एकत्र की गई थी, जिनमें से अनिल देशमुख और अनिल परब और 20-20 करोड़ रुपए दिए गए थे।'' गिरफ्तार किए गए पलांडे और शिंदे के अलावा मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दायर आरोप पत्र में वाझे का नाम भी आरोपी के रूप में दर्ज है। आरोप पत्र में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) नेता देशमुख या उनके परिवार के किसी सदस्य का नाम आरोपी के रूप में शामिल नहीं किया गया है। पलांडे और शिंदे इस मामले में न्यायिक हिरासत में हैं।

यह बयान प्रवर्तन ईडी की ओर से देशमुख के पूर्व निजी सचिव संजीव पलांडे और निजी सहायक कुंदन शिंदे के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में हाल में दायर आरोप पत्र का हिस्सा है। परमबीर सिंह ने जुलाई, 2020 में मुंबई में 10 डीसीपी के स्थानांतरण के आदेश जारी किए थे। वाझे ने अपने बयान में दावा किया कि परमबीर सिंह की ओर से जारी ट्रांसफर आदेश को लेकर तत्कालीन गृह मंत्री देशमुख और परब खुश नहीं थे।

वाझे ने कहा, ''बाद में मुझे पता चला कि ट्रांसफर आदेश में सूचीबद्ध पुलिस अधिकारियों से 40 करोड़ रुपए की राशि एकत्र की गई थी, जिनमें से अनिल देशमुख और अनिल परब और 20-20 करोड़ रुपए दिए गए थे।'' गिरफ्तार किए गए पलांडे और शिंदे के अलावा मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दायर आरोप पत्र में वाझे का नाम भी आरोपी के रूप में दर्ज है। आरोप पत्र में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) नेता देशमुख या उनके परिवार के किसी सदस्य का नाम आरोपी के रूप में शामिल नहीं किया गया है। पलांडे और शिंदे इस मामले में न्यायिक हिरासत में हैं।


हत्यारे ने शव के 12 टुकड़े कर फेंके, बजरंग बली ने कराई मृतक की पहचान, आरोपी गिरफ्तार

यह केस सुलझाना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती थी। लेकिन मृतक शख्स का ईश्वर मदद करता है और पुलिस ईश्वर के सहारे अपराधी तक पहुंच की जाती है।

मुंबई: एक शख्स की हत्या कर दी जाती है और उसके शव के दर्जन भर टुकड़े कर दिए जाते हैं। इतना ही नहीं शव के टुकड़ों को अलग-अलग जगहों पर फेंका जाता है। यानि यह केस सुलझाना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती थी। लेकिन मृतक शख्स का ईश्वर मदद करता है और पुलिस ईश्वर के सहारे अपराधी तक पहुंच की जाती है।

नवी मुंबई में एक शख्स की हत्या कर उनके शव के 12 टुकड़े कर फेंक दिये गये। इस मामले में पुलिस ने कटे हुए हाथ पर मिले एक टैटू की मदद से पहले मृतक की पहचान कर ली और फिर सीधे वो जा पहुंची हत्या के आरोपी तक। गुरुवार को पुलिस ने बताया कि 25 साल के आरोपी हरीश कुमार चौहान ने 30 साल के रविंद्र रमेश मंडोतिया की बेरहमी से हत्या की थी। इसके बाद उनके शव के टुकड़े कर उसे ठिकाने भी लगा दिया था।

नवी मुंबई के पुलिस कमिश्नर बिपिन कुमार सिंह ने कहा कि 12 सितंबर को मानव अंग के 12 टुकड़े मिले। इसमें दो हाथ और पांव एक प्लास्टिक के थैले में रखे मिले थे। यह थैला नवी मुंबई के वाशी एपीएमसी इलाके से बरामद किया गया था। 

हालांकि, इस बॉडी के सिर समेत अन्य अंग गायब थे। इस मामले में पुलिस ने भारतीय दंड संहिता की धारा (302) हत्या और धारा (201)सबूत मिलाने के तहत केस एपीएमसी थाने में दर्ज किया था। केस को सुलझाने में जुटी पुलिस के लिए सबसे बड़ी चुनौती यह थी कि मृतक युवक की पहचान नहीं हो पा रही थी। पुलिस को कटे हुए हाथ पर भगवान हनुमान का टैटू दिखा था और यह जानकारी थी कि मृतक युवक का नाम रविंद्र है। 

इस मिस्ट्री को सुलझाना पुलिस के लिए किसी चुनौती से कम नहीं था। केस को अंजाम तक पहुंचाने के लिए पुलिस की कई टीमें बनाई गई थीं। यह टीम मृतक के शरीर के अन्य हिस्सों की तलाश भी कर रही थी। पुलिस अधिकारी ने बताया कि पुलिस की टीम को थाणे, रायगढ़, मुंबई और नवी मुंबई जांच के लिए भेजा गया। नवी मुंबई इलाके से गायब करीब 100 लोगों के बारे में जांच-पड़ताल भी की गई।

जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि रविंद्र मंडोतिया एक सफाईकर्मी के तौर पर काम करते हैं और वो लापता हैं और इस संबंध में कोपरखैरनी पुलिस स्टेशन में मामला भी दर्ज करवाया गया था। उनके परिवार के सदस्यों को शव की पहचान करने के लिए बुलाया। उनके घऱ के सदस्यों को उनके कटे हुए हाथ पर बने टैटू के निशान दिखाए गए। इसके बाद परिजनों ने रविंद्र की पहचान कर ली औऱ कहा कि यह टुकड़े उनके ही शरीर के अंग हैं। 

इसके बाद पुलिस ने अपनी पड़ताल तेज की और कई सीसीटीवी फुटेज की जांच की गई। जांच के क्रम में पुलिस ने चौहान को दबोच लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी चौहान ने पुलिस को बताया कि दोनों के बीच पैसे को लेकर विवाद था। इसी की वजह से उसने मंडोतिया की हत्या करने की योजना बनाई थी। 9 सितंबर को उसने चौहान की गला काट कर हत्या कर दी। इसके बाद उसने उनके शरीर के टुकड़े किये उसे एपीएमसी इलाके में फेंक दिया। जबकि सिर और अन्य अंग महापे इलाके में दफन कर दिये गये। 

पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर मृतक के शरीर के अन्य अंग बरामद कर लिये। पुलिस ने बताया कि 14 सितंबर को आरोपी को पकड़ा गया। अदालत ने उसे 22 सितंबर तक पुलिस कस्टडी में भेजा है। 



महाराष्ट्र: मंत्री व एनसीपी नेता हसन मुश्रीफ पर भ्रष्टाचार करने का BJP नेता ने लगाया आरोप, जानिए-क्या है पूरा मामला

मंत्री हसन मुश्रीफ पर बेनामी संपत्तियां बनाने का आरोप लगने लगा है। महाराष्ट्र भाजपा नेता किरीट सोमैया ने सोमवार को एनसीपी नेता और राज्य सरकार में ग्रामीण विकास मंत्री हसन मुश्रीफ पर अपने परिवार के सदस्यों और कंपनियों के माध्यम से भ्रष्ट आचरण और बनेमी संपत्तियां बनाने का आरोप लगाया है।

मुंबई: महाराष्ट्र सरकार में एनसीपी कोटे से एक और मंत्री पर भ्रष्टाचार का आरोप लगा है। दरअसल, मंत्री हसन मुश्रीफ पर बेनामी संपत्तियां बनाने का आरोप लगने लगा है। महाराष्ट्र भाजपा नेता किरीट सोमैया ने सोमवार को एनसीपी नेता और राज्य सरकार में ग्रामीण विकास मंत्री हसन मुश्रीफ पर अपने परिवार के सदस्यों और कंपनियों के माध्यम से भ्रष्ट आचरण और बनेमी संपत्तियां बनाने का आरोप लगाया है। 

भाजपा नेता के आरोपों पर शिवसेना ने पलटवार करते हुए कहा कि वह सत्तारूढ़ गठबंधन के नेताओं के खिलाफ निराधार आरोप लगाने की बात कही। मुंबई में मीडिया से बात करते हुए सोमैया ने आरोप लगाया कि मुश्रीफ और उनके परिवार के सदस्यों ने कंपनियों का एक जाल बनाया है और कोलकाता की उन कंपनियों के साथ लेन-देन किया है जिनका केवल नाम है।

सौमैया ने दावा किया है कि वित्तीय लेनदेन से पता चलता है कि उनके बैंक खाते में उन कंपनियों ने पैसा आ रहा था जो वास्तव में मौजूद नहीं है। सोमैया ने आगे बताया है कि उन्होंने इनकम टैक्स विभाग को वित्तीय लेनदेन और मुश्रीफ परिवार की गैर-पारदर्शी आय के बारे में जानकारी हासिल करवाई है। 

सोमैया ने मुश्रीफ पर 100 करोड़ रुपए के वित्तीय लेनदेन का आयकर विभाग, ईडी और एसीबी से जांच कराने की मांग की। वहीं, एनसीपी के प्रवक्ता और राज्य मंत्री नवाब मलिक ने सोमैया पर निशाना साधा और उन पर महाविकास आघाड़ी (एमवीए) के नेताओं के खिलाफ निराधार आरोप लगाने का आरोप लगाया। 

सोमैया को कोई गंभीरता से नहीं लेता: मलिक

मलिक ने कहा कि सोमैया को अब कोई गंभीरता से नहीं लेता है। उन्होंने कहा कि अदालत ने महाराष्ट्र सदन घोटाला मामले में राकांपा नेता छगन भुजबल को आरोपमुक्त कर दिया है, जिसमें सोमैया ने उन पर आरोप लगाए थे। बता दें कि पिछले हफ्ते, मुंबई की एक विशेष अदालत ने दिल्ली में महाराष्ट्र सदन (राज्य सरकार गेस्ट हाउस) के निर्माण में कथित अनियमितताओं से संबंधित 2015 के मामले में महाराष्ट्र के मंत्री और राकांपा नेता छगन भुजबल और सात अन्य को आरोप मुक्त कर दिया।


साकीनाका दुष्कर्म कांड: हत्या व रेप में प्रयुक्त हथियार बरामद, सीएम राहत कोष से दिया जाएगा 20 लाख का मुआवजा

मुंबई पुलिस कमिश्नर हेमंत नगराले ने कहा कि इस पर हमने एससी-एसटी एट्रोसिटी एक्ट लगाया है। हमने आरोपी मोहन को गिरफ्तार कर लिया था। उसकी 21 तारीख तक पुलिस कस्टडी भी मिल गई है। उसने अपना गुनाह कबूल किया है। जो हथियार इस्तेमाल किया गया था वह भी बरामद कर लिया गया है।

मुंबई: मुंबई के साकीनाका में हुए महिला के साथ दुष्कर्म के बाद बर्बरता के मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में होगी। इस बीच पुलिस ने महिला के साथ हुए दुष्कर्म के दौरान आरोपी द्वारा इस्तेमाल किए गए हथियार भी बरामद कर लिए हैं।

मुंबई पुलिस कमिश्नर हेमंत नगराले ने कहा कि इस पर हमने एससी-एसटी एट्रोसिटी एक्ट लगाया है। हमने आरोपी मोहन को गिरफ्तार कर लिया था। उसकी 21 तारीख तक पुलिस कस्टडी भी मिल गई है। उसने अपना गुनाह कबूल किया है। जो हथियार इस्तेमाल किया गया था वह भी बरामद कर लिया गया है।

उन्होंने आगे कहा कि एक महीने में चार्जशीट चली जाएगी। अगले 15-20 दिन में हमारी जांच हो जाएगी। जो सैंपल्स लैब में जाएंगे उसमें थोड़ा समय लग सकता है। पीड़ित महिला के परिवार के लिए शासकीय योजनाओं और CM राहत फंड मिलाकर कुल 20 लाख का मुआवजा प्रोसेस किया जाएगा और अलग-अलग स्टेज में दिया जाएगा।

गौरतलब है कि मुंबई के साकीनाका इलाके एक महिला की दुष्कर्म करने के बाद उसके प्राइवेट पार्ट में आरोपी द्वारा रॉड डाल दिया गया था। मामले में पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को उसी दिन गिरफ्तार कर लिया था लेकिन अगले दिन पीड़िता की अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई थी।


मुंबई की दामिनी हार गई जिंदगी से जंग, आरोपी गिरफ्तार, विपक्ष ने सरकार को घेरा

इस मामले ने राजनीतिक रूप ले लिया है। महाराष्ट्र के पूर्व सीएम देवेंद्र फडणवीस ने जहां एक तरफ इस मामले को लेकर राज्य सरकार पर हमला बोला है तो वहीं, सरकार द्वारा कहा गया है कि वह आरोपी को जल्द से जल्द सजा दिलाएगी। मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में होगी।

मुंबई: आर्थिक राजधानी मुंबई के साकीनाका में दुष्कर्म की शिकार हुई महिला की अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई है। अब इस मामले ने राजनीतिक रूप ले लिया है। महाराष्ट्र के पूर्व सीएम देवेंद्र फडणवीस ने जहां एक तरफ इस मामले को लेकर राज्य सरकार पर हमला बोला है तो वहीं, सरकार द्वारा कहा गया है कि वह आरोपी को जल्द से जल्द सजा दिलाएगी। मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में होगी।


मुंबई के साकीनाका रेप मामले पर महाराष्ट्र के मंत्री नवाब मलिक ने कहा कि बहुत दुखद है कि महिला नहीं रही। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। सरकार जितनी जल्दी हो सके चार्जशीट दाखिल करेगी। प्रयास रहेगा कि सरकार फास्ट ट्रैक पर मामला ले जाए। निश्चित तौर पर सजा मिलेगी ताकि लोगों में डर पैदा हो

वहीं, पूर्व सीएम और बीजेपी नेता देवेंद्र फडणवीस ने सूबे की सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि साकीनाका की घटना बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। ये मानवता को कालिख पोतने वाली है। तुरंत फास्ट ट्रैक कोर्ट तैयार किया जाए। आरोपियों को फांसी की सजा ही होनी चाहिए। पिछले 1 महीने में राज्य में बलात्कार, सामूहिक बलात्कार की घटनाएं बहुत बढ़ रही हैं। 



पुलिस विभाग में राजनीतिक हस्तक्षेप का आरोप लगाते हुए देंवेंद्र फड़वीस ने कहा कि पिछले 2 साल से पुलिस में हस्तक्षेप चल रहा है। राज्य कैडर के कई बड़े अफसरों को छोड़कर पोस्ट डाउनग्रेड करके उनसे जूनियर अफसरों को उस पोस्ट पर लिया गया है। इससे अनुशासित फोर्स में अनुशासनहीनता तैयार होती है। उसका फायदा समाज विरोधी तत्वों को होता है जो दिखाई पड़ रहा है।


गुरुवार की रात को शहर साकी नाका इलाके में स्थित खैरानी रोड पर महिला अचेत अवस्था में पाई गई थी। फिलहाल महिला का शहर के एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है और पुलिस मामले की जांच में जुटी है। बताया जा रहा है कि आरोपी ने रेप के बाद महिला के प्राइवेट पार्ट में रॉड भी डाल दी थी।


जिस शख्स को पुलिस ने पकड़ा है उसका नाम मोहन चौहान बताया जा रहा है। 45 साल के मोहन चौहान को पुलिस ने घटना के कुछ ही घंटों पर दबोच लिया। पुलिस ने बताया कि कंट्रोल रूम को सूचना मिली थी कि एक महिला को एक शख्स बुरी तरह से पीट रहा है।


सूचना मिलते ही पुलिस की एक टीम मौके पर पहुंची। यहां सड़क पर महिला खून से लथपथ पड़ी हुई थीं। इसके बाद महिला को इलाज के लिए तुरंत अस्पताल ले जाया गया। पुलिस ने बताया कि शुरुआती जांच में पता चला है कि महिला के साथ दुष्कर्म हुई है और उनके प्राइवेट पार्ट में रॉड डाला गया है। पुलिस का कहना है कि सड़क किनारे खड़े एक टेम्पो के अंदर महिला के साथ यह हैवानियत की गई है।


गाड़ी के अंदर खून के छींटे भी मिले हैं

चिकित्सकों के मुताबिक महिला की हालत अभी चिंताजनक बनी हुई है। पुलिस का कहना है कि आरोपी चौहान को गिरफ्तार कर लिया गया है। इस मामले में भारतीय दंड संहिता की धारा 307 (जान से मारने की कोशिश) और 376 (दुष्कर्म) के तहत केस दर्ज किया था अब चूंकि पीड़िता की मौत हो गई है इस मामले में हत्या से जुड़ी धाराएं भी पुलिस द्वारा बढ़ाई जाएंगी।


मायानगरी मुम्बई में दामिनी दुष्कर्म कांड जैसी घटना, महिला का रेप कर प्राइवेट पार्ट में डाला लोहे का रॉड

आरोपी को पुलिस ने तत्परता से कार्यवाई करते हुए गिरफ्तार कर लिया है और पीड़ित महिला को उपचार हेतु अस्पताल में भर्ती कराया है जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है।

मुम्बई: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई से दिल्ली में हुई दामिनी दुष्कर्म कांड की तरह घटना सामने आई आई है। यहां, एक महिला के साथ पहले तो दुष्कर्म किया गया फिर उसके प्राइवेट पार्ट में हवसी द्वारा रॉड डाल दिया गया। आरोपी को पुलिस ने तत्परता से कार्यवाई करते हुए गिरफ्तार कर लिया है और पीड़ित महिला को उपचार हेतु अस्पताल में भर्ती कराया है जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है।

मिली जानकारी के मुताबिक, मुंबई पुलिस ने एक 30 वर्षीय महिला के कथित रेप के मामले में एक शख्स को गिरफ्तार किया है। गुरुवार की रात को शहर साकी नाका इलाके में स्थित खैरानी रोड पर महिला अचेत अवस्था में पाई गई थी। फिलहाल महिला का शहर के एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है और पुलिस मामले की जांच में जुटी है। बताया जा रहा है कि आरोपी ने रेप के बाद महिला के प्राइवेट पार्ट में रॉड भी डाल दी थी।

जिस शख्स को पुलिस ने पकड़ा है उसका नाम मोहन चौहान बताया जा रहा है। 45 साल के मोहन चौहान को पुलिस ने घटना के कुछ ही घंटों पर दबोच लिया। पुलिस ने बताया कि कंट्रोल रूम को सूचना मिली थी कि एक महिला को एक शख्स बुरी तरह से पीट रहा है।

सूचना मिलते ही पुलिस की एक टीम मौके पर पहुंची। यहां सड़क पर महिला खून से लथपथ पड़ी हुई थीं। इसके बाद महिला को इलाज के लिए तुरंत अस्पताल ले जाया गया। पुलिस ने बताया कि शुरुआती जांच में पता चला है कि महिला के साथ दुष्कर्म हुई है और उनके प्राइवेट पार्ट में रॉड डाला गया है। पुलिस का कहना है कि सड़क किनारे खड़े एक टेम्पो के अंदर महिला के साथ यह हैवानियत की गई है।


गाड़ी के अंदर खून के छींटे भी मिले हैं। चिकित्सकों के मुताबिक महिला की हालत अभी चिंताजनक बनी हुई है। पुलिस का कहना है कि आरोपी चौहान को गिरफ्तार कर लिया गया है। इस मामले में भारतीय दंड संहिता की धारा 307 (जान से मारने की कोशिश) और 376 (दुष्कर्म) के तहत केस दर्ज किया गया है।


वसूली कांड: NIA ने परमवीर को बचाने के लिए सचिन वजे के जरिए अनिल देशमुख पर लगाया गलत आरोप-नवाब मलिक

नवाब मलिक ने कहा कि एनआईए की चार्जशीट से एंटीलिया मामले पर सवलिया निशान खड़े हो गए हैं। सचिन वजे को मुख्य आरोपी बनाया गया। पूरी तरह से पहले दिन से जो हम कह रहे थे कि परमवीर सिंह को बचाने के एवज में उनके जरिए अनिल देशमुख पर आरोप लगाया गया।

मुंबई: वसूली कांड के मामले में महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री और मुंबई के पूर्व पुलिस कमिश्नर परमवीर सिंह के खिलाफ कार्यवाई जारी है। इस बीच महाराष्ट्र सरकार में मंत्री और एनसीपी नेता नवाब मलिक ने एंटीलिया कांड मामले की जांच कर रही एनआईए पर सवाल खड़े किए हैं और उसपर राज्य के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख को फंसाने का आरोप लगाया है।


नवाब मलिक ने कहा कि एनआईए की चार्जशीट से एंटीलिया मामले पर सवलिया निशान खड़े हो गए हैं। सचिन वजे को मुख्य आरोपी बनाया गया। पूरी तरह से पहले दिन से जो हम कह रहे थे कि परमवीर सिंह को बचाने के एवज में उनके जरिए अनिल देशमुख पर आरोप लगाया गया।

उन्होंने आगे कहा कि जो अधिकारी मुख्य आरोपी है, जिसे पूर्व कमिश्नर ने नियुक्त किया। विशेष अधिकार देकर अलग सेल बनाकर मुंबई शहर के क्राइम ब्रांच की ज़िम्मेदारी सौंपी गई। एंटीलिया केस के बाद उसी की जांच उसी अधिकारी को दिया गया। मामला सामने आया तो उसी कमिश्नर ने मंत्री और CM को गुमराह किया।

बता दें कि वसूली कांड में मुंबई के पूर्व पुलिस कमिश्नर परमवीर सिंह का नाम सामने आने के बाद उन्हें कमिश्नर के पद से हटा दिया गया था। वहीं, उनके द्वारा महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख का नाम लिए जाने के बाद देशमुख को भी अपनी कुर्सी छो़ड़नी पड़ी थी। फिलहाल, देशमुख के खिलाफ देश की शीर्ष एजेंसियां जांच कर रही है। वहीं, परमवीर के खिलाफ भी जांच की जा रही है।


केंद्रीय मंत्री नारायण राणे की गिरफ्तारी के आदेश, भाजपा और महाराष्ट्र पुलिस आमने-सामने

केंद्रीय मंत्री नारायण राणे के खिलाफ महाराष्ट्र के कई पुलिस थानों में एफआईआर दर्ज किए जाने को लेकर अब बीजेपी और राज्य पुलिस आमने-सामने आ गई है।

मुम्बई: महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे के खिलाफ आपत्तिजनक बयान देने के मामले में केंद्रीय मंत्री नारायण राणे की गिरफ्तारी का आदेश जारी हो चुका है। अब इसे लेकर जमकर राजनीति हो रही है वहीं, महाराष्ट्र पुलिस और भाजपा आमने-सामने है।


केंद्रीय मंत्री नारायण राणे के खिलाफ महाराष्ट्र के कई पुलिस थानों में एफआईआर दर्ज किए जाने को लेकर अब बीजेपी और राज्य पुलिस आमने-सामने आ गई है। 

एक तरफ राणे के खिलाफ गिरफ्तारी के आदेश जारी करने वाली नासिक पुलिस ने कहा है कि नियमों का पालन करते हुए ही आदेश जारी किया गया है तो वहीं प्रदेश बीजेपी ने कहा है कि संवैधानिक प्राधिकारियों को संरक्षण देने वाले स्थायी आदेशों के मुताबिक किसी भी केंद्रीय मंत्री को गिरफ्तार नहीं किया जा सकता है और राज्य सरकार अपनी हदें पार कर रही है।

नासिक पुलिस ने राणे के खिलाफ अपमानजनक और घृणास्पद बयानों की वजह से आईपीसी की धारा 500, 505(2), 153-बी, (1) (सी) के तहत केस दर्ज किया है। यह एफआईआर नासिक में शिवसेना प्रमुख सुधाकर बदगुजर की शिकायत पर मंगलवार सुबह दर्ज की गई है। इसके बाद पुलिस की एक टीम को राणे को गिरफ्तार करने के लिए रत्नागिरी के चिपलुन रवाना कर दिया गया है। 

नासिक सिटी पुलिस कमिश्नर दीपक पांडे ने कहा कि पुलिस नियमों का पालन कर रही है और कानूनी प्रावधानों के तहत ही गिरफ्तारी का आदेश जारी किया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि एक सांसद को मिली छूट का पूरा ध्यान रखा जाएगा। 

उन्होंने आगे कहा, 'चूंकि, माननीय केंद्रीय मंत्री राज्यसभा के सदस्य हैं, हम गिरफ्तारी के बाद उच्च सदन के सभापति को उचित समय पर सूचित करने के लिए बाध्य हैं। केंद्रीय मंत्री की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम भेजी गई है। गिरफ्तारी का आदेश इसलिए जारी किया गया है ताकि भविष्य में दोबारा ऐसा काम न हो।'


मामले पर एक नजर

केंद्रीय मंत्री राणे ने रायगढ़ जिले में सोमवार को जन आशीर्वाद यात्रा के दौरान कहा, 'यह शर्मनाक है कि मुख्यमंत्री को यह नहीं पता कि आजादी को कितने साल हो गए हैं। भाषण के दौरान वह पीछे मुड़ कर इस बारे में पूछते नजर आए थे। अगर मैं वहां होता तो उन्हें एक जोरदार थप्पड़ मारता।' 

राणे ने दावा किया कि 15 अगस्त को जनता को संबोधित करते समय ठाकरे यह भूल गए थे कि आजादी को कितने साल पूरे हो गए हैं। उन्होंने कहा कि भाषण के बीच में वह अपने सहयोगियों से पूछ रहे थे कि स्वतंत्रता दिवस को कितने साल हुए हैं।


केंद्रीय मंत्रीय नारायण राणे के खिलाफ मुकदमा दर्ज, महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे के खिलाफ दिया था विवादित बयान

राणे ने राणे ने जन आशीर्वाद यात्रा के दौरान कहा था, 'यह शर्मनाक है कि मुख्यमंत्री को आजादी के साल के बारे में नहीं पता था। अपने भाषण के दौरान आजादी के वर्ष जानने के लिए उन्हें अपने सहयोगियों की तरफ झुकना पड़ा। मैं वहां होता तो उन्हें जोरदार तमाचा मार देता।'

नई दिल्ली: महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे के खिलाफ विवादित बयान देने वाले केंद्रीय मंत्री नारायण राणे के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। दरअसल, राणे ने राणे ने जन आशीर्वाद यात्रा के दौरान कहा था, 'यह शर्मनाक है कि मुख्यमंत्री को आजादी के साल के बारे में नहीं पता था। अपने भाषण के दौरान आजादी के वर्ष जानने के लिए उन्हें अपने सहयोगियों की तरफ झुकना पड़ा। मैं वहां होता तो उन्हें जोरदार तमाचा मार देता।' 


मिली जानकारी के मुताबिक, केंद्रीय मंत्री नारायण राणे के खिलाफ पुणे के चतुरश्रिंगी पुलिस थाने में युवा सेना ने एफआईआर दर्ज कराई है। राणे के खिलाफ आईपीसी की धारा 153 और 505 के तहत मामला दर्ज किया गया है। 


बता दें कि उद्धव ठाकरे अपने 15 अगस्त के भाषण में अटक गए थे। राणे ने उसी वाक्ये से जोड़ते हुए यह बयान दिया था। राणे ने जन आशीर्वाद यात्रा के दौरान यह बयान दिया था। भारतीय जनता पार्टी मोदी कैबिनेट में शामिल हुए नए मंत्रियों के लिए इस यात्रा का आयोजन कर रही है। नारायण राणे के इस बयान के बाद से शिवसेना ने नाराजगी और गुस्सा जाहिर किया है। 


'छत्रपति शिवाजी महाराज इंटरनेशनल एयरपोर्ट’ की जगह ‘अडानी एयरपोर्ट’ देख भड़की शिवसेना, सेकेंडों में गायब किया बोर्ड, जमकर मचाया उत्पात

शिवसैनिकों का कहना है कि अगर ऐसा नहीं किया गया तो जहां ‘अडानी एयरपोर्ट’ नाम का बोर्ड दिखेगा, वहां जाकर वे तोड़-फोड़ करेंगे।

मुम्बई:  छत्रपति शिवाजी महाराज इंटरनैशनल एयरपोर्ट के पास शिवसेना के कार्यकर्ताओं ने आज (2 अगस्त, मंगलवार) को जमकर हंगामा काटा। दरअसल, शिवसेना के कार्यकर्ताओं ने मुंबई एयरपोर्ट पर  'छत्रपति शिवाजी महाराज इंटरनेशनल एयरपोर्ट’ की जगह ‘अडानी एयरपोर्ट’  लगा बोर्ड देख लिया। फिर क्या था शिवसैनिकों ने सेकेंडों में बोर्ड तोड़ फोड़कर नष्ट कर दिया और अडानी ग्रुप के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।


एयरपोर्ट का प्रबंधन अडानी ग्रुप के हाथ जाने के बाद ‘अडानी एयरपोर्ट’ नाम का बोर्ड एयरपोर्ट परिसर में लगाया गया था। अडानी ने यह बोर्ड  वीवीआईपी गेट पर लगाया था। इससे शिवसैनिक काफी नाराज़ थे।

अपनी नाराज़गी ज़ाहिर करते हुए शिवसैनिकों ने चंद सेकंड में अडानी का बोर्ड गायब कर दिया। शिवसैनिक तोड़-फोड़ करते वक़्त यह चीखते हुए सवाल कर रहे थे कि अडानी कंपनी छत्रपति शिवाजी महाराज का नाम याद नहीं है क्या? उन्हें पता नहीं है क्या कि इस एयरपोर्ट का नाम छत्रपति शिवाजी महाराज के नाम पर है?

मिली जानकारी के मुताबिक, वीआईपी गेट नंबर 8 और विले पार्ले हाइवे के बीच स्थित छत्रपति शिवाजी महाराज के स्मारक के सामने लगे ‘अडानी एयरपोर्ट’ नाम से लगे बोर्ड को शिवसैनिकों ने लाठी-डंडे से मारकर तोड़ दिया। मुंबई के इंटरनैशनल एयरपोर्ट का नाम छत्रपति शिवाजी महाराज के नाम पर है।


शिवसैनिकों के लिए वहां पर अदानी एयरपोर्ट नाम का रिप्लेसमेंट बिलकुल बर्दाश्त के बाहर है। इसके बदले शिवसेना ने सुझाव दिया है कि नाम को जस का तस रखते हुए एक लाइन ऐड की जाए और लिखा जाए, ‘मैनेज्ड बाइ अडानी एयरपोर्ट।’ 

शिवसैनिकों का कहना है कि अगर ऐसा नहीं किया गया तो जहां ‘अडानी एयरपोर्ट’ नाम का बोर्ड दिखेगा, वहां जाकर वे तोड़-फोड़ करेंगे।

वहीं, इस घटना पर अपना अडानी ग्रुप ने बयान जारी कर कहा कि   मुंबई इंटरनैशनल एयरपोर्ट में  एडानी एयरपोर्ट की ब्रांडिंग को लेकर जो घटनाएं हुई हैं, उन्हें लेकर हम यह आश्वस्त करना चाहते हैं कि अडानी एयरपोर्ट होल्डिंग लिमिटेड ने टर्मिनल के पास छत्रपति शिवाजी महाराज इंटरनैशनल एयरपोर्ट नाम की ब्रांडिंग में कोई बदलाव नहीं किया है। यानी अडानी एयरपोर्ट ब्रांड को पिछले ब्रांड से रिप्लेस नहीं किया गया है। जो ब्रांडिंग CSMIA के पास की गई है वो एयरपोर्ट ऑथोरिटी ऑफ इंडिया की गाइडलाइंस का पालन करते हुए की गई है।

बयान में आगे कहा गया है कि AAHL आगे भी सरकार की ओर जारी की गई गाइडलाइंस का पालन करेगी और एविएशन कम्यूनिटी के हितों को आगे बढ़ाएगी।


वसूली कांड: महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख को राहत नही, ED ने फिर से किया तलब, बेटे से भी करेगी पूछताछ

पहले तो सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें राहत देने से इनकार कर दिया और अब ईडी ने अनिल देशमुख के साथ साथ उनके बेटे ऋषिकेश देशमुख को भी समन जारी कर सोमवार को पूछताछ के लिए उपस्थित रहने को कहा है।

मुंबई: वसूली कांड में फंसे महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख को किसी भी तरफ से राहत मिलते नहीं दिख रही है। पहले तो सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें राहत देने से इनकार कर दिया और अब ईडी ने अनिल देशमुख के साथ साथ उनके बेटे ऋषिकेश देशमुख को भी समन जारी कर सोमवार को पूछताछ के लिए उपस्थित रहने को कहा है।


यह सम्मन लांड्रिंग केस में पूछताछ के लिए जारी किया गया है। ईडी ने दोनों को सोमवार तक पेश होने के लिए कहा है। गौरतलब है कि अनिल देशमुख ने सुप्रीम कोर्ट में गिरफ्तारी से बचने के लिए गुहार लगाई थी। लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने भी उन्हें राहत देने से इंकार कर दिया।

बता दें कि इससे पहले भी अनिल देशमुख को ईडी तीन बार सम्मन भेज चुकी है। लेकिन हर बार वह इस एजेंसी के सामने पेश होने से बचते रहे हैं। उनके बेटे और पत्नी को भी पूछताछ के लिए बुलाया जा चुका है, लेकिन यह दोनों भी सुनवाई के लिए उपस्थित नहीं हुए हैं। 

अनिल देशमुख को यह यह सम्मन महाराष्ट्र पुलिस में 100 करोड़ का घूस रैकेट चलाने के मामले में भेजा गया है। बता दें कि इसी मामले में अनिल देशमुख को महाराष्ट्र के गृहमंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा था। 

दो सहयोगी पहले किए जा चुके हैं गिरफ्तार


पिछले महीने प्रवर्तन निदेशालय ने देशमुख के मुंबई और नागपुर स्थित परिसरों में छापेमारी की थी। इसके अलावा उनके सहयोगियों और कुछ अन्य के खिलाफ भी तलाशी अभियान चलाया गया था। 

बाद में ईडी ने अनिल देशमुख के निजी सचिव, 51 वर्षीय संजीव पलांडे और निजी सहायक 45 वर्षीय कुंदन शिंदे को गिरफ्तार भी किया था। बॉम्बे हाई कोर्ट के आदेश के तहत दर्ज एक मामले में सीबीआई की जांच शुरू होने के बाद प्रवर्तन निदेशालय ने अनिल देशमुख और अन्य के खिलाफ मामला तब दर्ज किया। 

कोर्ट ने सीबीआई को मुंबई के पूर्व पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह की तरफ से अनिल देशमुख के खिलाफ लगाए गए रिश्वत के आरोपों के संबंध में जांच का निर्देश दिया था। 


कोरोना से जंग: महाराष्ट्र में मुम्बई समेत 25 जिले होंगे अनलॉक, 11 जिलों में बढ़ाई जाएगी सख्ती

टोपे ने कहा, ''हमने मुंबई सहित उन 25 जिलों में प्रतिबंधों में राहत देने का फैसला किया है, जहां कोरोना संक्रमण दर राज्य के औसत से काफी कम है।''

मुम्बई: महाराष्ट्र में कोरोना के मामलों में कमी के बीच सरकार ने मुंबई समेत  कई जिलों में सरकार ने प्रतिबंधों में राहत में का ऐलान किया है। 

राज्य के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने गुरुवार को कहा कि मुंबई सहित राज्य के 25 जिलों में प्रतिबंधों में ढील देने का फैसला किया गया है, जहां कोरोना संक्रमण दर राज्य के औसत से कम है। उन्होंने यह भी कहा कि शनिवार को कुछ प्रतिबंधों के साथ अनलॉक होगा, लेकिन रविवार के दिन पहले की तरह प्रतिबंध जारी रहेंगे।

सीएम उद्धव ठाकरे की अध्यक्षता में हुई कोविड टास्क फोर्स की बैठक के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए टोपे ने कहा कि सरकार उन लोगों को लोकल ट्रेन में यात्रा की छूट देने पर विचार कर रही है, जो वैक्सीन की दोनों डोज लगवा चुके हैं। टोपे ने कहा कि बचे हुए 11 जिलों में और अधिक प्रतिबंध लगाए जाएंगे, जहां कोरोना संक्रमण दर अधिक है।

टोपे ने कहा, ''हमने मुंबई सहित उन 25 जिलों में प्रतिबंधों में राहत देने का फैसला किया है, जहां कोरोना संक्रमण दर राज्य के औसत से काफी कम है।'' 

हालांकि, मंत्री ने यह भी कहा कि पुणे, सोलापुर, सांगली, सतारा, कोल्हापुर, पालघर, रायगढ़, रत्नागिरी, सिंधुदुर्ग, बीड और अहमदनगर में प्रतिबंध बढ़ाए जा सकते हैं, जहां कोरोना संक्रमण दर अधिक है। उन्होंने कहा, ''यदि जरूरत पड़ी तो स्थानीय प्रशासन कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए अधिक सख्त प्रतिबंध लगा सकता है।''

राजेश टोपे ने कहा, ''हमने 25 जिलों में प्रतिबंधों में राहत देने का फैसला किया है। दुकान, थिएटर, सिनेमाहॉल, जिम आदि के संचालन में राहत दी जाएगी। शादी समारोह आदि पर प्रतिबंध जारी रहेंगे। एसी हॉल के इस्तेमाल को भी हतोत्साहित किया जाएगा।'' 


टोपे ने आगे कहा, ''शनिवार को चीजें कुछ सीमा के साथ खुलेंगी, रविवार को प्रतिबंध जारी रहेंगे। विस्तृत गाइडलाइंस को अगले 2-3 दिनों में जारी कर दिया जाएगा। होटल और दुकानों को खुलने का समय 8-9 बजे रात तक बढ़ाया जा सकते हैं। लेकिन उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि स्टाफ को टीके के दोनों डोज लगे हों। 50 फीसदी क्षमता के साथ संचालन की छूट दी जाएगी।''


वसूली कांड: मुंबई के पूर्व पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी, विदेश जाने पर लगी रोक

यानि कि अब परमबीर सिंह अब देश के किसी भी हवाई अड्डे से देश छोड़कर भी नहीं जा सकते हैं। दरअसल, डेवलपर श्याम सुंदर अग्रवाल से 20 करोड़ रुपये की जबरन वसूली करने के लिए परमबीर सिंह के खिलाफ मरीन ड्राइव पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज की गई थी जिसके बाद एक लुकआउट नोटिस जारी किया गया है।

मुंबई: वसूली कांड में अब मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी किया गया है। मिली जानकारी के मुताबिक, राज्य भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने दो लुकआउट सर्कुलर जारी किए गए हैं। ये उनके खिलाफ भ्रष्टाचार और जबरन वसूली के लिए चल रही जांच का नतीजा है।


यानि कि अब परमबीर सिंह अब देश के किसी भी हवाई अड्डे से देश छोड़कर भी नहीं जा सकते हैं। दरअसल, डेवलपर श्याम सुंदर अग्रवाल से 20 करोड़ रुपये की जबरन वसूली करने के लिए परमबीर सिंह के खिलाफ मरीन ड्राइव पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज की गई थी जिसके बाद एक लुकआउट नोटिस जारी किया गया है।

दूसरा लुकआउट नोटिस एसीबी की शुरुआती जांच पर आधारित है। इस मामवे में पुलिस निरीक्षक अनूप डांगे ने आरोप लगाया था कि परमबीर सिंह के कहने पर उन्हें निलंबित कर दिया गया था। बताया गया था कि डांगे एक पब विवाद में शामिल कुछ लोगों का पक्ष लेने में नाकमयाब साबित हुए थे, इसलिए उन्हें निलंबित कर दिया गया था।

परमबीर के साथी जीतू नवलानी के खिलाफ भी लुकआउट नोटिस

एसीबी ने परमबीर सिंह के दोस्त जीतू नवलानी के खिलाफ भी लुकआउट नोटिस जारी किया है, जिसे परमबीर डांगे द्वारा दर्ज की गई एफआईआर से बाहर करना चाहता था।

डांगे ने यह भी आरोप लगाया था कि परमबीर सिंह ने बाद में डांगे का निलंबन रद्द करने के लिए दो करोड़ रुपये की मांग की। पब विवाद मामले में नवलानी समेत अन्य के खिलाफ पुलिस द्वारा कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है।

एनसीपी के एक कैबिनेट मंत्री ने एक समाचार पत्र को दिए साक्षात्कार में बताया, "मुंबई पुलिस और एसीबी ने परम बीर सिंह के खिलाफ दो अलग-अलग एलओसी जारी किए हैं।" एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा कि यह एक जांच एजेंसी द्वारा की जाने वाली एक नियमित प्रक्रिया है। अधिकारी ने कहा कि अगर उन्हें संदेह है कि एक आरोपी के फरार होने या देश छोड़ने की संभावना है, तो एलओसी जारी किया जाता है।

बता दें कि परमबीर सिंह इस साल मार्च में डीजी होमगार्ड के पद पर ट्रांसफर होने के बाद छुट्टी पर चले गए हैं। लंबी छुट्टी पर जाने के पीछे परमबीर सिंह ने अपनी सर्जरी होने का हवाला दिया है।


महाराष्‍ट्र में बारिश और बाढ़ का कहर, अबतक 149 लोगों की मौत, 60 से ज्यादा लोग लापता

सबसे ज्यादा प्रभावित महाराष्ट्र का सतारा और रायगढ़ जिला हुआ है। दोनों जिलों में अबतक 36 और शव मिलने के बाद बाढ़ और भूस्खलन समेत वर्षा जनित हादसों में मरने वालों की संख्या बढ़कर 149 हो गई है जबकि 64 लोग अभी भी लापता बताए जाते हैं। इतना ही नहीं इन घटनाओं में अब तक 50 लोग घायल भी हुए हैं।

नई दिल्‍ली: भारी बारिश की वजह से देश के कई हिस्‍सों में हालात बद से बद्तर हो चले हैं। लेकिन सबसे ज्यादा प्रभावित महाराष्ट्र का सतारा और रायगढ़ जिला हुआ है। दोनों जिलों में अबतक 36 और शव मिलने के बाद बाढ़ और भूस्खलन समेत वर्षा जनित हादसों में मरने वालों की संख्या बढ़कर 149 हो गई है जबकि 64 लोग अभी भी लापता बताए जाते हैं। इतना ही नहीं इन घटनाओं में अब तक 50 लोग घायल भी हुए हैं।

दूसरी तरफ, कर्नाटक के उत्तरी भाग में बीते दो हफ्ते से हो रही भारी बारिश के कारण हजारों लोग विस्थापित हो गए हैं। आधिकारिक बयान के मुताबिक राज्‍य के निचले इलाकों से अब तक कम से कम 31,360 लोगों को निकाला गया है। कर्नाटक के राजस्व मंत्री आर. अशोक ने रविवार को बताया कि निचले इलाकों से कम से कम 31,360 लोगों को निकाला गया है। बीते 72 घंटों में वर्षा जनित हादसों में कम से कम नौ लोगों की मौत हो गई है जबकि तीन अन्य लापता हैं।

महाराष्ट्र में 800 से ज्यादा गांव भारी बारिश से प्रभावित

कोंकण क्षेत्र और पश्चिमी महाराष्ट्र के प्रभावित जिलों से कुल 2,29,074 लोगों को  अबतक सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। महाराष्ट्र के सतारा जिले में 28, रायगढ़ जिले में आठ और लोगों की मौत की खबर है। सरकार की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि अब तक रायगढ़ में 60, रत्नागिरी में 21, सतारा में 41, ठाणे में 12, कोल्हापुर में सात, उपनगरीय मुंबई में चार और सिंधुदुर्ग और पुणे में दो-दो लोगों की मौत हुई है। यही नहीं राज्‍य के कोल्हापुर, सांगली, सतारा और पुणे के कुल 875 गांव भारी बारिश से प्रभावित हुए हैं।

राहत एवं बतचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी

महाराष्ट्र के रत्नागिरी जिले के बाढ़ प्रभावित चिपलूण शहर में एनडीआरएफ की 25 टीमें, एसडीआरएफ की चार टीमें, तटरक्षक बल की दो टीमें, नौसेना की पांच टीमें और सेना की तीन टीमें राहत और बचाव के काम में जुटी हुई हैं। चिपलूण को मुंबई से जोड़ने वाली वशिष्ठी नदी पर बना पुल ध्‍वस्‍त हो जाने के चलते सड़क यातायात बंद है।

महाराष्‍ट्र सरकार ने रायगढ़ और रत्नागिरी जिलों में से प्रत्येक को दो-दो करोड़ रुपये की आपातकालीन आर्थिक सहायता प्रदान की है। सतारा, सांगली, पुणे, कोल्हापुर, ठाणे और सिंधुदुर्ग को 50-50 लाख रुपये की वित्तीय मदद दी गई है।


मुंबई लिफ्ट हादसा: मृतकों की संख्या बढ़कर हुई 5, ओवरलोडिंग से हादसे की आशंका, आदित्य ठाकरे ने किया मौके का दौरा


मुम्बई: मुम्बई के वर्ली में हुए लिफ्ट हादसे में हुई मौतों की संख्या बढ़कर अब 5 हो गई है। यह हादसा ओवरलोडिंग होने के कारण होने की आशंका जताई जा रही है।


मिली जानकारी के मुताबिक, मुंबई के वर्ली इलाके में एक निर्माणाधीन इमारत में शनिवार को निर्माण कार्य में लगी लिफ्ट के गिरने से मरने वालों की तादाद पांच तक पहुंच गई है। इस हादसे में एक शख्स घायल हुआ है, जिसका अस्पताल में इलाज किया जा रहा है।

हादसे के बाद महाराष्ट्र के पर्यावरण मंत्री आदित्य ठाकरे घटनास्थल पर पहुंचे। आदित्य ठाकरे ने हादसे को लेकर कहा, "पहली नज़र में लगता है कि लिफ्ट ओवरलोडिंग की वजह से गिरी. एक शख्स के फंसने की आशंका है है। रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है।" 

बता दें कि घटना शाम 5 बजकर 45 मिनट पर हनुमान गली में बीडीडी चॉल के पास स्थित निर्माणाधीन इमारत में घटी। हादसे में घायल शख्स की हालत गंभीर बताई जा रही है।

पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक, इस घटना में घायल हुए छह लोगों में से एक को परेल के केईएम अस्पताल में मृत घोषित कर दिया गया। नगर निगम द्वारा संचालित नायर अस्पताल में तीन अन्य को मृत घोषित कर दिया गया। बीएमसी ने बताया कि इलाज के दौरान देर रात एक और शख्स ने दम तोड़ दिया।


वहीं, एक स्थानीय शख्श ने बताया कि उसने  सुरक्षा उपकरणों को लेकर कई बार सुपरवाइज़र समेत कई लोगों से शिकायत की लेकिन उसकी शिकायत की उन्होंने कोई परवाह नहीं की। चश्मदीद ने कहा कि ये मुंबई है, यहां सब मैनैज हो जाता है। ऐसे हादसों को छोटा बताया जाता है।


महाराष्ट्र में बारिश और बाढ़ से हालात हुए भयावह, अबतक NDRF ने 52 शव निकाले, 90 हजार को सुरक्षित जगह पहुंचाया

चार दिनों से हो रही मूसलधार बारिश के कारण बाढ़ग्रस्त पश्चिम महाराष्ट्र के तीन जिलों से 90,000 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। दूसरी ओर गुरुवार को कई स्थानों पर हुई भूस्खलन की घटनाओं में अब भी दर्जनों लोग लापता हैं।

मुम्बई: महाराष्ट्र में भारी बारिश और बाढ़ की वजह से जगह जगह हुए भूस्खलन की वजह से अबतक सैकड़ों लोगों की जान जा चुकी है। एनडीआरएफ ने अबतक 90 हजार लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया है और अबतक 52 लोगों के शव निकाला है। अभी भी दर्जनों लोग लापता बताए जा रहे हैं। वहीं, सूबे की  उद्धव सरकार ने कहा है कि वह सभी के पुनर्वास की समुचित व्यवस्था करेंगे।


चार दिनों से हो रही मूसलधार बारिश के कारण बाढ़ग्रस्त पश्चिम महाराष्ट्र के तीन जिलों से 90,000 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। दूसरी ओर गुरुवार को कई स्थानों पर हुई भूस्खलन की घटनाओं में अब भी दर्जनों लोग लापता हैं। 

राहत एवं बचाव में लगी एनडीआरएफ, एसडीआरएफ एवं नौसेना की टीमें उन्हें तलाशने में लगी हैं। एनडीआरएफ ने अब तक 52 शवों को निकाला है। भारी बारिश के कारण पश्चिम महाराष्ट्र के कोल्हापुर, सांगली एवं सतारा जिले बुरी तरह प्रभावित हुए हैं। 

सतारा जिला स्थित हिल स्टेशन महाबलेश्वर में पिछले चार दिनों में 1,859 मिमी. बारिश रिकार्ड की गई है। पश्चिम महाराष्ट्र एवं उससे सटे कोंकण क्षेत्र के अन्य हिस्सों में भी भारी बारिश हुई है।

कृष्णा और कोयना नदी उफान पर


इस क्षेत्र की दो प्रमुख नदियां कृष्णा एवं कोयना उफान पर हैं। इन नदियों का जलस्तर बढ़ने से कोल्हापुर, सांगली एवं सतारा में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है। इन जिलों के सैकड़ों गांव जलमग्न हैं। 

अब तक बाढ़ग्रस्त सांगली से 42,573, कोल्हापुर से 40,882 एवं सतारा से 734 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा चुका है। कोल्हापुर में पंचगंगा नदी के राजाराम बांध का जलस्तर कल के 56.3 फुट से कुछ नीचे आया है। लेकिन स्थिति अब भी गंभीर बनी हुई है। राज्य के जल आपूर्ति मंत्री जयंत पाटिल के अनुसार कर्नाटक ने अपने अलमाट्टी बांध से पानी छोड़ना शुरू कर दिया है। इससे कोल्हापुर में बाढ़ की स्थिति में एक-दो दिन में सुधार हो सकता है।

बता दें कि पश्चिम महाराष्ट्र से जल का बहाव कर्नाटक के अलमाट्टी बांध की ओर होता है। लोगों को बाढ़ से राहत दिलाने के लिए एनडीआरएफ की तीन और यूनिट एवं सेना की एक यूनिट कोल्हापुर पहुंच गई हैं। केंद्र की ओर से एनडीआरएफ की चार और टीमें कोल्हापुर पहुंच रही हैं। 

दूसरी ओर कोंकण एवं पश्चिम महाराष्ट्र के जिलों में बुधवार एवं गुरुवार को हुई भूस्खलन की घटनाओं में अब भी दर्जनों लोग लापता बताए जा रहे हैं। रत्नागिरी के खेड़ गांव में अभी 13, सतारा के आंबेघर में छह एवं रायगढ़ के तालिये गांव में 41 लोग लापता हैं। 

भूस्खलन से तालिये गांव ही सबसे ज्यादा प्रभावित रहा है। यहां अब तक 41 शव निकाले जा चुके हैं। आइएएनएस के अनुसार, महाराष्ट्र के नागरिक आपूर्ति मंत्री छगन भुजबल ने एलान किया कि राज्य सरकार बाढ़ प्रभावित इलाकों में लोगों को मुफ्त खाद्य सामग्री और केरोसिन मुहैया कराएगी।

सभी के समुचित पुनर्वास सुनिश्चित करेगी सरकार : सीएम उद्धव


सीएम उद्धव ठाकरे ने शनिवार को मुख्य सचिव सीताराम कुंटे एवं कुछ अन्य मंत्रियों के साथ तालिये गांव का दौरा किया। उन्होंने गांव के लोगों से कहा कि आपने बड़ी विपदा सही है। अब आप अपना ख्याल रखिए। बाकी सब सरकार पर छोड़ दीजिए। हम यह सुनिश्चित करेंगे कि प्रत्येक व्यक्ति का समुचित पुनर्वास हो और उसे हुए नुकसान की भरपाई की जा सके। 

बता दें कि राज्य की गृहनिर्माण संस्था म्हाडा की ओर से तालिये गांव के नष्ट हुए घरों को पुन: बसाने की घोषणा की गई है। प्रेट्र के अनुसार, ठाकरे ने कहा कि भूस्खलन की घटनाओं को देखते हुए राज्य सरकार पहाड़ी इलाके में रहने वाले लोगों को अन्य स्थानों पर स्थायी रूप से बसाने के लिए योजना बनाएगी।


महाराष्ट्र: सतारा जिले में भूस्खलन से 5 घर मलवे में दबे, 6 शव बरामद, कई लोगों के मलवे में दबे होने की खबर

सातारा पुलिस अधीक्षक अजय कुमार बंसल ने बताया कि स्थानीय पुलिस, निवासी और राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) द्वारा बचाव अभियान चलाया जा रहा है।

सतारा: महाराष्ट्र में भारी बारिश की वजह से नदियों में बाढ़ आई हुई है। कई क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति है रेल व्यवस्था से लेकर सड़क मार्ग तक सब बाधित हैं। भूस्खलन की वजह से सैकड़ों लोगों की अबतक मौत हो चुकी है। ताजा मामले में सतारा के एक गांव में भूस्खलन से 4 - 5 घर जमीन में दफन हो गए हैं। अबतक यहां से 6 लोगों के शव राहत एवं बचाव कार्य के दौरान निकाले जा चुके हैं। 8 लोगों की तलाश अभी भी जारी है।

जिला प्रशासन ने कहा कि पाटन तहसील में स्थित इस गांव में हुए भूस्खलन में कम से कम 16 लोगों के फंसे होने की आशंका हैं क्योंकि 4 से 5 घर मलबे में दफन हो गए हैं।
     
प्रशासन के एक अधिकारी ने बताया, ''हमने अंबेघर में तलाश एवं बचाव अभियान के दौरान अब तक 6 शव बरामद किए हैं।'' सातारा पुलिस अधीक्षक अजय कुमार बंसल ने बताया कि स्थानीय पुलिस, निवासी और राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) द्वारा बचाव अभियान चलाया जा रहा है।
     
इसी तहसील में दो अन्य गांवों - मीरगांव और धोखावले में भी भूस्खलन हुआ है जहां क्रमश: 12 और चार लोगों के फंसे होने की आशंका है। अधिकारियों ने बताया कि इन स्थानों पर भी बचाव अभियान जारी है। सातारा के जिलाधिकारी शेखर सिंह ने शुक्रवार को बताया था कि गुरुवार और शुक्रवार की दरम्यानी रात को हुए इन तीन भूस्खलनों में करीब 30 लोगों के फंसे होने का डर है।
     
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने शुक्रवार को सातारा के लिए नया 'रेड अलर्ट जारी कर महाराष्ट्र के इस पश्चिमी जिले के पर्वतीय 'घाट इलाकों में अगले 24 घंटे में “अत्यंत भारी वर्षा” का अनुमान व्यक्त किया था।


पेगासस जासूसी का डर! महाराष्ट्र की उद्धव सरकार का अपने अधिकारियों व कर्मचारियों के लिए आदेश, मोबाइल नहीं लैंडलाइन का करें इस्तेमाल

महाराष्ट्र सरकार द्वारा जारी किए गए आदेश के मुताबिक, कार्यालय में मोबाइल फोन का अंधाधुंध उपयोग सरकार की छवि को खराब करता है। इसमें कहा गया है कि अगर मोबाइल फोन का इस्तेमाल करना है तो टेक्स्ट मैसेज का ज्यादा इस्तेमाल करना चाहिए और इन उपकरणों के जरिए बातचीत कम से कम होनी चाहिए।

मुंबई: पेगासस जासूसी कांड को लेकर मचे बवाल के बीच महाराष्ट्र सरकार ने अपने कर्मचारियों और अधिकारियों के लिए एक अलग से ही फरमान जारी किया है। दरअसल, सरकार ने आदेश दिया है कि बेहद जरूरी होने पर ही मोबाइल का इस्तेमाल काम करने के दौरान किया जाए। जितना हो सके ज्यादा से ज्यादा वार्ता लैंडलाइन से ही की जाए।

महाराष्ट्र सरकार ने शुक्रवार को अपने कर्मचारियों से कहा कि वे कार्यालय समय के दौरान मोबाइल फोन का उपयोग कम से कम करें, यह कहते हुए कि लैंडलाइन फोन अधिक बेहतर हैं। सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी) द्वारा जारी एक आदेश में कहा गया है कि ऑफिशियल काम के लिए जरूरी होने पर ही मोबाइल फोन का इस्तेमाल किया जाना चाहिए। 

महाराष्ट्र सरकार द्वारा जारी किए गए आदेश के मुताबिक, कार्यालय में मोबाइल फोन का अंधाधुंध उपयोग सरकार की छवि को खराब करता है। इसमें कहा गया है कि अगर मोबाइल फोन का इस्तेमाल करना है तो टेक्स्ट मैसेज का ज्यादा इस्तेमाल करना चाहिए और इन उपकरणों के जरिए बातचीत कम से कम होनी चाहिए।

इतना ही नहीं सरकार ने कहा कि ऑफिस समय के दौरान मोबाइल उपकरणों के माध्यम से सोशल मीडिया का उपयोग सीमित होना चाहिए। आदेश में आगे कहा गया है कि मोबाइल फोन पर व्यक्तिगत कॉल का जवाब कार्यालय से बाहर निकलकर दिया जाना चाहिए। मोबाइल फोन पर बातचीत "विनम्र" होनी चाहिए और आसपास के लोगों को ध्यान में रखते हुए "कम आवाज में" होनी चाहिए। हालांकि, आदेश में इस बात का भी जिक्र किया गया है कि निर्वाचित प्रतिनिधियों और वरिष्ठ अधिकारियों के कॉल का जवाब बिना देर किए देना चाहिए।


महाराष्ट्र में बारिश और बाढ़ से भारी तबाही, दो दिन में 129 लोगों की मौत, PM-CM ने किया मुआवजे का एलान, राहत एवं बचाव कार्य जारी

महाराष्ट्र में भारी बारिश के बाद बाढ़ और भूस्खलन की घटनाओं की वजह से पिछले दो दिन में 129 लोगों की मौत हो चुकी है। आज मुंबई के नजदीक तटीय जिले रायगढ़ में एक गांव के नजदीक भूस्खलन होने के कारण अब तक 44 लोगों की मौत हो गई है।

नई दिल्ली: महाराष्ट्र में भारी बारिश के बाद बाढ़ और भूस्खलन की घटनाओं की वजह से पिछले दो दिन में 129 लोगों की मौत हो चुकी है। आज मुंबई के नजदीक तटीय जिले रायगढ़ में एक गांव के नजदीक भूस्खलन होने के कारण अब तक 44 लोगों की मौत हो गई है। 

पुलिस के मुताबिक महाड तहसील के तलाई गांव में हुए इस हादसे में मृतकों की संख्या बढ़ सकती है। बता दें कि महाराष्ट्र के कई हिस्सों में पिछले कई दिनों से लगातार बारिश हो रही है, जिसके कारण कई हादसे भी हो चुके हैं। वहीं, महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने स्थिति का जायजा लिया।


मुआवजे का एलान

राज्य के सीएम उद्धव ठाकरे ने ऐलान किया कि बाढ़ से संबंधित मौत को लेकर उनके परिजनों का 5 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी और घायलों का मुफ्त इलाज कराया जाएगा। वहीं, पीएम मोदी ने महाराष्ट्र के रायगढ़ में भूस्खलन के कारण जान गंवाने वालों के परिजनों के लिए मदद राशि का ऐलान किया है।

प्रधानमंत्री कार्यालय द्वारा साझा की गई जानकारी के मुताबिक, पीएम मोदी ने महाराष्ट्र के रायगढ़ में भूस्खलन के कारण जान गंवाने वालों के परिजनों के लिए पीएमएनआरएफ से प्रत्येक को 2-2 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है। घायलों को 50,000 रुपये दिए जाएंगे।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने जताया दुख

वहीं केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि महाराष्ट्र के रायगढ़ में भारी बारिश और भूस्खलन से हुआ हादसा बेहद दुखद है। मैंने इस संबंध में सीएम उद्धव ठाकरे और एनडीआरएफ के डीजी एसएन प्रधान से बात की है। एनडीआरएफ की टीमें राहत और बचाव कार्य में लगी हुई हैं। केंद्र वहां हर संभव मदद कर रहा है।


वहीं महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे ने कहा कि रायगढ़ के तलाई गांव में भूस्खलन से कई लोगों की जान चली गई है। कई जगहों पर रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। मैंने उन लोगों को निकालने और स्थानांतरित करने का आदेश दिया है जो उन क्षेत्रों में रह रहे हैं जहां भूस्खलन की संभावना है।


राहत एवं बचाव कार्य में जुटी एनडीआरएफ


भूस्खलन वाली जगह से अब तक कई शव बरामद किए गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि मलबे के नीचे और लोगों के फंसे होने की आशंका है। राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) की एक टीम मुंबई से करीब 160 किलोमीटर दूर महाड पहुंच चुकी है और राहत एवं बचाव कार्यों में जुट गई है। एक अन्य टीम के भी जल्द पहुंचने की संभावना है।


कई इलाकों में बाढ़


महाराष्ट्र के महाबलेश्वर और सतारा जिले के नवाजा में पिछले दो दिनों में हुई अत्यधिक भारी बारिश से राज्य के निकटवर्ती तटीय क्षेत्र के कुछ हिस्सों में, खासकर रत्नागिरि और रायगढ़ जिलों में बाढ़ आ गई है। कोंकण क्षेत्र के इन दो जिलों में कई स्थान पानी में डूबे हुए हैं और प्रशासन वहां फंसे हुए लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने के लिए कदम उठा रहा है।


भारी बारिश की आशंका

इस बीच पुणे में भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के वरिष्ठ वैज्ञानिक के एस होसलिकर ने कहा कि सतारा में लोकप्रिय पर्वतीय क्षेत्र महाबलेश्वर में 22 जुलाई को सुबह साढ़े आठ बजे से 23 जुलाई को देर रात एक बजे तक, करीब 17 घंटों में 483 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है।


महाराष्ट्र में बारिश और बाढ़ ने बरपाया कहर, महाड़ में भूस्खलन से 36 लोगों की मौत, PM-गृहमंत्री ने जताया दुःख

मुंबई से सटे रायगढ़ जिले के महाड में कुल तीन जगहों पर भूस्खलन हुआ है। तीनों ही जगहों पर भूस्खलन होने से कई घर दब गए हैं, जिसमें 36 लोगों की मौत हुई है।

मुम्बई: महाराष्ट्र  में भारी बारिश और नदियों में आई बाढ़ से लोगों की जिंदगी खतरे में आ गई है। कई जहगों पर लोगों के फंसे होने की सूचना है। इस बीच मुंबई से सटे रायगढ़ जिले के महाड में कुल तीन जगहों पर भूस्खलन हुआ है। तीनों ही जगहों पर भूस्खलन होने से कई घर दब गए हैं, जिसमें 36 लोगों की मौत हुई है। यहां के तलई  में 32 लोगों की मौत हुई है और साखर सुतार वाड़ी में चार लोगों की मौत हुई है। दोनों जगहों पर करीब 15 लोगों को बचाया गया है। वहीं 30-35 लोगों की अभी भी तलाश जारी है।


मिली जानकारीबके मुताबिक, महाड में सावित्री नदी खतरे के निशान से ऊपर बहकर सब कुछ डुबा रही है। महाड और खेड में NDRF और कोस्टगार्ड की मदद ली जा रही थी और अब बचाव के लिए नौसेना की टीम भी मदद कर रही है।

महाड से थोड़ा पहले दासगांव, टोल नाके के पास नौसेना की टीम अपने साथ लाए बोट पानी में उतारकर मदद कर रही है। इसके आगे सड़क पर भी पानी भरा है।
वहीं फिलहाल रातभर से बारिश रुकी होने की वजह से रत्नागिरी के खेड़ में जहां बाढ़ का पानी जमा हुआ था वह अब उतरने लगा  है।


 चिपलूण में अब भी पानी भरा है। हजारों लोग अब भी फंसे हैं। उनके रिश्तेदार जो चिपलूण से बाहर हैं, वे सोशल मीडिया के जरिये अपनों को वहां से सुरक्षित निकालने की गुहार लगा रहे हैं। इगतपुरी में कसारा घाट पर चट्टान खिसकने और  तेज बारिश से मध्य रेल की पटरी तक बह गई, मुंबई से सटे कल्याण और भिवंडी को भी बारिश के पानी ने अपनी आगोश में ले लिया।

इसके अलावा सांगली में भी  कृष्णा नदी में भी पानी तेजी से भर रहा है। नदी का पानी खतरे के निशान के करीब कभी भी पहुंच सकता है इसलिए आसपास के इलाकों में लोगों को घर खाली कर सुरक्षित जाने की चेतावनी दी गई है।

पीएम मोदी और गृहमंत्री अमित शाह ने जताया दुख


रायगढ़ में हुए 36 लोगों की मौत पर पीएम मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने दुख जताया। पीएम मोदी ने हादसे पर दुख जताया और पीएमओ ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महाराष्ट्र के रायगढ़ में भूस्खलन के कारण जान गंवाने वालों प्रत्येक लोगों के परिजनों के लिए PMNRF से  2-2 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है। घायलों को 50,000 रुपये दिए जाएंगे।


गृहमंत्री अमित शाह ने कहा, 'महाराष्ट्र के रायगढ़ में भारी बारिश, भूस्खलन से हुआ हादसा अत्यंत दुःखद है। इस संबंध में मैंने CM श्री उद्धव ठाकरे और DG एनडीआरएफ से बात की है। NDRF टामें राहत व बचाव कार्यों में जुटी हैं। केंद्र सरकार लोगों की जान बचाने के लिए वहाँ हर सम्भव मदद पहुँचा रही है।


महाराष्ट्र में भारी बारिश से बिगड़े हालात, कोंकण रेल सेवा प्रभावित होने से लगभग 6 हजार रेल यात्री फंसे, PM मोदी ने CM उद्धव से की बात

इस बीच पीएम नरेन्द्र मोदी ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे से गुरूवार की रात बात की और राज्य में भारी बारिश और बाढ़ से बने हालात पर चर्चा की। पीएम मोदी ने ट्वीट करते हुए कि केन्द्र की तरफ से हर संभव मदद का आश्वासन दिया गया है।

मुंबई: महाराष्ट्र में भारी बारिश की वजह से स्थिति भयावह हो गई है। वहीं, भारी बारिश को देखते हुए सेंट्रल रेलवे ने 48 ट्रेनें रद्द कर दी हैं। इतना ही नहीं 33 ट्रेनों का रूट बदला गया है और 51 ट्रेनों के सफर को छोटा कर दिया गया है। इस बीच मौसम विभाग ने महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। दूसरी तरफ खबर है कि भारी बारिश और नदियों में उफान आने से कोंकण रेलवे मार्ग पर ट्रेन सेवांए प्रभावित हुई और करीब छह हजार यात्री फंस गए। भारी बारिश की वजह से मुंबई सहित राज्य के कई अन्य हिस्सों में रेल और सड़क यातायात प्रभावित हुआ है। इसकी वजह से अधिकारियों को बचाव कार्य में प्रशासन की मदद के लिए एनडीआरएफ को बुलानी पड़ी है।

इस बीच पीएम नरेन्द्र मोदी ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे से गुरूवार की रात बात की और राज्य में भारी बारिश और बाढ़ से बने हालात पर चर्चा की। पीएम मोदी ने ट्वीट करते हुए कि केन्द्र की तरफ से हर संभव मदद का आश्वासन दिया गया है। बता दें कि कोंकण रेलवे मार्ग प्रभावित होने की वजह से अबतक नौ रेलगाड़ियों का मार्ग परिवर्तन किया गया है या रद्द किया गया है या उनके मार्ग को छोटा किया गया है। भारी बारिश की वजह से कोंकण क्षेत्र की प्रमुख नदियां रत्नागिरि और रायगढ़ जिले में नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं और सरकारी अमला प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने में जुटा है। मुख्यमंत्री कार्यालय के मुताबिक मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने लगातार हो रही बारिश से इन दो तटीय जिलों में उत्पन्न स्थिति की समीक्षा की है। वहीं भारत मौसम विभाग (आईएमडी) ने तटीय क्षेत्रों के लिए अगले तीन दिन तक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।

अधिकारियों को सतर्क रहने के आदेश

सीएम उद्धव ने अधिकारियों को सतर्क रहने और नदियों के जलस्तर पर नजर रखने एवं लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का निर्देश दिया है। कोंकण रेलवे अधिकारियों ने बताया कि मार्ग पर व्यवधान के कारण नौ ट्रेनों के मार्ग में बदलाव किया गया, उन्हें गंतव्य से पहले रोका गया है या रद्द कर दिया गया है। कोंकण रेलवे के अधिकारियों ने बताया कि ये ट्रेनें अलग-अलग स्टेशनों पर सुरक्षित स्थानों पर हैं और उनके अंदर मौजूद यात्री भी सुरक्षित हैं। उन्हें खाने-पीने का सामान मुहैया कराया जा रहा है। अधिकारी ने बताया कि भारी बारिश के कारण रत्नागिरि में चिपलून और कामठे स्टेशन के बीच वशिष्ठी नदी पुल का जलस्तर खतरे के निशान को पार कर गया है। सीएम उद्धव ने कहा, ‘ यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए इस खंड पर ट्रेन सेवाएं अस्थायी तौर पर निलंबित कर दी गई हैं।’

लगभग 6 हजार यात्रियों के फंसे होने की सूचना

रेलवे अधिकारियों के अनुसार, कोंकण रेल मार्ग पर 5,500-6,000 यात्री ट्रेनों में फंस गए हैं। कोंकण रेलवे का मुंबई के पास रोहा से मंगलुरु के पास स्थित थोकुर तक 756 किलोमीटर लंबा रेल मार्ग है। महाराष्ट्र, गोवा और कर्नाटक मार्ग चुनौतीपूर्ण क्षेत्रों में से एक हैं, क्योंकि यहां कई कई नदियां, घाटियां और पहाड़ हैं। कोंकण रेलवे द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार चिपलून में बाढ़ की स्थिति के कारण नौ ट्रेनों के मार्ग में बदलाव किया गया, उन्हें गंतव्य से पहले रोका गया है या रद्द कर दिया गया है। इनमें से दादर-सावंतवाडी स्पेशल ट्रेन को चिपलून स्टेशन और सीएसएमटी-मडगांव जनशताब्दी स्पेशल ट्रेन को खेड़ स्टेशन की ओर मोड़ दिया गया है।

कोंकण रेलवे के प्रवक्ता गिरीश करंदीकर ने बताया कि इन ट्रेनों में सवार यात्री सुरक्षित हैं। तमाम परेशानियों के बावजूद कोंकण रेलवे यात्रियों को खाने-पीने का सामान मुहैया कराया जा रहा है। करंदीकर ने कहा, ‘‘ हमने सभी फंसे हुए यात्रियों को चाय, नाश्ता और पेयजल मुहैया कराने की व्यवस्था की है।’’

कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं

बता दें कि जगबुड़ी, वशिष्ठी, कोडावली, शस्त्री, बाव समेत रत्नागिरी जिले की प्रमुख नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। इसके परिणामस्वरूप खेड़, चिपलून, लांजा, राजापुर, संगमेश्वर कस्बे और आस-पास के इलाके प्रभावित हुए हैं और इन इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। सीएमओ के वक्तव्य के अनुसार पड़ोसी रायगढ़ जिले में भी इसी प्रकार कुंडलिका, अंबा, सावित्री, पातालगंगा, गढ़ी, उल्हास सहित प्रमुख नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। समीक्षा बैठक के दौरान ठाकरे ने बताया कि भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने अगले तीन दिनों तक इस क्षेत्र में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है।

सतारा में जमकर हूई बारिश

इस बीच, सीएमओ ने कहा कि सतारा जिले के लोकप्रिय हिल स्टेशन महाबलेश्वर में बीते 24 घंटे में 480 मिमी बारिश हुई है, जिससे सावित्री और अन्य नदियों का जलस्तर बढ़ रहा है। रेलवे के अधिकारियों के मुताबिक बुधवार को रात सवा दस बजे मध्य रेलवे ने मुंबई से 120 किलोमीटर दूर कसारा के पास अंबरमाली स्टेशन के पास पटरियों पर बहुत ज्यादा पानी भर जाने और कसारा घाट पर पत्थर टूटकर गिरने की घटनाओं के बाद टिटवाला और इगतपुरी रेल खंड के बीच मध्य रेलवे ने यातायात निलंबित कर दिया।


उन्होंने बताया कि बाद में देर रात 12 बजकर 20 मिनट पर मध्य रेलवे ने मुंबई से करीब 90 किलोमीटर दूर स्थित वंगानी स्टेशन के पास बाढ़ आने और खंडाला घाट खंड में कुछ पत्थरों के गिरने के बाद अंबरनाथ और लोनावला के बीच यातायात रोक दिया। हालांकि, इस मार्ग को बृहस्पतिवार दोपहर को 17 घंटे के बाद बहाल कर दिया गया। मध्य रेलवे के मुख्य प्रवक्ता शिवाजी सुतार ने बताया कि लंबी दूरी की ट्रेनों को बहाल करने में कुछ समय लगेगा और फंसे हुए यात्रियों को उनके गंतव्यों तक पहुंचाने के लिए बसों की व्यवस्था की गई है। उन्होंने बताया कि छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस से कसारा के बीच रेल खंड को बृहस्पतिवार अपराह्न तीन बजे बहाल कर दिया गया।


उन्होंने बताया कि पूरी रात हुई बारिश की वजह से कसारा से इगतपुरी के 14 किलोमीटर लंबे पहाड़ी इलाके में छह स्थानों पर भूस्खलन और पटरी पर चट्टाने गिरने की घटनाएं होने की सूचना मिली। मुंबई से उत्तर और पूर्वी भारत रेलगाड़ियों कसारा घाट से होकर जाती हैं। सुतार के मुताबिक कसारा घाट मार्ग में फंसी तीन रेलगाड़ियों को इगतपुरी ले जाया गया है। इन यात्रियों के लिए मध्य रेलवे ने एमएसआरटीसी की बसों की व्यवस्था की है। अधिकारियों ने बताया कि कोल्हापुर जिले में पिछले दो दिनों से लगातार बारिश से कई राज्य राजमार्गों के कुछ हिस्सों पर पानी भरने की समस्या पैदा हो गई और उसे यातायात के लिए बंद करना पड़ा।


उन्होंने बताया कि बृहस्पतिवार सुबह आठ बजे तक पिछले 24 घंटे में पश्चिमी महाराष्ट्र के इस जिले में रिकॉर्ड स्तर पर 93 मिमी बारिश दर्ज की गई। जिला आपदा प्रबंधन प्रकोष्ठ ने बताया कि कोल्हापुर की पंचगंगा नदी में राजाराम बांध में जलस्तर ‘चेतावनी’ के स्तर को पार कर गया। उन्होंने बताया, ‘‘ तीन जिला सड़कों को बंद करना पड़ा क्योंकि इसके कई हिस्से जलमग्न हो गए। कई ग्रामीण इलाकों में पुल के ऊपर से पानी बह रहा है और ऐसे में यहां यातायात गतिविधियां बंद हैं। जिले से गुजरने वाले कुछ राज्य राजमार्ग पर भी यातायात प्रभावित है।’’


इलाके में स्थिति विभिन्न बांधों के जलग्रहण क्षेत्र में गत 48 घंटे से भारी बारिश हो रही है जिसकी वजह से ये जलाशय भर गए हैं। राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) ने पहले कहा था कि नौ बचाव दलों को महाराष्ट्र भेजा गया है, जिनमें से दो कोल्हापुर जिले में भेजा गया है। इनमें से बाढ़ संभावित शिरोल तहसील में बचाव या एहतियाती तौर पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का काम करेंगे। वहीं अन्य दल कोल्हापुर शहर में बचाव कार्य के लिए तैनात रहेगा।

NDRF की टीमें तैनात

मुंबई के पड़ोसी ठाणे और पालघर और कोंकण के कई जिलों में गत कुछ दिनों से भारी जारी है। भीषण बारिश के कारण कई स्थानों पर पानी भर गया, कुछ स्थानों पर ट्रेन सेवाएं प्रभावित हुईं और कुछ गांव पूरी तरह डूब गए। कई नदियां कुछ स्थानों पर खतरे के निशान के ऊपर बह रही हैं। एनडीआरएफ की तरफ से जारी एक आधिकारिक बयान में कहा गया कि उसकी चार टीमों को मुंबई, और एक-एक टीम को ठाणे और पालघर जिलों में तैनात किया गया है। एक टीम दोपहर बाद रत्नागिरि जिले के चिपलुन नगर पहुंचेगी।

ठाणे में कुछ गांव पानी में डूबे

ठाणे जिले के सहापुर तालुका के कुछ गांव डूब गए हैं और स्थानीय अधिकारी एनडीआरएफ की मदद से वहां फंसे सैककड़ों लोगों का निकालने की कोशिश कर रही है। जलजमाव की घटनाओं से ठाणे जिले के मुंब्रा, भिवंडी, टिटवाला और कसारा इलाकों से लोगों के फंसने की जानकारी मिली है। अधिकारियों ने बताया कि वसई, विरार और पालघर में अन्य स्थानों पर बाढ़ आई है लेकिन अब तक किसी की जान जाने की सूचना नहीं है।


ठाणे जिले के कसारा और टिटवाला में भी कुछ लोग बाढ़ में फंस गए थे जिन्हें निकालकर जिला परिषद के स्कूलों में ठहराया गया है। ठाणे के क्षेत्रीय आपदा प्रबंधन प्रकोष्ठ के प्रमुख संतोष कदम ने बताया कि उन्हें शहर में पेड़ गिरने की मामलों की जानकारी देने के लिए 34 कॉल आए, लेकिन घटनाओं में कोई घायल नहीं हुआ। गणेश नगर में तड़के कुछ घरों में पानी घुस गया और बाद में आपदा मोचन दलों द्वारा लगभग 40 लोगों को वहां से बचाया गया।

नासिक-जवाहर मार्ग बंद

पालघर कलेक्टर के डॉ। माणिक गुरसाल ने एक संदेश में कहा कि भूस्खलन के बाद नासिक-जवाहर मार्ग बंद कर दिया गया था। इसके बृहस्पतिवार शाम तक परिचालन फिर से शुरू होने की संभावना है। उन्होंने लोगों से त्रंबक-देवगांव-खोडाला मार्ग का इस्तेमाल करने की अपील भी की।


वसूली कांड: अनिल देशमुख के नागपुर में पुश्तैनी घरों पर ED ने की छापेमारी

रविवार सुबह करीब 7 बजे ईडी के 6 कर्मी सीआरपीएफ जवानों की एक टीम के साथ देशमुख के दोनों घरों पर पहुंचे और तलाशी अभियान शुरू किया। सीआरपीएफ ने देशमुख के घर को हर तरफ से घेर लिया था।

नागपुर: वसूली कांड में फंसे महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्यवाई की। ईडी ने उनके नागपुर में स्थिति पुश्तैनी घरों पर छापेमारी की। उनके नागपुर जिले के वधविहिरा और कटोल इलाकों में स्थित उनके घर ईडी द्वारा छापेमारी की गई है। बता दें कि इससे कुछ दिन पहले ही ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग केस में एनसीपी नेता देशमुख की 4.20 करोड़ रुपये की संपत्ति को कुर्क किया था।

मिली जानकारी के मुताबिक, रविवार सुबह करीब 7 बजे ईडी के 6 कर्मी सीआरपीएफ जवानों की एक टीम के साथ देशमुख के दोनों घरों पर पहुंचे और तलाशी अभियान शुरू किया। सीआरपीएफ ने देशमुख के घर को हर तरफ से घेर लिया था।

बताते चलें कि दो दिन पहले ही शुक्रवार को, देशमुख के नाम पर मुंबई के वर्ली में एक फ्लैट और कुछ अन्य संपत्तियों को भी ईडी ने कुर्क किया था। ईडी ने सवाल-जवाब के लिए अनिल देशमुख की पत्नी आरती देशमुख को भी समन जारी किया है। 

गौरतलब है कि मुंबई पुलिस के पूर्व कमिशनर परमबीर सिंह ने आरोप लगाए थे कि अनिल देशमुख ने सस्पेंडेड पुलिस अधिकारी सचिन वाझे और कुछ अन्य पुलिसकर्मियों से हर महीने मुंबई के बार और रेस्तरां से 100 करोड़ रुपये की उगाही करने को कहा था।


मुंबई: दीवार गिरने से 18 लोगों की मौत, PM ने जताया दुख, 2 लाख के मुआवजे का ऐलान

हादसे को लेकर पीएम मोदी ने दुख जताया है। वहीं, सरकार ने मृतकों के प्रत्येक परिजनों को दो लाख बतौर मुआवजा देने का एलान किया है।

मुंबाई: भारी बारिश की वजह से अब हादसे भी हो रहे हैं। चेंबूरी में दीवार गिरने और विक्रोली में घर गिर जाने की वजह से अबतक 18 लोंगों की मौत हो चुकी है। मौके पर राहत एवं बचाव कार्य जारी है। वहीं, इन हादसों में कई लोगों के घायल होने की भी खबर हैं। हादसे को लेकर पीएम मोदी ने दुख जताया है। वहीं, सरकार ने मृतकों के प्रत्येक परिजनों को दो लाख बतौर मुआवजा देने का एलान किया है।

मिली जानकारी के मुताबिक, मुंबई में बीते तीन दिनों से भारी बारिश के चलते शहर के निचले इलाकों में पानी भर गया है। महानगर के चेंबूर इलाके के भारत नगर में रविवार सुबह एक दीवार के गिर जाने से बड़ा हादसा हुआ है। दीवार के ढहने से आस-पास के कई घरों को नुकसान पहुंचा है और मलबे में दबने से अब तक 11 लोगों की मौत हो गयी है। उधर विक्रोली में भी एक मंजिला घर गिरने से 3 लोगों की मौत हो गई है। यहां भी रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है।

चेंबूर में NDRF की टीम मौके पर मौजूद है और रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। NDRF के मुताबिक 16 लोगों को निकाला जा चुका है लेकिन अभी और भी लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका है। बारिश अभी भी भी जारी है जिसके चलते बचाव कार्य में काफी परेशानियां आ रही हैं। मिली जानकारी के मुताबिक दीवार लैंडस्लाइड के कारण गिरी है। भारी बारिश के बाद इस इलाके में पहले भी लैंडस्लाइड की घटनाएं सामने आई हैं। 



कई इलाकों में भरा पानी

भारी बारिश की वजह से मुंबई के कई इलाकों में पानी भर गया है और जन जीवन अस्त व्यस्त हो गया है। मुंबई और उसके आस-पास के इलाकों में बीते गुरुवार से ही तेज बारिश हो रही है। कांदिवली पूर्व और बोरीवली पूर्व में भी बाढ़ के हालत बने हुए हैं। रात से ही हो रही लगातार भारी बारिश के बाद मुंबई के दहिसर इलाके में पानी भर गया और मुलुंड से सायन तक ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे पर भारी ट्रैफिक जाम लगा हुआ है।

दूसरी तरफ, गांधी मार्केट इलाके में भी काफी पानी भर गया है जिससे आने-जाने में काफी परेशानी हो रही है इसके अलावा सियोन रेलवे स्टेशन का रेलवे ट्रैक पूरी तरह से पानी से भर गया है। सियोन इलाके में मुख्य मार्ग पर कमर तक पानी भर आया है। मौसम विभाग के मुताबिक मुंबई में आज भी बारिश जारी रहेगी और कई इलाकों में भारी बारिश की संभावना भी है।


महाराष्ट्र: संसद के मानसून सत्र से पहले NCP चीफ शरद पवार ने सीएम उद्धव से की मुलाकात

यह बैठक दक्षिण मुंबई में मुख्यमंत्री के आधिकारिक आवास 'वर्षा' में हुई।

मुम्बई: मानसून सत्र शुरू होने से पहले आज एनसीपी चीफ शरद पवार से महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे ने मुलाकात की। यह बैठक दक्षिण मुंबई में मुख्यमंत्री के आधिकारिक आवास 'वर्षा' में हुई। 

पवार राज्यसभा सदस्य हैं और उनकी पार्टी राज्य में सत्तारूढ़ महा विकास आघाडी गठबंधन की एक प्रमुख घटक है। शिवसेना नेता ठाकरे इसकी अगुवाई कर रहे हैं। कांग्रेस गठबंधन में शामिल तीसरी पार्टी है।


बता दें कि संसद का मानसून सत्र 19 जुलाई से शुरू होकर 13 अगस्त तक चलेगा। राज्य सरकार ने मांग की है कि स्थानीय निकायों में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के लिए राजनीतिक कोटा बहाल करने और नौकरियों और शिक्षा में मराठों के आरक्षण के लिए 50 प्रतिशत की सीमा में छूट की खातिर केंद्र हस्तक्षेप करे। राज्य सरकार ने महाराष्ट्र में टीकाकरण अभियान में तेजी के लिए हर महीने केंद्र से तीन करोड़ कोविड टीके भी मांगे हैं।


अघाड़ी सरकार में सबकुछ ठीक नहीं

हाल ही में कांग्रेस नेता नाना पटोले ने सीएम उद्धव ठाकरे सरकार पर टिप्पणी की थी। नाना पटोले ने कहा था कि शिवसेना के साथ गठबंधन की "एक्सपायरी डेट" आ चुका है और अगले विधानसभा चुनावों में उद्धव ठाकरे की पार्टी अकेले उड़ान भरेगी।

वहीं, ठाकरे ने सहयोगी पार्टी कांग्रेस की आलोचना करते हुए कहा था कि जो लोगों की समस्याओं का हल किये बिना अकेले चुनाव लड़ने की बात करेंगे, उन्हें लोग जूतों से मारेंगे।


वसूली कांड: महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख की बढ़ सकती हैं मुसीबते, ED दर्ज करेगी सचिन वाझे बयान, कोर्ट से मिली इजाजत

ईडी ने विशेष एनआईए अदालत से वाजे से पूछताछ की अनुमति मांगते हुए कहा था कि वह अपराध शाखा के पूर्व सहायक पुलिस निरीक्षक को पलांडे और शिंदे के सामने बैठाकर सवाल-जवाब करना चाहती है।

मुंबई: वसूली कांड में महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख की मुसीबतें बढ़ने वाली हैं। दरअसल, ईडी को कोर्ट ने इस बात की इजाजत दे दी है कि वह मुंबई पुलिस के बर्खास्त पुलिस अधिकारी सचिन वाझे से पूछताछ करने और बयान दर्ज करने की इजाजत दे दी।

ईडी ने विशेष एनआईए अदालत से वाजे से पूछताछ की अनुमति मांगते हुए कहा था कि वह अपराध शाखा के पूर्व सहायक पुलिस निरीक्षक को पलांडे और शिंदे के सामने बैठाकर सवाल-जवाब करना चाहती है।

ईडी से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, अब तलोजा जेल में सचिन वाझे का बयान जल्द ही ईडी दर्ज कराएगी और वसूली कांड की गुत्थी को सुलझाएगी। बताते चलें कि एनआईए ने सचिन वाझे को दक्षिण मुंबई में उद्योगपति मुकेश अंबानी के आवास के पास विस्फोटकों से भरी एक एसयूवी मिलने और व्यवसायी मनसुख हिरन की हत्या के मामले में गिरफ्तार किया था। वाझे अभी न्यायिक हिरासत में हैं। उन्हें नवी मुंबई की तलोजा जेल में रखा गया है। 

ईडी ने एनसीपी नेता के खिलाफ धनशोधन मामले में अब तक देशमुख के दो सहयोगियों (निजी सचिव संजीव पलांडे और निजी सहायक कुंदन शिंदे) को गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसी ने दावा किया है कि पूछताछ में संजीव और कुंदन ने कबूल किया है कि वाझे ने मुंबई में ऑर्केस्ट्रा बार मालिकों से 4.70 करोड़ रुपये वसूले थे। यह रकम शिंदे को दो किस्तों में सौंपी गई थी।

बता दें कि सचिन वाझे गिरफ्तारी के बाद मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह को उनके पद से हटा दिया गया था। परमवीर सिंह ने सीएम उद्धव ठाकरे को लिखे पत्र में आरोप लगाया था कि अनिल देशमुख ने महाराष्ट्र के गृहमंत्री पद पर रहते हुए वाजे को मुंबई के बार और रेस्तरां से हर महीने 100 करोड़ रुपये से अधिक की उगाही करने का निर्देश दिया था।

परमवीर सिंह के आरोपों के संदर्भ में बंबई उच्च न्यायालय के आदेश पर सीबीआई ने प्रारंभिक जांच की। इसके बाद ईडी ने देशमुख और अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया था।


महाराष्ट्र: फडणवीस के कार्यकाल में हुई फोन टैपिंग की जांच कराएगी ठाकरे सरकार

महाराष्ट्र विधानमंडल के सिर्फ दो दिवसीय मानसून सत्र के दूसरे दिन प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले ने फोन टैपिंग का मुद्दा उठाते हुए कहा कि 2016-17 में विधायकों-सांसदों के फोन टैप किए जाते थे।

मुंबई: महाराष्ट्र की उद्धव सरकार अब पूर्ववर्ती देवेंद्र फडणवीस सरकार द्वारा प्रमुख व्यक्तियों की फोन टैपिंग मामले की जांच कराएगी। इस बाबत मंगलवार को गृहमंत्री दिलीप वलसे पाटिल ने महाराष्ट्र विधानसभा में आदेश दे दिए हैं। 


बता दें कि मंगलवार को महाराष्ट्र विधानमंडल के सिर्फ दो दिवसीय मानसून सत्र के दूसरे दिन प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले ने फोन टैपिंग का मुद्दा उठाते हुए कहा कि 2016-17 में विधायकों-सांसदों के फोन टैप किए जाते थे। 


पटोले का आरोप है कि उस दौरान समाज के लिए घातक लोगों के फोन टैप करने के नाम पर सांसदों-विधायकों के फोन टैप किए जाते थे। इसी कड़ी में मेरा नंबर ‘अमजद खान’ के नाम से टैप किया गया। पटोले ने सवाल उठाया कि यह फोन टैपिंग किसके आदेश पर की जाती रही है ? इसका सूत्रधार कौन था ? पटोले इन सवालों के साथ पूरे प्रकरण की जांच कराने की मांग सदन में उठाई।

पटोले के सवाल पर गृहमंत्री दिलीप वलसे पाटिल ने इस पूरे प्रकरण की जांच के आदेश देते हुए कहा कि फोन टैपिंग एक गंभीर मामला है। इसका आदेश आसानी से नहीं दिया जाना चाहिए। पाटिल के अनुसार वह बुधवार को उच्च अधिकारियों के साथ बैठक कर इस पर चर्चा करेंगे।


महाराष्ट्र विधानसभा में हंगामा, विपक्षी विधायकों ने की स्पीकर से गाली गलौज, बीजेपी के 12 विधायक किए गए सस्पेंड

कार्यवाहक स्पीकर भास्कर जाधव के मुताबिक, जब सदन स्थगित हुआ तो बीजेपी के नेता मेरे केबिन में आए और विपक्ष के नेता देवेंद्र फडणवीस और वरिष्ठ नेता चंद्रकांत पाटिल के सामने मुझे गालियां दीं।

मुंबई: महाराष्ट्र विधानसभा के मानसून सत्र में आज ओबीसी आरक्षण पर बीजेपी विधायकों ने जमकर हंगामा काटा। इतना ही नहीं देखते ही देखते बीजेपी के विधायक गाली गलौच पर भी उतारू हो गए और स्पीकर की कुर्सी पर विराजमान भाष्कर जाधव के साथ अर्मादित व्यवहार करने लगे। पहले तो उन्हें स्पीकर द्वारा कई बार समझाया गया और ऐसा व्यवहार नहीं करने को कहा गया लेकिन जब बीजेपी विधायक नहीं माने तो स्पीकर ने 12 बीजेपी विधायकों को सस्पेंड कर दिया।

कार्यवाहक स्पीकर भास्कर जाधव ने सदन को समझाया कि जब सदन स्थगित हुआ तो बीजेपी के नेता मेरे केबिन में आए और विपक्ष के नेता देवेंद्र फडणवीस और वरिष्ठ नेता चंद्रकांत पाटिल के सामने मुझे गालियां दीं। कार्यवाहक स्पीकर भास्कर जाधव ने संसदीय मामलों के मंत्री से इस मुद्दे की जांच करने के लिए कहा है।

विपक्षियों ने लगाया जाधव पर गाली गलौच करन के आरोप

विपक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि कार्यवाहक स्पीकर भाष्कर जाधव ने विपक्षी दलों के नेता को भी गाली दी। विपक्ष का आरोप है कि कार्यवाहक स्पीकर भास्कर जाधव ने बोलने के लिए पर्याप्त समय नहीं दिया। विपक्ष ने कार्यवाही का बहिष्कार किया।

क्यों हुआ ये सब

दरअसल, विधानसभा ने सोमवार को एक प्रस्ताव पारित किया, जिसमें केंद्र से 2011 की जनगणना के आंकड़े उपलब कराने का अनुरोध किया गया ताकि राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग को ओबीसी आबादी का डेटा तैयार करने में सक्षम बनाया जा सके, ताकि स्थानीय निकायों में राजनीतिक बहाल किया जा सके। एनसीपी नेता और राज्य के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री छगन भुजबल द्वारा पेश किए गए प्रस्ताव को भाजपा के सदस्यों के हंगामे के बीच ध्वनि मत से पारित कर दिया गया। इस दौराना भाजपा सदस्य सदन के वेल में आ गए और राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। विपक्ष के नेता देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि प्रस्ताव राजनीति से प्रेरित है।

शिवसेना-NCP ने बीजेपी पर लगाए गंभीर आरोप


शिवसेना नेता सुनील प्रभु और एनसीपी नेता नवाब मलिक ने आरोप लगाया कि भाजपा सदस्यों ने कार्यवाहक स्पीकर के साथ दुर्व्यवहार किया और अध्यक्ष के कक्ष में उनके साथ मारपीट की। उन्होंने कहा कि उनके खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। इसके बाद डिप्टी स्पीकर नरहरि जिरवाल ने सदन को 15 मिनट के लिए स्थगित कर दिया।


शिवसेना कभी भी हमारी दुश्मन नहीं थी: देवेंद्र फडणवीस

देवेंद्र फडणवीस ने कहा, 'हम (शिवसेना और बीजेपी) कभी दुश्मन नहीं रहे। वे हमारे दोस्त थे और जिन लोगों के खिलाफ उन्होंने लड़ाई लड़ी, उन्होंने उनके साथ मिलकर सरकार बनाई और उन्होंने हमें छोड़ दिया। राजनीति में अगर-मगर नहीं होता। मौजूदा परिस्थितियों के अनुसार निर्णय लिए जाते हैं।'

मुंबई: महाराष्ट्र में अपने पूर्व सहयोगी शिवसेना के प्रति बीजेपी का एक बार फिर से प्रेम उमड़ा है। दरअसल, महाराष्ट्र के पूर्व सीएम देवेंद्र फडवीस ने यह कहकर सबको चौंका दिया कि शिवसेना उनकी दुश्मन नहीं है। जब एक पत्रकार ने उनसे पूछा कि क्या दोनों दलों के फिर से साथ आने की संभावना है तो उन्होंने जवाब देते हुए कहा कि स्थिति को देखते हुए उचित निर्णय लिया जाएगा।

पत्रकारों के सवालों का जवाब में देवेंद्र फडणवीस ने कहा, 'हम (शिवसेना और बीजेपी) कभी दुश्मन नहीं रहे। वे हमारे दोस्त थे और जिन लोगों के खिलाफ उन्होंने लड़ाई लड़ी, उन्होंने उनके साथ मिलकर सरकार बनाई और उन्होंने हमें छोड़ दिया। राजनीति में अगर-मगर नहीं होता। मौजूदा परिस्थितियों के अनुसार निर्णय लिए जाते हैं।'

बता दें कि पिछले महीने सीएम उद्धव ठाकरे ने दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की थी। दोनों के बीच कुछ मिनट अकेले हुई बातचीत ने सियासी गलियारे में तरह-तरह की खबरों की सुगबुगाहट पैदा कर दी। ठाकरे ने मीडिया को बताया कि उनके बीच मराठा आरक्षण के मुद्दे पर बातचीत हुई। बहरहाल, देवेंद्र फडसवीस के इस बयान के क्या मायने हैं और उन्होंने ऐसा क्यों कहा यह तो आने वाले समय में ही पता चलेगा।

हालांकि, बीजेपी से नजदीकियों की खबरों को दरकिनार करते हुए शिवसेना नेता संजय राउत ने कहा था, 'जितनी अफवाहें फैलेंगी, महा विकास अघाड़ी गठबंधन और मजबूत होगा। हमारे कुछ राजनैतिक और वैचारिक मतभेद जरूर हैं लेकिन अगर हम किसी पब्लिक फंक्शन में एक-दूसरे के सामने आ जाते हैं तो जरूर मिलते हैं।'


वसूली कांड: ED की कार्रवाई से बचने के लिए SC की शरण में महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख

ईडी ने महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख और अन्य के खिलाफ चल रहे मनी लांड्रिंग मामले की जांच के तहत ताजा समन जारी किया है। जांच एजेंसी ने देशमुख को पांच जुलाई को अपने समक्ष पेश होने को कहा है।

नई दिल्ली: मनी लॉंड्रिंग केस में ईडी द्वारा की जा रही कार्रवाई से बचने के लिए महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख ने अब सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। बता दें कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शनिवार को इस मामले में देशमुख को 5 जुलाई को पेश होने के लिए नया समन जारी किया था। इससे पहले ईडी द्वारा दो समन अनिल देशमुख को जारी किया जा चुका है लेकिन वह ईडी के सामने उपस्थित नहीं हुए।

एजेंसी ने उनसे दक्षिण मुंबई स्थित अपने कार्यालय में आकर बयान दर्ज कराने के लिए कहा है। मीडिया को जारी एक वीडियो संदेश में मुंबई के एक वकील इंदरपाल बी. सिंह ने बताया कि देशमुख ने किसी भी तरह की कार्रवाई से संरक्षण की मांग करते हुए शीर्ष अदालत की शरण ली है। ईडी ने महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख और अन्य के खिलाफ चल रहे मनी लांड्रिंग मामले की जांच के तहत ताजा समन जारी किया है। जांच एजेंसी ने देशमुख को पांच जुलाई को अपने समक्ष पेश होने को कहा है।

ईडी के अधिकारियों ने शनिवार को बताया कि राकांपा नेता को जांच अधिकारी के समक्ष पेश होने के लिए तीसरा नोटिस जारी किया गया है। देशमुख से दक्षिण मुंबई में केंद्रीय एजेंसी के कार्यालय में अपना बयान दर्ज कराने को कहा गया है।

अनिल देशमुख के दो सहयोगी न्यायिक हिरासत में

ईडी ने पिछले महीने मुंबई और नागपुर में देशमुख, उनके सहयोगियों और अन्य लोगों के परिसरों पर छापे मारे थे। इसके बाद निदेशालय ने पहला समन जारी किया था। बाद में एजेंसी ने उनके दो सहयोगियों-निजी सचिव संजीव पलांडे और निजी सहायक कुंदन शिंदे को गिरफ्तार कर लिया था। वे छह जुलाई तक ईडी की हिरासत में हैं।


वसूली कांड: महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख के खिलाफ ED ने जारी किया तीसरा समन, 5 जुलाई को पेश होने का निर्देश

मुंबई: महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच कर रहे प्रवर्तन निदेशालय ने उन्हें तीसरा समन जारी करके 5 जुलाई को अपने सामने पेश होने को कहा है। बता दें कि मामले में पूछताछ के लिए ईडी द्वारा पहले ही उन्हें दो समन जारी किया जा चुका है लेकिन वह पेश नहीं हुए। उनके दो सहयोगी फिलहाल न्यायिक हिरासत में हैं।


ईडी के अधिकारियों ने शनिवार को बताया कि राकांपा नेता को जांच अधिकारी के समक्ष पेश होने के लिए तीसरा नोटिस जारी किया गया है। देशमुख से दक्षिण मुंबई में केंद्रीय एजेंसी के कार्यालय में अपना बयान दर्ज कराने को कहा गया है। देशमुख को इससे पहले भी दो समन जारी किए जा चुके हैं, लेकिन वह कोरोना वारयस संक्रमण के खतरे का हवाला देकर पेश नहीं हुए। उन्होंने ईडी के समक्ष वीडियो कांफ्रेंस के जरिये अपना बयान दर्ज कराने का आग्रह किया।


देशमुख को कथित तौर पर 100 करोड़ रुपये की रिश्वत लेने एवं जबरन वसूली करने वाले रैकेट से जुड़े मनी लांड्रिंग के एक मामले में ईडी ने समन जारी किया है। देशमुख ने इन आरोपों के कारण महाराष्ट्र के गृह मंत्री के पद से इस साल अप्रैल में इस्तीफा दे दिया था।

बता दें कि ईडी ने पिछले महीने मुंबई और नागपुर में देशमुख, उनके सहयोगियों और अन्य लोगों के परिसरों पर छापे मारे थे। इसके बाद निदेशालय ने पहला समन जारी किया था। बाद में एजेंसी ने उनके दो सहयोगियों-निजी सचिव संजीव पलांडे और निजी सहायक कुंदन शिंदे को गिरफ्तार कर लिया था। वे छह जुलाई तक ईडी की हिरासत में हैं।


वसूली कांड: आज ED के सामने पेश होंगे महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख, गिरफ्तारी भी संभव

इससे पहले भी ईडी एक बार अनिल देशमुख को समन भेज चुकी है। उस बार अनिल देशमुख ने अपने अधिवक्ता के जरिए ईडी को पत्र भेजकर किसी अन्य दिन पेश होने की बात कही थी।

मुंबई: वसूली कांड में नाम आने के बाद महाराष्ट्र के गृहमंत्री की कुर्सी गंवाने वाले अनिल देशमुख आज प्रवर्तन निदेशाल (ईडी) के सामने पेश हो सकते हैं। वहीं, कानूनी जानकार यह भी मान रहे हैं कि पूछताछ के बाद ईडी उन्हें गिरफ्तार भी कर सकती है। इससे पहले भी ईडी एक बार अनिल देशमुख को समन भेज चुकी है। उस बार अनिल देशमुख ने अपने अधिवक्ता के जरिए ईडी को पत्र भेजकर किसी अन्य दिन पेश होने की बात कही थी। 

आज ईडी ने दूसरी बार समन जारी कर उन्हें मंगलवार को बेलार्ड पियर्स स्थित दफ्तर बुलाया है। इससे पहले ईडी ने अनिल देशमुख को शनिवार को पेश होने के लिए कहा था। लेकिन उन्होंने अधिकारियों के सामने पेश होने में असमर्थता जताई थी। 


देशमुख के वकील जयवंत पाटिल ने ईडी दफ्तर पहुंचकर समय देने की मांग की थी। साथ ही देशमुख से पूछताछ के संबंध में भी जानकारी मांगी थी। हालांकि उस समय ईडी के अधिकारियों ने पेशी के बारे में कोई तारीख नहीं दी थी। अब देशमुख को मंगलवार को पेश होने के लिए कहा गया है।


देशमुख के दो सहयोगियों को किया जा चुका है गिरफ्तार

इस मामले में ईडी ने देशमुख के निजी सचिव संजीव पलांडे और निजी सहायक कुंदन शिंदे को शनिवार तड़के गिरफ्तार कर लिया था। फिलहाल, दोनों ईडी की हिरासत में हैं।  बता दें कि प्रवर्तन निदेशालय ने शुक्रवार को महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख के घर पर छापेमारी की। ईडी ने अनिल देशमुख के नागपुर और मुंबई के वर्ली वाले घर पर छापेमारी की। ईडी की ओर से नागपुर और मुंबई में अलग-अलग छापेमारी की जा रही हैं।

गौरतलब है कि मुंबई के पूर्व पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह की ओर से लगाए गए आरोप के बाद अनिल देशमुख पर मनी लॉन्ड्रिंग का मामला दर्ज किया गया था, जिसको लेकर ईडी लगातार उनसे पूछताछ कर रही है। इसके साथ ही प्रवर्तन निदेशालय ने तलोजा जेल में पूर्व पुलिस अधिकारी सचिन वाजे का भी बयान दर्ज किया है। 


महाराष्ट्र: चल रही थी Online Class और चलने लगा Porn Video, मुकदमा दर्ज कर जांच में जुटी पुलिस

कॉलेज के प्रोफेसर में अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।

मुम्बई: कोरोना की वजह से छात्र स्कूल नहीं जा पा रहे है ऐसे में शिक्षण संस्थानों ने बच्चों को पढ़ाने के लिए ऑनलाइन क्लासेज का सहारा लिया है। लेकिन यहां भी शरारती तत्व अपनी शरारत से बाज नहीं आ रहे हैं। दरअसल, एक ऑनलाइन क्लास के दौरान पोर्न चलने लगा जिसके बाद तुरन्त क्लास को बंद कर दिया गया। वहीं, कॉलेज के प्रोफेसर में अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।


मिली जानकारी के मुताबिक महाराष्ट्र के विलेपार्ले के एक कॉलेज की ऑनलाइन क्लास में शरारती तत्व पॉर्न वीडियो चला दिया। जैसे ही कॉलेज की ऑनलाइन क्लास शुरू हुई तो कुछ अज्ञात आरोपियों ने अश्लील वीडियो अपलोड कर दी, जिसके बाद इस घटना की शिकायत पुलिस में की गई। जुहू पुलिस मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश कर रही है।


जुहू पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ अधिकरी ने बताया कि मामला चार दिन पहले का है। कॉलेज के एक प्रोफेसर ने इसकी शिकायत की थी, जिसके आधार पर अज्ञात शख्स के के खिलाफ आईपीसी की धारा 292, 570 और आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है।

फिलहाल पुलिस आरोपी की तलाश में जुट गई है। जुहू पुलिस के साथ साइबर सेल के अधिकारी भी संबंधित आरोपियों की तलाश कर रहे हैं।


गृहमंत्री की जगह 'वसूली भाई' बन चुके थे अनिल देशमुख, बार मालिकों से वसूलते थे 4 करोड़ से ज्यादा, ED ने कोर्ट को बताया

ईडी ने कोर्ट को बताया कि अनिल देशमुख गृह मंत्री रहने के दौरान बार संचालकों से 4 करोड़ से ज्यादा की रकम वसूलते थे और उनकी मदद पलांडे और शिंदे करते थे।

मुम्बई: महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख गृह मंत्री बन कर आम लोगों की सेवा काम करते थे और वसूली भाई का काम ज्यादा करते थे। दरअसल, उनके खिलाफ दर्ज मनी लांड्रिंग केस की जांच कर रही प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कोर्ट को अनिल देशमुख के काले कारनामों की जानकारी दी है।

ईडी ने कोर्ट को बताया कि अनिल देशमुख गृह मंत्री रहने के दौरान बार संचालकों से 4 करोड़ से ज्यादा की रकम वसूलते थे और उनकी मदद पलांडे और शिंदे करते थे। इतना ही नहीं मुंबई पुलिस से बर्खास्त किए गए पुलिस अधिकारी सचिन बाजे ने भी बार मालिकों के साथ एक बैठक की थी।


दान के रूप में लेते थे वसूली की रकम


प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शनिवार को यहां एक अदालत को बताया कि महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख को मुंबई में बार मालिकों से चार करोड़ रुपये प्राप्त हुए थे और उन्होंने विभिन्न छद्म कंपनियों के जरिये प्राप्त दान दिखाकर इस रकम को अपने न्यास में डाल दिया। ईडी ने देशमुख के निजी सचिव संजीव पलांडे और निजी सहायक कुंदन शिंदे को रिमांड पर लेने के लिये की जा रही सुनवाई के दौरान यह दावा किया।

अधिकारियों ने कहा कि पलांडे और शिंदे को कथित तौर पर करोड़ों रुपये की रिश्वत सह रंगदारी गिरोह मामले में कथित धनशोधन के सिलसिले में गिरफ्तार किया गया था। इस मामले में देशमुख को अप्रैल में इस्तीफा देना पड़ा था। उन्होंने कहा कि दोनों के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग अधिनियम (पीएमएलए) के प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया गया है। दोनों को एक जुलाई तक ईडी की हिरासत में भेज दिया गया है।

इससे पहले दिन में मामले में जांच एजेंसी ने देशमुख को जांच अधिकारी के समक्ष बयान दर्ज कराने के लिये बलार्ड एस्टेट स्थित ईडी दफ्तर में सुबह 11 बजे तलब किया था, लेकिन पूर्व मंत्री ने एजेंसी से पेशी के लिये नई तारीख दिए जाने का अनुरोध किया। देशमुख के वकीलों की टीम ईडी कार्यालय पहुंची और उसने पेशी के लिए कोई और तिथि दिए जाने का अनुरोध किया। उन्होंने जांचकर्ताओं को देशमुख का लिखा एक पत्र भी सौंपा।

पलांडे और शिंदे करते थे वसूली में देशमुख जी मदद-ईडी


ईडी ने अदालत को बताया कि धनशोधन में देशमुख की मदद करने में पलांडे और शिंदे सहायक थे। बंबई उच्च न्यायालय के आदेश पर सीबीआई ने पहले एक शुरुआती जांच (पीई) की थी और उसके बाद नियमित मामला दर्ज किया था। सीबीआई के मामले के बाद ईडी ने इस संबंध में देशमुख और अन्य के खिलाफ जांच शुरू की थी।

ईडी ने अदालत को बताया कि कुछ बार मालिकों-प्रबंधकों ने अपने बयानों में कहा कि तब अपराध आसूचना इकाई (सीटीयू) के प्रमुख रहे सचिन वाजे ने अपने दफ्तर में बार मालिकों के साथ एक बैठक की थी। यह बैठक उनके ऑर्केस्ट्रा बार के निर्धारित अवधि के बाद भी बिना किसी रुकावट के चालू रहने और प्रदर्शन करने वाले कलाकारों पर किसी तरह की बंदिश नहीं लगाने को लेकर थी।


वसूली केस: ED के सामने आज नहीं पेश हुए महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख, किसी अन्य दिन पेश होने की कही बात

उन्होंने अपने वकीलों को एक आवेदन के साथ ईडी के पास भेजकर पेश होने के लिए और किसी दिन का वक्‍त मांगा है।

मुंबई: महाराष्‍ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख आज शनिवार को समन के बावजूद ईडी के सामने नहीं पेश हुए। उन्होंने अपने वकीलों को एक आवेदन के साथ ईडी के पास भेजकर पेश होने के लिए और किसी दिन का वक्‍त मांगा है।

अनिल देशमुख के अधिवक्ता जयवंत पाटिल ने कहा कि देशमुख सर आज पूछताछ के लिए नहीं आएंगे क्योंकि ईडी को केस के बारे में जो जानकारी चाहिए थी वो डॉक्यूमेंट हमें अभी तक नहीं दी गई है, इसके लिए हमने उन्हें एक पत्र लिखा है और डॉक्यूमेंट देने की मांग की ताकि हम उसके हिसाब से लिखित जानकारी जमा कर सकें।

दूसरी तरफ देशमुख के ईडी निजी सहायक कुंदन शिंदे और संजीव पलांडे का मेडिकल टेस्ट कराने के बाद उन्हें मुंबई के अपने ऑफिस ले आई है। दोनों से ईडी पूछताछ कर रही है। बता दें कि देशमुख के मुंबई के 4 और नागपुर के 1 ठिकाने पर शुक्रवार को ईडी ने छापेमारी की थी और उनके दो सहायकों को हिरासत में ले लिया है। आरोप है कि केंद्रीय जांच एजेंसी के मुंबई में बलार्ड इस्टेट स्थित कार्यालय में हुई पूछताछ के दौरान दोनों व्यक्ति सहयोग नहीं कर रहे थे।

ईडी ने देशमुख और अन्य के खिलाफ मनी लॉंड्रिंग के मामले में केस तब दर्ज किया गया, जब सीबीआई ने बॉम्बे हाईकोर्ट के आदेश के अनुपालन के तहत दर्ज एक मामले में पहली आरंभिक जांच शुरू की। अदालत ने मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह द्वारा देशमुख के खिलाफ लगाए गए रिश्वत के आरोपों के संबंध में जांच एजेंसी को जांच का निर्देश दिया।


देशमुख को देना पड़ा था इस्तीफा, मुंबई पुलिस कमिश्न की परमबीर सिंह को गवानी पड़ी कुर्सी

बता दें कि देशमुख ने इन आरोपों के बाद अप्रैल में अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने इन आरोपों को खारिज किया है। उद्योगपति मुकेश अंबानी के मुंबई स्थित घर के बाहर एक एसयूवी में विस्फोटक सामग्री मिलने के मामले में जांच के दौरान सहायक पुलिस निरीक्षक सचिन वाजे की भूमिका सामने आई थी। इसके बाद मुंबई पुलिस कमिश्नर के पद से परमबीर सिंह को भी हटा दिया गया था और सचिन वाजे को भी सेवा से बर्खास्त कर दिया गया था।





शिकंजा! ED ने महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री को पूछताछ के लिए बुलाया, गिरफ्तारी भी संभव!

ईडी ने उन्हें आज यानि शनिवार को समन को भेजकर 11 बजे पूछताछ के लिए बुलाया है। जानकार इस बात से भी इन्कार नहीं कर रहे हैं कि उन्हें ईडी पूछताछ के बाद हिरासत में भी ले सकती है।

मुंबई: महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख पर ईडी का शिकंजा लगातार कसता ही जा रहा है। शुक्रवार को उनके मुंबई के 4 ठिकानों और नागपुर के 1 ठिकाने पर छापेमारी कर उनके दो सहायकों को गिरफ्तार किया है। अब ईडी ने उन्हें आज यानि शनिवार को समन को भेजकर 11 बजे पूछताछ के लिए बुलाया है। जानकार इस बात से भी इन्कार नहीं कर रहे हैं कि उन्हें ईडी पूछताछ के बाद हिरासत में भी ले सकती है।


इससे पहले ईडी ने शुक्रवार को पीएमएलए के प्रावधानों के तहत देशमुख के निजी सचिव संजीव पलांडे और निजी सहायक कुंदन शिंदे से करीब नौ घंटे की पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया था। आरोप है कि केंद्रीय जांच एजेंसी के मुंबई में बलार्ड इस्टेट स्थित कार्यालय में हुई पूछताछ के दौरान दोनों व्यक्ति सहयोग नहीं कर रहे थे।


ईडी ने देशमुख और अन्य के खिलाफ मनी लॉंड्रिंग के मामले में केस तब दर्ज किया गया, जब सीबीआई ने बॉम्बे हाईकोर्ट के आदेश के अनुपालन के तहत दर्ज एक मामले में पहली आरंभिक जांच शुरू की। अदालत ने मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह द्वारा देशमुख के खिलाफ लगाए गए रिश्वत के आरोपों के संबंध में जांच एजेंसी को जांच का निर्देश दिया।


देशमुख को देना पड़ा था इस्तीफा, मुंबई पुलिस कमिश्न की परमबीर सिंह को गवानी पड़ी कुर्सी

बता दें कि देशमुख ने इन आरोपों के बाद अप्रैल में अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने इन आरोपों को खारिज किया है। उद्योगपति मुकेश अंबानी के मुंबई स्थित घर के बाहर एक एसयूवी में विस्फोटक सामग्री मिलने के मामले में जांच के दौरान सहायक पुलिस निरीक्षक सचिन वाजे की भूमिका सामने आई थी। इसके बाद मुंबई पुलिस कमिश्नर के पद से परमबीर सिंह को भी हटा दिया गया था और सचिन वाजे को भी सेवा से बर्खास्त कर दिया गया था।




महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख पर ED ने कसा शिकंजा, 5 ठिकानों पर की छापेमारी, मनी लॉन्ड्रिंग का है आरोप

सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, उनके मुंबई के चार ठिकानों और एक नागपुर के ठिकाने पर ईडी तलाशी अभियान चला रही है।

मुंबई: महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख के पांच ठिकानों पर प्रवर्तन निदेशालय (ED) की टीम छापेमारी कर रही है। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, उनके मुंबई के चार ठिकानों और एक नागपुर के ठिकाने पर ईडी तलाशी अभियान चला रही है। ईडी से जुड़े अधिकारियों ने बताया कि धन शोधन रोकथाम कानून (पीएमएलए) के प्रावधानों के तहत देशमुख के आवास पर तलाशी ली जा रही है।



इससे पहले आज सुबह ही ईडी की टीम भारी संख्या में पुलिस और केंद्रीय पुलिस बल के साथ देशमुख के आवास पर पहुंची, जिससे मामले में और कड़ी कार्रवाई की अटकलें तेज हो गईं।

बता दें कि सीबीआई ने पिछले महीने देशमुख और अन्य के खिलाफ धन शोधन की रोकथाम कानून के तहत एक आपराधिक मामला दर्ज किया था। सीबीआई ने बॉम्बे हाईकोर्ट के आदेश पर एक मामला दायर करने के बाद प्रारंभिक जांच की थी जिसके बाद ईडी ने मामला दर्ज किया।


बता दें कि बॉम्बे हाईकोर्ट ने सीबीआई को मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह द्वारा देशमुख के खिलाफ लगाए रिश्वत के आरोपों की जांच के लिए कहा था।


ईडी से जुड़े सूत्रों ने बताया कि तलाशी लेने वाली टीम सबूत की तलाश कर रही है जो उनकी जांच में अहम हो सकते हैं। एजेंसी की जांच उस आरोप पर केंद्रित है कि महाराष्ट्र में पुलिसकर्मियों के तबादलों, नियुक्तियों में अवैध निधि अर्जित की गई और क्या पुलिसकर्मियों से अवैध वसूली की गई जैसा परमबीर सिंह ने अपनी शिकायत में दावा किया है।


राम मंदिर जमीन धांधली के मामले में मंदिर ट्रस्ट और RSS की बैठक, जानिए किन-किन मुद्दों पर हुई चर्चा

गुरुवार को आरएसएस और राम मंदिर ट्रस्ट के बीच बैठक हुई। बैठक में संघ ने मंदिर ट्रस्ट से सवाल पूछे। वहीं, जवाब में मंदिर ट्रस्ट ने आरोपों का खंडन किया। जिसके बाद अब इस बात पर विचार किया जा रहा है कि गलत आरोप लगाने वालों के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया जाए।

मुम्बई/अयोध्या: कुछ राजनीतिक पार्टी द्वारा राम मंदिर निर्माण के लिये खरीदी गई जमीन के सौदे में धांधली किये जाने का आरोप लगाए जाने के बाद आरएसएस खुद मामले की मॉनिटरिंग कर रहा है। इसी क्रम में गुरुवार को आरएसएस और राम मंदिर ट्रस्ट के बीच बैठक हुई। बैठक में संघ ने मंदिर ट्रस्ट से सवाल पूछे। वहीं, जवाब में मंदिर ट्रस्ट ने आरोपों का खंडन किया। जिसके बाद अब इस बात पर विचार किया जा रहा है कि गलत आरोप लगाने वालों के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया जाए।





गुरुवार को मुंबई में एक इमरजेंसी बैठक हुई। इसमें ट्रस्ट के महामंत्री चंपत राय, कोषाध्यक्ष महंत गोविन्द देव गिरी जी महाराज और सदस्य डॉ. अनिल मिश्र शामिल हुए हैं। संघ की तरफ से भी भैया जी जोशी समेत कुछ वरिष्ठ पदाधिकारी शामिल हुए।

यह बैठक करीब 2 घंटे से ज्यादा चली। इसमें संघ पदाधिकारियों ने अयोध्या में जमीन विवाद को लेकर उठाए जा रहे सवालों की जानकारी ट्रस्ट के सदस्यों से ली है। बैठक में इस बात की चर्चा हुई कि जमीन पर उठाए गए सवाल गलत हैं तो आरोप लगाने वाले नेताओं के खिलाफ मानहानि का दावा किया जाए। इसके अलावा अयोध्या में मंदिर निर्माण और विकास कार्य को लेकर बातचीत हुई।


मानहानि का केस करने की तैयारी में श्री राम मंदिर ट्रस्ट


आज मुंबई में विले पार्ले स्थित संन्यास आश्रम में संघ और ट्रस्ट की बैठक हुई। बताया जा रहा है कि जमीन घोटाले विवाद में चंपत राय और ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्र अपना पक्ष रखा। ट्रस्ट ने आरोप लगाने वालों पर मानहानि का केस करने के फैसले पर भी सहमति बनाने की कोशिश की है। यह भी बताया जा रहा है कि संघ के सह सर कार्यवाह डॉ. कृष्ण गोपाल कुछ दिन पूर्व राम जन्मभूमि परिसर का निरीक्षण करने आए थे। उसके बाद यह बैठक बुलाई गई है।


गौरतलब है कि अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट द्वारा राम मंदिर निर्माण के लिए खरीदी गई जमीन में सपा नेता व पूर्व मंत्री तेज नारायण पांडेय पवन ने भ्रष्टाचार का आरोप लगाया था। उन्होंने कहा कि दो करोड़ रुपए में बैनामा कराई गई जमीन को 10 मिनट के अंदर 18.50 करोड़ रुपए में रजिस्टर्ड एग्रीमेंट कर दिया गया। पवन ने मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग की थी। सिर्फ पवन ही नहीं राज्यसभा सांसद और आम आदमी पार्टी (आप) के नेता संजय सिंह ने बीते दिनों प्रेस कॉन्फ्रेंस करके ट्रस्ट के सदस्यों पर जमीन खरीदने में फर्जीवाड़ा करने का आरोप लगाया था। 



पीएम मोदी अयोध्या के अधिकारियों संग करेंगे मीटिंग


अयोध्या में राम मंदिर के लिए जमीन की खरीद में घोटाले के आरोपों के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 26 जून को अयोध्या के बड़े अफसरों के साथ मीटिंग करेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अयोध्या के विजन डॉक्यूमेंट्स को देखेंगे।

यह डॉक्यूमेंट्स 30 सालों के लिए बनाया गया है। जबकि इसकी एक स्टडी रिपोर्ट आगामी 100 साल के अयोध्या के स्वरूप और उसकी आवश्यकताओं को लेकर तैयार की जा रही है। इस मीटिंग में उत्तरप्रदेश के CM योगी आदित्यनाथ और पर्यटन मंत्री भी शामिल होंगे। इस बैठक में प्रधानमंत्री मोदी अयोध्या के विकास से जुड़ी योजनाओं की समीक्षा करेंगे।


TRP स्कैम: 'रिपब्लिक भारत' के एडिटर इन चीफ अर्णव गोस्वामी समेत कई के खिलाफ पुलिस ने दाखिल की चार्जशीट

इस चार्जशीट में रिपब्लिक भारत के एडिटर इन चीफ अर्णव गोस्वामी समेत कई लोगों को आरोपी बनाया गया है। मुंबई पुलिस की क्राइम इंटेलिजेंस यूनिट की ओर से मजिस्ट्रेट कोर्ट के समक्ष चार्जशीट दाखिल की गई है।

मुम्बई: बीते वर्ष के बहुचर्चित टीआरपी स्कैम  के मामले में मुंबई पुलिस ने आज दूसरी चार्जशीट दाखिल की है। इस चार्जशीट में रिपब्लिक भारत के एडिटर इन चीफ अर्णव गोस्वामी समेत कई लोगों को आरोपी बनाया गया है। मुंबई पुलिस की क्राइम इंटेलिजेंस यूनिट की ओर से मजिस्ट्रेट कोर्ट के समक्ष चार्जशीट दाखिल की गई है। 


चार्जशीट को लेकर अर्णव गोस्वामी के अधिवक्ता ने बताया, 'कई अन्य लोगों के समेत पुलिस ने चार्जशीट में अर्णब गोस्वामी और एआरजी आउटलायर का नाम शामिल किया है।'

अक्टूबर 2020 में दर्ज कराई गई थी शिकायत


फेक टीआरपी स्कैम का मामला बीते साल अक्टूबर में सामने आया था, जबकि रेटिंग एजेंसी ब्रॉडकास्ट ऑडियंस रिसर्च काउंसिल ने हंसा रिसर्च ग्रुप के जरिए शिकायत की थी। 

अपनी शिकायत में BARC में रिपब्लिक समेत कुछ चैनलों को लेकर कहा था कि वे टीआरपी के नंबरों में हेरफेर कर रहे हैं। Live Law की रिपोर्ट के मुताबिक अर्णब गोस्वामी समेत 4 लोगों के खिलाफ 1800 पन्नों की चार्ज शीट दायर की गई है। इस संबंध में बीते साल केस फाइल हुआ था और मुंबई पुलिस के पूर्व कमिश्नर परमबीर सिंह ने रिपब्लिक टीवी के भी स्कैम में शामिल होने का जिक्र किया था।

तीन टीवी चैनलों पर स्कैम में शामिल होने का लगा था आरोप, 13 हुए थे गिरफ्तार

परमबीर सिंह ने 8 अक्टूबर 2020 को कहा था कि टीआरपी रैकेट में रिपब्लिक टीवी, बॉक्स सिनेमा और फक्त मराठी शामिल हैं। पुलिस ने आरोप लगाया था कि रिपब्लिक टीवी समेत इन चैनलों ने BARC के पूर्व सीईओ पार्थो दासगुप्ता को घूस दी थी ताकि टीआरपी में हेरफेर करके नंबर बढ़ाए जा सकें। मुंबई पुलिस ने उस वक्त इस मामले में 13 लोगों को अरेस्ट किया था।


महाराष्ट्र में एक माह के अंदर आ सकती है कोरोना की तीसरी लहर !

विशेषज्ञों ने अगले 2 से 4 सप्ताह के अंदर राज्य में कोरोना की तीसरी लहर आने की आशंका जताई।

मुम्बई: कोरोना के तीसरी लहर की आहट महाराष्ट्र में सुनाई पड़ रही। विशेषज्ञों ने अगले 2 से 4 सप्ताह के अंदर राज्य में कोरोना की तीसरी लहर आने की आशंका जताई।


महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे की अध्यक्षता में कोरोना की तैयारियों को लेकर बनाई गई टास्क फोर्स के साथ एक मीटिंग हुई। इस बैठक में कई अहम बातें निकल कर आई हैं। स्टेट टास्क फोर्स ने चेतावनी देते हुए कहा कि दो से चार हफ्ते के अंदर राज्य में कोरोना की तीसरी लहर आ सकती है। टास्क फोर्स ने यह भी कहा है कि इस लहर का असर 10 फीसदी बच्चों पर पड़ सकता है। 

दोगुनी हो सकती है दूसरी लहर की अपेक्षा संक्रमितों की संख्या


आज हुई मीटिंग में यह बात सामने आई कि कोरोना की तीसरी लहर में केसों की कुल संख्या दूसरी लहर में आए कुल केसों की दोगुनी हो सकती है। राज्य में कोरोना के सक्रिय मरीजों की संख्या 8 से 10 लाख तक पहुंच सकती है। 

विशेषज्ञों ने आशंका जताई है कि   मरीजों में 10 प्रतिशत संख्या बच्चों की हो सकती है। डेल्टा प्लस वैरिएंट के मामले आने के बीच ही अब महाराष्ट्र में संभावित तीसरी लहर के लिए तैयारियों को लेकर यह समीक्षा बैठक की गई थी। टास्क फोर्स ने मुख्यमंत्री को बताया है कि बेहद तेज़ी से फैलने वाला डेल्टा प्लस वैरिएंट राज्य में तीसरी लहर ला सकता है।


हम प्रमाणित गुंडे, सर्टिफिकेट की जरूरत नहीं: संजय राउत

अगर आप शिवसेना के खिलाफ विरोध जताना चाहते हैं तो सावधान हो जाइए। क्योंकि शिवसेना राजनीतिक ही नहीं गुंडों की भी पार्टी है। ऐसा हम नहीं बल्कि शिवसेना के दिग्गज नेता संजय राउत खुद कह रहे हैं।

मुंबई: लोकतंत्र में हर किसी को अपना विरोध जताने के अधिकार है लेकिन अगर आप शिवसेना के खिलाफ विरोध जताना चाहते हैं तो सावधान हो जाइए। क्योंकि शिवसेना राजनीतिक ही नहीं गुंडों की भी पार्टी है। ऐसा हम नहीं बल्कि शिवसेना के दिग्गज नेता संजय राउत खुद कह रहे हैं।



शिवसेना  के नेता संजय राउत ने बृहस्पतिवार को कहा कि मुंबई में शिवसेना भवन एक राजनीतिक दल का मुख्यालय ही नहीं बल्कि महाराष्ट्र की पहचान का प्रतीक है और किसी को भी इसकी ओर कुदृष्टि डालने का दुस्साहस नहीं करना चाहिए।


दरअसल, अयोध्या में भूमि सौदा विवाद के बारे में शिवसेना के मुखपत्र ‘सामना' में कथित ‘अपमानजनक' टिप्पणियों के खिलाफ भाजपा की युवा इकाई ने विरोध मार्च निकाला था जिसके बाद बुधवार को मध्य मुंबई के दादर इलाके में स्थित शिवसेना भवन के बाहर भाजपा और शिवसेना के कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हो गई थी।

शिवसेना के विधायक सदा सरवणकर ने कहा था कि उनकी पार्टी के कार्यकर्ताओं को सूचना मिली थी कि भाजपा के कार्यकर्ता शिवसेना भवन में तोड़फोड़ करने आ रहे हैं। इस घटना के बारे में राउत ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि शिवसेना भवन मराठी और महाराष्ट्र का प्रतीक है। शिवसेना के वरिष्ठ नेता ने कहा, "किसी को हमें गुंडा होने का प्रमाण पत्र देने की जरूरत नहीं है, हम प्रमाणित हैं।"

उन्होंने आगे कहा, ‘‘अगर कोई परिसर पर हमले का प्रयास करेगा तो क्या मराठी मानुष और शिवसैनिक चुप रहेंगे?'' राउत ने कहा, ‘‘भाजपा इतने तैश में क्यों आ गई? संपादकीय में आखिर ऐसा क्या कहा था? इसमें तो आरोपों पर सिर्फ स्पष्टीकरण मांगा गया था और कहा गया था कि आरोप गलत निकलते हैं तो आरोप लगाने वालों को दंडित किया जाना चाहिए।

राउत ने कहा कि इस देश में स्पष्टीकरण मांगना क्या गुनाह हो गया है? संपादकीय में कहीं भी यह नहीं कहा गया कि इसमें भाजपा शामिल है। क्या आप पढ़े लिखे नहीं हैं।' उन्होंने कहा, ‘‘श्री रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास एक स्वायत्त संस्था है। इसमें भाजपा की क्या भूमिका है?''


एंटीलिया केस: पूर्व एनकाउंटर स्पेशलिस्ट व शिवसेना नेता प्रदीप शर्मा को NIA ने किया गिरफ्तार

फिलहाल एनआईए ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। एनआईए के सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक प्रदीप शर्मा के खिलाफ उसके पास मामले में संलिप्तता के पर्याप्त सबूत हैं।

मुम्बई: एंटीलिया मामले की जांच कर रही NIA ने पूर्व एनकाउंटर स्पेशलिस्ट व शिवसेना नेता प्रदीप शर्मा को आज पूछताछ करने के बाद गिरफ्तार कर लिया है। बता दें कि प्रदीप शर्मा की छवि मुम्बई पुलिस में एक एनकाउंटर स्पेसलिस्ट के तौर पर रही है। फिलहाल एनआईए ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। एनआईए के सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक प्रदीप शर्मा के खिलाफ उसके पास मामले में संलिप्तता के पर्याप्त सबूत हैं।


प्रदीप शर्मा काफी समय से एनआईए की राडार पर थे। इससे पहले  एनआईए की टीम आज सुबह 6.30 बजे सीआरपीएफ जवानों के साथ प्रदीप शर्मा के घर पहुंची थी। प्रदीप शर्मा शिवसेना के टिकट पर चुनाव भी लड़ चुके हैं। लिहाजा उनकी गिरफ्तारी के बाद राज्य में सियासी भूचाल बढ़ने की संभावना है।

अब तक 7 गिरफ्तार


मामले में अबतक 7 लोगों की गिरफ्तारी की जा चुकी है। एनआईए हाल ही में गिरफ्तार हुए दो आरोपी संतोष आत्माराम शेलार और आनंद पांडुरंग जाधव की निशानदेही पर प्रदीप शर्मा से पूछताछ कर रही है। 

दोनों आरोपियों को एनआईए ने 11 जून को गिरफ्तार किया था। कहा जा रहा है कि इन दोनों आरपोपियों की मनसुख हत्या मामले अहम भूमिका रही है। ये आरोपी मुम्बई के कुरार विलेज मालाड (ईस्ट) के रहने वाले हैं। एंटीलिया विस्फोटक मामले में अबतक 7 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है।


प्रदीप शर्मा को क्यों किया गया गिरफ्तार

मिली गिरफ्तार आरोपियों में से संतोष शेलार पूर्व एनकाउंटर स्पेशलिस्ट प्रदीप शर्मा का करीबी है। एनआईए अब इस दिशा में भी जांच कर रही है कि क्या शर्मा को इस हत्या के बारे में जानकारी थी। संतोष शेलार के कुछ फोटो सोशल मीडिया में वायरल हो रहे हैं, जिसमे वो शर्मा के साथ दिखाई दे रहा है।


प्रदीप शर्मा बोले - संतोष शेलार मेरा करीबी नहीं

प्रदीप शर्मा  ने एक समाचार चैनल से बातचीत में कहा कि उनका संतोष शेलार से कोई संबंध नहीं है। प्रदीप शर्मा ने कहा कि वह पोलिटिकल पार्टी से कनेक्टेड हैं और ऐसे में कई लोग उनके साथ फोटो खिंचवाते हैं। इसका मतलब यह नहीं कि वह मेरा करीबी है। इस मामले में एनआईए मुम्बई क्राइम ब्रांच के पूर्व अधिकारी सचिन वाझे, रियाजुद्दीन काजी, सुनील माने, पूर्व कॉन्स्टेबल विनायक शिंदे और क्रिकेट बुकी नरेश गोर को गिरफ्तार कर चुकी है।


एंटीलिया केसः शिवसेना के नेता व पूर्व एनकाउंटर स्पेशलिस्ट प्रदीप शर्मा को NIA ने हिरासत में लिया

मुंबई में एंटीलिया मामले की जांच कर रही NIA ने पूर्व एनकाउंटर स्पेशलिस्ट प्रदीप शर्मा को आज हिरासत में ले लिया है। एनआईए उनसे पूछताछ कर रही है। प्रदीप शर्मा काफी समय से एनआईए की राडार पर थे।

मुम्बई: मुंबई में एंटीलिया मामले की जांच कर रही NIA ने पूर्व एनकाउंटर स्पेशलिस्ट प्रदीप शर्मा को आज हिरासत में ले लिया है। एनआईए उनसे पूछताछ कर रही है। प्रदीप शर्मा काफी समय से एनआईए की राडार पर थे। एनआईए की टीम आज सुबह 6.30 बजे सीआरपीएफ जवानों के साथ प्रदीप शर्मा के घर पहुंची थी। 


प्रदीप शर्मा का घर मुंबई के अंधेरी में जेपी नगर इलाके की भगवान भवन बिल्डिंग में है। वह इस बिल्डिंग की छठवीं मंजिल पर रहते हैं। प्रदीप शर्मा शिवसेना के टिकट पर चुनाव भी लड़ चुके हैं।

अबतक 7 गिरफ्तार


मामले में अबतक 7 लोगों की गिरफ्तारी की जा चुकी है। एनआईए हाल ही में गिरफ्तार हुए दो आरोपी संतोष आत्माराम शेलार और आनंद पांडुरंग जाधव की निशानदेही पर प्रदीप शर्मा से पूछताछ कर रही है। 

दोनों आरोपियों को एनआईए ने 11 जून को गिरफ्तार किया था। कहा जा रहा है कि इन दोनों आरपोपियों की मनसुख हत्या मामले अहम भूमिका रही है। ये आरोपी मुम्बई के कुरार विलेज मालाड (ईस्ट) के रहने वाले हैं। एंटीलिया विस्फोटक मामले में अबतक 7 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है।


प्रदीप शर्मा को क्यों किया गया गिरफ्तार

मिली गिरफ्तार आरोपियों में से संतोष शेलार पूर्व एनकाउंटर स्पेशलिस्ट प्रदीप शर्मा का करीबी है। एनआईए अब इस दिशा में भी जांच कर रही है कि क्या शर्मा को इस हत्या के बारे में जानकारी थी। संतोष शेलार के कुछ फोटो सोशल मीडिया में वायरल हो रहे हैं, जिसमे वो शर्मा के साथ दिखाई दे रहा है।


प्रदीप शर्मा बोले - संतोष शेलार मेरा करीबी नहीं

प्रदीप शर्मा  ने एक समाचार चैनल से बातचीत में कहा कि उनका संतोष शेलार से कोई संबंध नहीं है। प्रदीप शर्मा ने कहा कि वह पोलिटिकल पार्टी से कनेक्टेड हैं और ऐसे में कई लोग उनके साथ फोटो खिंचवाते हैं। इसका मतलब यह नहीं कि वह मेरा करीबी है। इस मामले में एनआईए मुम्बई क्राइम ब्रांच के पूर्व अधिकारी सचिन वाझे, रियाजुद्दीन काजी, सुनील माने, पूर्व कॉन्स्टेबल विनायक शिंदे और क्रिकेट बुकी नरेश गोर को गिरफ्तार कर चुकी है।


मुंबई में भारी बारिश के कारण इमारत गिरने से 11 लोगों की मौत, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

बीएमसी की ओर से जानकारी दी गई है कि मलाड वेस्ट में एक चार मंजिला इमारत के गिरने के कारण यह हादसा हुआ है।

by News Desk

मुंबई के मलाड वेस्ट में देर रात भारी बारिश के कारण एक बड़ा हादसा हो गया जिसमें अभी तक 11 लोगों के मरने की खबर मिल रही है। दरअसल बुधवार देर रात मुंबई के मलाड वेस्ट में न्यू कलेक्टर कंपाउंड में एक इमारत के गिरने से 11 लोगों की मौत हो गई। जिसके बाद रेस्क्यू ऑपरेशन में महिलाओं और बच्चों सहित 15 लोगों को बचा लिया गया है। हादसे में घायल हुए 7 लोगों को अस्पताल में भर्ती किया गया है। 

चार मंजिली इमारत भरभरा कर गिरी
बीएमसी की ओर से जानकारी दी गई है कि मलाड वेस्ट में एक चार मंजिला इमारत के गिरने के कारण यह हादसा हुआ है। जिसके बाद इस इमारत के विपरीत दो और इमारतों को ध्वस्त कर दिया गया और वहां से 2 बच्चों का रेस्क्यू किया गया। बीएमसी का कहना है कि इमारत काफी जर्जर हालत में थी और भारी बारिश होने के कारण वह हादसे का शिकार हो गई। फिलहाल रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है और घायलों की खोज की जा रही है। 
रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
महाराष्ट्र के मंत्री असलम शेख का कहना है कि 'भारी बारिश के कारण इमारतें गिर गई हैं, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है. घायल लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इमारत के मलबे में फंसे बाकी लोगों को बाहर निकालने के लिए उसे हटाया जा रहा है।'
भारी बारिश का अनुमान
बता दें कि भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने मुंबई और उसके आसपास के इलाकों में बुधवार को दक्षिण-पश्चिम मॉनसून के दस्तक देने की घोषणा की थी. वहीं मॉनसून के कारण देश की वित्तीय राजधानी और उसके उपनगरों में सुबह भारी बारिश हुई जिससे कई स्थानों पर जलभराव हो गया और लोकल ट्रेन सेवाएं बाधित हो गई. आईएमडी के अनुसार, पश्चिमी उपनगर सांताक्रूज में सुबह साढ़े 8 बजे से दोपहर ढाई बजे तक छह घंटों में 164.8 मिलीमीटर बारिश हुई है.



मुम्बई में मानसून की जोरदार दस्तक, जमकर हुई बारिश, चरमराई ट्रैफिक व्यवस्था

मुम्बई में मानसून की जोरदार दस्तक, जमकर हुई बारिश, चरमराई ट्रैफिक व्यवस्था

मुम्बई: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में मॉनसून की हुई ऐसी ज़ोरदार दस्तक कि शहर हुआ पानी पानी।लोकल के पहिये थमे अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश के अलर्ट।

मॉनसून के पहले ही दिन मुंबई में अधिकतम 220 एमएम बारिश दर्ज की गई। आईएमडी मुंबई ने बुधवार शाम 5 बजे तक सांताक्रुज में अधिकतम 220.6 एमएम बारिश दर्ज की। 
बीएमसी ने शहर में 102.29 एमएम, पूर्व उपनगर में 169.67 एमएम और पश्चिमी उपनगर में 137 एमएम बारिश दर्ज की है।
पहले की तरह इस बार भी मुंबई पहली ही बारिश आफत की बारिश साबित हुई। चारों ओर पानी ही पानी जमा हो गया, खासकर निचले इलाकों में जहां घरों में पानी भर गया, वहीं लोकल के पहिये थम गए। सड़कों पर ट्रैफिक जाम लग गया और ऑफिस जाने-आने वाले जहां थे, वहीं अटक गए।

बारिश ने बीएमसी के सारे इंतजामों की पोल खो दी। कुछ ही घंटों में सड़कों पर घुटनों तक पानी जमा हो गया। बुधवार को मुंबई में 220 एमएम बारिश दर्ज की गई। मौसम वैज्ञानिकों ने 14 जून तक मुंबई में झमाझम बारिश होने का अनुमान लगाया है।
हिंदमाता में तीन फीट से अधिक पानी, लोग हुए परेशान

हिंदमाता में बुधवार को बारिश के चलते हर तरफ बाढ़ जैसे हालात नजर आए। दरअसल यहां एक एलिवेटेड रोड का काम किया जा रहा है। इसके कारण तीन फीट से अधिक पानी जमा हो गया। इसके चलते ट्रैफिक बंद कर दिया। ऐसे में वहां से गुजरते लोग बड़ी मुश्किल से अपने घरों तक जा सके।

मुंबई में भारी बारिश के दौरान बाढ़ में रेल की पटरियां डूब गईं। ऐसे में लोग अपना रास्ता पटरियों को देखकर ही बनाते रहे। उधर, लोकल ट्रेनों में सामान्य लोगों को अनुमति नहीं होने के कारण मुंबईकरों के लिए बेस्ट की बसें ही सहारा हैं, लेकिन दो दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश ने बेस्ट की चाल बिगाड़ दी। बुधवार को सुबह से ही शहर के कई इलाकों में जलजमाव के कारण बेस्ट की बसों के रूट बदले गए। इसी तरह कईं बसें पानी भरने के कारण खराब भी हुईं।

सायन किंग सर्कल इलाके में बाढ़

मॉनसून की दस्तक के साथ बुधवार को भारी बारिश हुई। बारिश से सायन किंग सर्कल इलाके में भारी बाढ़ आ गई। इस वजह से आने और जाने वाले दोनों रास्तों पर जाम की स्थिति बनी रही।


वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे पर लग गया जाम

मुंबई में भारी बारिश के चलते वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे पर बुधवार को भारी ट्रैफिक जाम हो गया। ऐसे में भारी बारिश के बीच लोग सड़कों पर फंसे रहे।


अंधेरी में हर तरफ पानी ही पानी


मॉनसून की पहली बारिश ने ही बीएमसी के इससे निपटने के सारे इंतजामों की पोल खो दी। हर साल की तरह इस साल भी पहली ही बारिश में मुंबई के लगभग सभी इलाकों में जलजमाव हो गया और सारे इंतजाम बह गए। कुछ ही घंटों में सड़कों पर घुटनों तक पानी हो गया।


पुणे की केमिकल फैक्ट्री में भीषण आगजनी, 17 लोगों की मौत, पीएम मोदी ने किया मुआवजे का एलान

पुणे की केमिकल फैक्ट्री में भीषण आगजनी, 17 लोगों की मौत, पीएम मोदी ने किया मुआवजे का एलान

पुणे: पहले तो कोरोना वायरस की वजह से लोगों को घरों में दुबके रहना पड़ा अब जब सरकार ने फैक्ट्रियों को खोलने का निर्देश दे दिया है तो हादसे लोगों को नहीं जीने दे रहे। ताजा मामले में महाराष्ट्र के पुणे में एक केमिकल बनाने वाली फैक्ट्री में लगी भयंकर आग में मरने वालों का आंकड़ा अब 17 तक पहुंच गया है। इनमें 15 महिलाएं भी शामिल हैं। फैक्ट्री के आग पर अब काबू पा लिया गया है और फिलहाल अंदर कूलिंग के साथ साथ सर्च ऑपरेशन भी जारी है। वहीं, इस घटना पर पीएम मोदी ने  दुःख जताया है और मृतकों के परिजनों व घायलों को मुआवजा देने का एलान किया है।

 इस घटना में जान गंवाने वालों के परिवार वालों के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2 लाख रुपये के मुआवज़े का एलान किया है घायलों के लिए 50 हज़ार की मदद की बात कही गई है।


पीएमआरडीए पुणे के चीफ पोटफोड़े ने कहा, "आग तब लगी जब प्लास्टिक पैकिंग का काम चल रहा था। धुआं इतना ज्यादा था कि महिला कर्मचारियों को भागने का कोई रास्ता ही नहीं मिला। हमने 17 शव बरामद किए हैं, जिनमें 15 महिलाएं और दो पुरुष हैं। कूलिंग और सर्च ऑपरेशन जारी है।"


भीषण आग की इस घटना पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शोक जताया है. उन्होंने ट्वीट कर कहा, "महाराष्ट्र में पुणे की एक फैक्ट्री में आग लगने से लोगों की मौत हुई है, जिससे दुखी हूं। दुख में डूबे परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट करता हूं।"


पीएमओ की ओर से ट्वीट किया गया, "प्रधानमंत्री ने पीएम राष्ट्रीय राहत कोष से महाराष्ट्र के पुणे की इंडस्ट्रियल यूनिट में आग लगने से मरने वालों के परिवारजनों के लिए 2-2 लाख रुपये के मुआवज़े का एलान किया है। जो लोग घायल हुए हैं उन्हें 50 हज़ार रुपये दिए जाएंगे।"



फैक्ट्री में होता था ये काम



एसवीएस एकुआ टेक्नोलोजीज़ की केमिकल की ये फैक्ट्री है। आग लगने के बाद अलग अलग तरह की गैस फैल गई है, जिसके चलते आग बुझाने में दिक्कतें आईं। कंपनी के अधिकारियों ने बताया कि इसमें हवा, पानी और भूतल उपचार रसायन (केमिकल) का विनिर्माण, आपूर्ति और निर्यात का काम होता है।


महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे का बड़ा बयान - 'नहीं दे सकते ढील, तीसरी लहर के लिए रहना होगा तैयार'

महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे का बड़ा बयान - 'नहीं दे सकते ढील, तीसरी लहर के लिए रहना होगा तैयार'

मुंबई: महाराष्ट्र में कोरोना कंट्रोल में हो रहा है लेकिन सरकार अभी कोई रिस्क लेना नहीं चाहती और लॉकडाउन 15 दिन के लिए और बढ़ा दिया है। वहीं सीएम उद्धव ठाकरे ने कहा है कि राज्य कोरोना  की तीसरी लहर से निबटने की तैयारी कर रहा है।



महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे  ने लोगों को कोरोना को लेकर अभी किसी भी तरह की ढिलाई न बरतने की सलाह दी है। राज्य में कोरोना से जुड़ी पाबंदियां 15 दिनों के लिए बढ़ा दी गई हैं। ठाकरे ने लोगों को सावधान बरतते हुए कहा, मुझे नहीं पता कि कब और किस तारीख को कोरोना की तीसरी लहर  आएगी। लिहाजा अभी हमें किसी को सतर्कता में कमी लाने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।


मुख्यमंत्री ने कहा कि महाराष्ट्र ने पिछले कुछ दिनों में कोरोना के सर्वाधिक मामलों का प्रकोप झेला है। लेकिन रिकवरी रेट 92 फीसदी पर पहुंच जाना एक अच्छा संकेत है। बच्चों को संक्रमण से बचाने की सलाह देते हुए उद्धव ठाकरे ने कहा, कोविड-19 की तीसरी लहर बच्चों को निशाना बना सकती है, लेकिन लोगों को ज्यादा चिंतित नहीं होना चाहिए, क्योंकि विशेषज्ञों का कहना है कि उनकी प्रतिरोधी क्षमता ज्यादा बेहतर होती है। अगर वे संक्रमण की चपेट में आते भी हैं तो भी वे इसे सहन कर ले जाएंगे। लेकिन हमें उनका ध्यान रखना होगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार बाल रोग विशेषज्ञों के साथ सलाह-मशविरा कर रही है कि उन्हें कैसे संक्रमण से बचाया जा सकता है। वहीं, म्यूकोरमाइकोसिस यानी ब्लैक फंगस के खतरे की ओर इशारा करते हुए उद्धव ठाकरे ने कहा, राज्य में अब तक ऐसे 3 हजार के करीब मामले मिल चुके हैं।

 महाराष्ट्र में टीकाकरण अभियान के बारे में मुख्यमंत्री ने कहा,  "राज्य में 18 से 44 आयु वर्ग के 6 करोड़ लोग हैं, लेकिन टीकों के उत्पादन और उपलब्धता को लेकर चिंता कायम है। जैसे ही हमें कोविड वैक्सीन उपलब्ध होंगी, हम अपनी क्षमता बढ़ा देंगे। हमें बताया गया है कि जून में काफी संख्या में टीके मिल जाएंगे।"