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उदयपुर हत्याकांड: आज राजस्थान के 5 जिलों में बंद का ऐलान, व्यापारी संगठनों ने भी किया समर्थन

हत्याकांड के विरोध में आज शनिवार को राजस्थान के 5 जिलों में बंद का ऐलान किया गया है। कोटा में हिंदू संगठनों की ओर से बंद बुलाया गया है। इसे स्थानीय व्यापारियों ने समर्थन दिया है। वहीं अलवर में व्यापारी संघ ने बंद की अपील की है। भरतपुर में सर्व समाज और हिंदू संगठनों ने बंद का आह्वान किया है। करौली शहर भी आज बंद रहेगा। बंद का आह्वान व्यापारिक व हिंदू संगठनों ने किया था।

उदयपुर: राजस्थान के उदयपुर में टेलर कन्हैयालाल के नृशंस हत्याकांड के मामले में हिंदू संगठनों में आक्रोश है। इस हत्याकांड के विरोध में आज शनिवार को राजस्थान के 5 जिलों में बंद का ऐलान किया गया है। कोटा में हिंदू संगठनों की ओर से बंद बुलाया गया है। इसे स्थानीय व्यापारियों ने समर्थन दिया है। 

वहीं अलवर में व्यापारी संघ ने बंद की अपील की है। भरतपुर में सर्व समाज और हिंदू संगठनों ने बंद का आह्वान किया है। करौली शहर भी आज बंद रहेगा। बंद का आह्वान व्यापारिक व हिंदू संगठनों ने किया था। श्रीगंगानगर में शनिवार को आधे दिन सुबह 9 से 1 बजे तक मार्केट बंद रहेगा।

गौरतलब है कि हत्याकांड के बाद उदयपुर सहित राजस्थान के कई शहरों में आक्रोश व्याप्त है। व्यापारी संगठन और आमजन दोषियों को फांसी की सजा देने की मांग कर रहे हैं। हत्याकांड के बाद उदयपुर में लोगों ने आक्रोशित होकर रैली निकाली। कलेक्टोरेट में ज्ञापन सौंपा गया। 

वहीं राजसमंद में पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तकरार भी हुई। इसमें एक कॉन्स्टेबल को चोट भी आई। कल जुमे की नमाज और उदयपुर रथयात्रा को लेकर इंटरनेट सेवा शाम तक बंद रखी गई थी।


NIA का खुलासा-कन्हैयालाल की हत्या सिर्फ दो लोगों की साजिश नहीं!

नई दिल्ली: राजस्थान के उदयपुर में टेलर कन्हैयालाल की निर्मम हत्याकांड ने पुरे देश को हिला के रख दिया है। कन्हैयालाल की हत्याकांड की केस एनआईए जांच कर रही है। 


एनआईए की जांच में सामने आया है कि कन्हैया की हत्या के पीछे पकड़े गए सिर्फ दो आरोपी रियाज मोहम्मद और गौस मोहम्मद ही नहीं है। इस हत्याकांड को सेल्फ रेडिकलाइज्ड लोकल संगठन ने अंजाम दिया है, जिसमें 10 से 12 लोग शामिल हो सकते हैं। ये लोग स्लीपर सेल की तरह आम लोगों के बीच घुल मिल कर रह रहे थे। इनका तरीका आतंकी संगठन जैसा है। इन आरोपियों की आतंकी संगठन से कनेक्शन तलाशे जा रहे हैं।


सूत्रों के हवाले से जानकारी मिल रही है कि इन आरोपियों का यहां कनेक्शन और साथी हो सकते हैं।  एनआईए जांच कर रही है कि सेल्फ रेडिकलाइज्ड लोकल संगठन की लिंक देश भर में और कहां-कहां पर हैं।

एनआईए कन्हैयालाल के हत्या के मामले की लिंक गुजरात और महाराष्ट्र में इस तरह से हुई हत्याओं के कनेक्शन की भी जांच कर रही है।

21 जून को महाराष्ट्र के अमरावती में उमेश कोल्हे नाम के शख्स को नूपुर शर्मा की टिप्पणी का समर्थन करने पर सिर कलम कर दिया गया था। इस हत्याकांड में अब्दुल। शोएब, मुदस्सिर और शाहरुख को गिरफ्तार किया गया था। इससे पहले गुजरात के धंदुका में दुकानदार किशन भाड़वाड़ की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में दो आरोपी शब्बीर और इम्तियाज को गिरफ्तार किया गया था।

ये सभी घटनाएं एक सी लग रही हैं और एनआईए इ सभी घटनाओं की पैटर्न की जांच कर रही है। हालांकि सभी मामलों में आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपियों ने घटना को छुपाने की कोशिश नहीं की जिसकी वजह से वह वो आसानी से पकड़े गए।


उदयपुर हत्याकांड : मास्टर माइंड बाबला सहित दो और पुलिस की गिरफ्त में

हत्याकांड के मामले में सूत्रों के हवाले से खबर है कि एसआईटी ने रियाज़ और गौस के अहम साथी बाबला को पकड़ लिया है। बाबला, रियाज़ और गौस का साथी था और जो नेटवर्क रियाज़ और गौस ने बनाया, उसका अहम किरदार था।

उदयपुर: हत्याकांड के मामले में सूत्रों के हवाले से खबर है कि एसआईटी ने रियाज़ और गौस के अहम साथी बाबला को पकड़ लिया है। बाबला, रियाज़ और गौस का साथी था और जो नेटवर्क रियाज़ और गौस ने बनाया, उसका अहम किरदार था। वह खांजीपीर में गौस मस्जिद के पास रहता था।
बाबला कई दिनों से फ़रार चल रहा था। दरअसल नूपुर शर्मा की पोस्ट वायरल करने पर सबसे पहले एक अन्य शख्स को मारने का प्लान बनाया गया था और इसकी ज़िम्मेदारी बाबला को दी गई थी। पुलिस इसे तलाश रही थी और अब यह पकड़ा गया।

पुलिस ने दो और आरोपियों को किया गिरफ्तार
उदयपुर हत्याकांड में एक बड़ा अपडेट आया है। इसके तहत दो और आरोपियों को देर रात गिरफ्तार किया गया है। हत्या में षड़यंत्र रचने के मामले में इन्हें गिरफ्तार किया गया है। इनके नाम मोहसिन और आसिफ हैं। वहीं 3 अन्य लोगों से पूछताछ चल रही है। इंजरी रिपोर्ट मिलने के बाद SIT ने धाराओं में भी बढ़ोतरी की है। हथियार मिलने के बाद मामले में जोड़ा गया आर्म्स एक्ट। षड्यंत्रकर्ताओं के नाम सामने आने के बाद धारा 120B भी जोड़ी गई। साथ ही धारा 307, 326 को भी एफआईआर में जोड़ा गया है।


दर्जी हत्याकांड: CM गहलोत ने की कन्हैया के परिवार से मुलाकात, कहा-'मौत की सजा दिलाने की रहेगी कोशिश'

उदयपुर में कन्हैया लाल की हत्या के बाद लोगों ने रोष का माहौल है। हत्याकांड की जांच के लिए NIA और SIT की टीम गठित की गई है। वहीं, राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत कन्हैया लाल के परिवार के घर पहुंचे हैं।

उदयपुर: उदयपुर में कन्हैया लाल की हत्या के बाद लोगों ने रोष का माहौल है। हत्याकांड की जांच के लिए NIA और SIT की टीम गठित की गई है। वहीं, राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत कन्हैया लाल के परिवार के घर पहुंचे हैं। उन्होंने यहां मृतक के परिवार से मुलाकात की।  उन्होंने कहा कि NIA ने केस अपने हाथ में ले लिया है। आरोपियों को फांसी की सजा दिलवाने का प्रयास करेंगे।

उन्होंने कहा कि जिसने हत्या की है और वीडियो बनाया है, इसका मतलब वह खुद ही गवाह है। हम फास्ट ट्रैक कोर्ट में केस चलवाने की कोशिश करेंगे। हम फांसी की सजा दिलवाने की कोशिश करवाएंगे। एक महीने के भीतर सजा दिलवाने की कोशिश होगी। NIA निष्पक्ष जांच करेगी और एजेंसी को पूरा सहयोग दिया जाएगा।

राजस्थान के सीएम गहलोत दोपहर करीब डेढ़ बजे एयरपोर्ट पहुंचे, वहां से सेक्टर-14 स्थित कन्हैया लाल के घर के लिए रवाना हुए। इस दौरान मंत्री राजेन्द्र यादव और प्रदेश कांग्रेस कमेटी चीफ गोविंद सिंह डोटासरा भी साथ रहे। प्रभारी मंत्री रामलाल जाट, विधायक प्रीति शक्तावत, CWC सदस्य रघुवीर मीणा और AICC सदस्य विवेक कटारा ने एयपोर्ट पर की गहलोत की अगवानी की।

इससे पहले उदयपुर हत्याकांड को लेकर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा था कि ये दो पक्षों के बीच का धार्मिक मामला नहीं है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रची गई साजिश है। हमने समय रहते आरोपियों को पकड़ लिया है। वरना न जाने कितने अपराधों को अंजाम देते। मुख्यमंत्री ने कहा कि मैं सभी से अपील करना चाहता हूं कि जब आरोपियों को पकड़ लिया गया है। NIA मामले की जांच कर रही है तो बंद और धरना-प्रदर्शन जैसे आयोजन नहीं होने चाहिए।


दर्जी कन्हैयालाल हत्याकांड: हत्यारों ने इस फैक्ट्री में बनाये थे धारदार हथियार

उदयपुर वाले मसले से हर कोई सहमा हुआ है। हर कोई कन्हैयालाल के लिए जस्टिस की मांग कर रहा है। इसी पेचीदा कड़ी में अब एक बड़ा खुलासा हुआ है। नुपूर शर्मा के सपोर्ट में ट्वीट पर हुए हत्याकांड के आरोपियों रियाज़ अत्तारी और मोहम्मद गौस ने एसके इंजीनियरिंग वर्क्स में धारदार हथियार बनाए थे। इन्हीं हथियारों का इस्तेमाल इस जघन्य हत्याकांड में किया गया।



उदयपुर: उदयपुर वाले मसले से हर कोई सहमा हुआ है। हर कोई कन्हैयालाल के लिए जस्टिस की मांग कर रहा है। इसी पेचीदा कड़ी में अब एक बड़ा खुलासा हुआ है। नुपूर शर्मा के सपोर्ट में ट्वीट पर हुए हत्याकांड के आरोपियों रियाज़ अत्तारी और मोहम्मद गौस ने एसके इंजीनियरिंग वर्क्स में धारदार हथियार बनाए थे।  इन्हीं हथियारों का इस्तेमाल इस जघन्य हत्याकांड में किया गया।  आरोपियों ने हत्या को अंजाम देने से पहले और बाद में इसी फैक्ट्री में वीडियो भी शूट किया था। हत्या में इस्तेमाल हथियार इसी फैक्ट्री से बरामद किया गया था।  

मीडिया रपोर्ट्स के मुताबिक पाकिस्तानी एंगल सामने आने के बाद मामले की जांच की जा रही है। जांच एजेंसियों को हत्यारों के ISIS के वीडियो से प्रेरित होने का शक है। माना जा रहा है कि दोनों आरोपी पाकिस्तान के लोगों के संपर्क में थे।  जांच एजेंसियों का दावा है कि दोनों में से एक आरोपी गौस मोहम्मद साल 2014-15 में 45 दिन कराची में ट्रेनिंग लेकर आया है। इस बीच एक और खुलासा हुआ है।  भाजपा नेत्री नुपूर शर्मा मामले में हत्या की धमकी और हत्या का वीडियो आरोपी गौस मोहम्मद ने डाला था। हत्या के बाद उदयपुर से अजमेर भाग रहे दोनों आरोपी अजमेर में एक और वीडियो बनाकर डालना चाह रहे थे।  वीडियो बनाने का आइडिया पाकिस्तानी हैंडलर ने दिया था ताकि ज़्यादा दहशत और लोगों में डर बना रहे।

जानकरों के मुताबिक मृतक कन्हैया लाल के बेटे तरुण का कहना है कि, 'पुलिसवाला का कहना था कि सुरक्षा कारणों से इसे बंद कर दें हमने 6 दिन तक दुकान बंद रखी। मेरे पिता को धमकी भरे कॉल आ रहे थे। अगर पुलिस एक दिन के लिए खड़ी होती तो हालात कुछ और होते।' दूसरे बेटे अरुण ने कहा कि मेरे पिता इकलौत परिवार को सँभालने वाले थे।


उदयपुर दर्जी हत्याकांड: आरोपी गौस मोहम्मद निकला आतंकी, पाकिस्तान के कराची में ली थी ट्रेनिंग, DGP ने किया खुलासा

गृह राज्य मंत्री राजेंद्र यादव ने कहा इस मामले की जांच अब NIA को हैंडओवर कर दी गई है। राजस्थान पुलिस NIA का पूरा सहयोग करेगी। पुलिस की शुरुआती जांच में कई खुलासे हुए हैं। डीजीपी एमएल लाठर ने प्रेस कांफ्रेंस कर बताया कि एक आरोपी गौस मोहम्मद का दावत ए इस्लामी नाम के संगठन के सम्पर्क में था।

नई दिल्ली: उदयपुर हत्याकांड मामले (Udaipur Murder Case) का आतंकी कनेक्शन सामने आया है। गृह राज्य मंत्री राजेंद्र यादव की दी हुई जानकारी के मुताबिक हत्या के आरोपी गौस मोहम्मद ने साल 2014-15 में पाकिस्तान में ट्रेनिंग ली थी। 


लेकिन यह साफ है कि वो स्लीपर सेल के तौर पर कर काम रहा था। इसका खुलासा ऐसे हुआ जब गौस मोहम्मद की 8 मोबाइल नंबरों से पाकिस्तान में लगातार संपर्क में रहने की जानकारी सामने आई। मोहम्मद अरब देशों और नेपाल में भी रह कर आया था। 

गृह राज्य मंत्री राजेंद्र यादव ने कहा इस मामले की जांच अब NIA को हैंडओवर कर दी गई है। राजस्थान पुलिस NIA का पूरा सहयोग करेगी।
पुलिस की शुरुआती जांच में कई खुलासे हुए हैं। डीजीपी एमएल  लाठर ने प्रेस कांफ्रेंस कर बताया कि एक आरोपी गौस मोहम्मद का दावत ए इस्लामी नाम के संगठन के सम्पर्क में था। 

इस संगठन के तहत ही आरोपी गौस मोहम्मद साल 2014 में पाकिस्तान के कराची में गया था। पुलिस ने बताया कि दावत ए इस्लामी संगठन का काम कुरान को लेकर ज्ञानवर्धन का है। 

उन्होंने बताया कि इस संगठन का दिल्ली और मुम्बई में मुख्यालय है। डीजीपी ने बताया कि आरोपियों को विदेशी कनेक्शन के बारे में जांच तेज कर दी है।

उन्होंने बताया कि आरोपियों के डिजिटल एविडेंस को लेकर राजस्थान पुलिस और एनआईए जांच कर रही है। उन्होंने बताया कि इस मामले को एक्ट ऑफ टेरर मानते हुए यूएपीए के तहत मामला दर्ज कर जांच की जा रही है। 

न्होंने बताया कि मृतक कन्हैयालाल ने 15 जून को थाने में परिवाद दिया था कि चार पांच लोग उसका पीछा कर रहे हैं। इस मामले में  दोनों पक्षों में समझौता हो गया था। 

उन्होंने बताया कि समझौता करने वाले और मृतक पर हमला करने वालों के बीच अब तक कोई कनेक्शन नहीं मिला है। लेकिन पुलिस अभी जांच कर रही है। उन्होंने बताया कि मंगलवार को एएसआई को सस्पेंड किया गया था। बुधवार को एसएचओ को भी संस्पेंड कर दिया गया है।


उदयपुर कांड: CM गहलोत ने बुलाई अधिकारियों की बैठक, कानून-व्यवस्था पर चर्चा, विपक्ष का चौतरफा हमला

उदयपुर की घटना पर आम आदमी पार्टी के नेता आतिशी मार्लेना ने कहा कि उदयपुर में जो घटना हुई है वो बहुत ही दर्दनाक और विभत्स है और अगर हमारे देश में ऐसी घटनाएं हो रही हैं तो ये देश के लिए शर्म की बात है।


नई दिल्ली: राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कल, 28 जून को कन्हैया लाल की हत्या के बाद राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति के बारे में अधिकारियों के साथ बैठक बुलाई है।

वहीं, गृह मंत्रालय कार्यालय ने कहा कि राजस्थान के उदयपुर में हुई कन्हैया लाल तेली की नृशंस हत्या की जांच को केंद्रीय गृह मंत्रालय ने राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) को अपने हाथ में लेने का निर्देश दिया है। किसी भी संगठन की संलिप्तता और अंतरराष्ट्रीय संपर्क की गहन जांच की जाएगी।

उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि राजस्थान की घटना बहुत दुखःद है। हत्यारों को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए। उत्तर प्रदेश में पूरी तरह से हम लोग सतर्कता बरत रहे हैं। कांग्रेस की सरकार में जो घटना घटी है यह पहले से पुलिस को पता थी। 

उसने FIR दर्ज़ कराई थी। वहां की सरकार ने कोई गंभीर कार्रवाई नहीं की। जिन अधिकारियों ने इसे नज़रअंदाज किया है उनके खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए। 

केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि इंसानियत के ख़िलाफ़ तालिबानी क्रूरता और शैतानी जुर्म न कोई इमान वाला कर सकता है न इस्लाम वाला, यह तालिबानी वाला कर सकता है। इस तरह की तालिबानी साजिशों को परास्त करना सबकी ज़िम्मेदारी है। यह केवल इंसानियत के नहीं बल्कि इस्लाम के भी दुश्मन है।

उदयपुर की घटना पर आम आदमी पार्टी के नेता आतिशी मार्लेना ने कहा कि उदयपुर में जो घटना हुई है वो बहुत ही दर्दनाक और विभत्स है और अगर हमारे देश में ऐसी घटनाएं हो रही हैं तो ये देश के लिए शर्म की बात है। 

हम ये उम्मीद करते हैं कि जो हमारा लॉ एंड ऑर्डर है वो इस घटना के लिए जो दो लोग दोषी हैं।।।जिन्होंने खुद वीडियो बना कर ये कहा है कि उन्होंने कन्हैया लाल के सिर को काटा है, उनको तुरंत सख्त से सख्त सजा देनी चाहिए, जिससे कि दोबारा कभी भी किसी की भी ऐसी घटना को अंजाम देने की हिम्मत ना हो।


उदयपुर कांड : पूरे राजस्थान में इंटरनेट सेवाएं बंद, धारा 144 लागू

उदयपुर में मंगलवार को एक दर्जी की क्रूर हत्या के बाद राजस्थान सरकार ने अगले 24 घंटों के लिए राज्य भर में इंटरनेट सेवाओं को निलंबित करने का आदेश दिया है। साथ ही राज्य में एक महीने के लिए धारा 144 लागू कर दी गई है।

उदयपुर: उदयपुर में मंगलवार को एक दर्जी की क्रूर हत्या के बाद राजस्थान सरकार ने अगले 24 घंटों के लिए राज्य भर में इंटरनेट सेवाओं को निलंबित करने का आदेश दिया है। साथ ही राज्य में एक महीने के लिए धारा 144 लागू कर दी गई है।

मुख्य सचिव उषा शर्मा की अध्यक्षता में हुई बैठक में सुरक्षा चिंताओं को ध्यान में रखते हुए इंटरनेट सेवाओं को निलंबित करने के अलावा राज्य भर में धारा 144 लागू करने का निर्णय लिया गया।

पुलिस महानिदेशक एम.एल. लाथेर ने कहा कि इससे पहले मंगलवार की शाम राजस्थान पुलिस ने उदयपुर में दिनदहाड़े एक दर्जी का सिर काटने के मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया था।

गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान उदयपुर के सूरजपोल इलाके के निवासी गोस मोहम्मद, बेटे रफीक मोहम्मद और अब्दुल जब्बार के बेटे रियाज के रूप में हुई है।

मृतक की पहचान राजसमंद जिले के भीमा कस्बे के रहने वाले कन्हैयालाल तेली (40) के रूप में हुई है, जो उदयपुर में सिलाई की दुकान चलाता था।


Rajasthan News: नूपुर शर्मा के समर्थन में पोस्ट करने पर युवक की सरेआम हत्या

मृतक के परिजनों का कहना है कि युवक ने करीब 10 दिन पहले नूपुर शर्मा के सपोर्ट में पोस्ट किया था। इसके बाद से उसे धमकी मिल रही थी।

उदयपुरः पैगम्बर मोहम्मद साहब के खिलाफ नूपुर शर्मा के बयान का समर्थन करने वाले एक युवक अपनी जान देकर इसकी कीमत चुकानी पड़ी है. दरअसल, नूपुर शर्मा के समर्थन में पोस्ट करने वाले युवक को पिछले 10 दिनों से जान से मारने के धमकियां मिल रही थी।

युवक ने पुलिस में भी इसकी शिकायत दर्ज कराई, लेकिन आरोप है कि पुलिस ने इस पर कोई कार्रवाई नहीं की, इस बीच मंगलवार की दोपहर जब युवक अपनी दुकान में था, 

तभी दो युवक कपड़े के नाप के बहाने उसकी दुकान में घुसे और तलवार से ताबड़तोड़ हमला कर उसकी हत्या कर दी. बताया जाता है कि आरोपी ने कम से कम 10 वार किए, जिससे युवक की मौके पर ही मौत हो गई।


मृतक के परिजनों का कहना है कि युवक ने करीब 10 दिन पहले नूपुर शर्मा के सपोर्ट में पोस्ट किया था। इसके बाद से उसे धमकी मिल रही थी। 

उसने यह जानकारी पुलिस को भी दी थी. मगर पुलिस ने कोई गंभीरता नहीं दिखाई. आज दो बाइक सवार दो बदमाश कपड़े का नाप देने के बहाने दुकान में आए। 

फिर अचानक तलवार से सिर और गले पर ताबड़तोड़ वार कर दिए। इससे युवक की मौके पर ही मौत हो गई। हमले का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें एक युवक ने उसके गले पर धारदार हथियार से वार करता दिख रहा है।

घटना दोपहर करीब 2.30 बजे की है। धान मंडी इलाके में भूत महल के पास सुप्रीम टेलर्स नाम की अपनी दुकान में था। इसी दौरान बाइक सवार 2 बदमाश आए।

इन लोगों ने अचानक युवक पर ताबड़तोड़ वार कर दिया। एक के बाद एक आधा दर्जन वार करने से उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया। इसके बाद दोनों बदमाश मौके से फरार हो गए।  

मर्डर के बाद मौके पर काफी खून फैल गया। इस बीच परिजनों ने मृतक कन्हैयालाल के पोस्ट के बाद मिल रही धमकियों की शिकायत के बावजूद पुलिस के कार्रवाई न करने पर हत्या होने पर हंगामा किया।

सीएम गहलोत ने की शांति की अपील

इस बीच राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है. अपने बयान में उन्होंने कहा है कि मैं उदयपुर में जघन्य हत्या की निंदा करता हूं।

अपराध में शामिल सभी लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और पुलिस मामले की तह तक जाएगी। मैं सभी पक्षों से शांति बनाए रखने की अपील करता हूं।  उन लोगों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाएगी, जो इस तरह के जघन्य अपराध में शामिल हैं।
 
 
राहुल गांधी बोले धर्म के नाम पर बर्बरता बर्दाश्त नहीं की जा सकती

 राहुल गांधी ने ट्वीट कर लोगों से शांति की अपील की है. राहुल गांधी ने लिखा है कि उदयपुर में हुई जघन्य हत्या से मैं बेहद स्तब्ध हूं। धर्म के नाम पर बर्बरता बर्दाश्त नहीं की जा सकती। 

इस हैवानियत से आतंक फैलाने वालों को तुरंत सख्त सजा मिले। हम सभी को साथ मिलकर नफरत को हराना है। मेरी सभी से अपील है, कृपया शांति और भाईचारा बनाए रखें.


अग्निपथ स्कीम को राजस्थान मंत्रिपरिषद ने निरस्त करने का प्रस्ताव पारित किया

प्रस्ताव में कहा गया है कि युवाओं में अपने भविष्य को लेकर कई संदेह पैदा हो गए हैं, इसलिए योजना के प्रावधानों के खिलाफ पूरे देश में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए हैं, युवा सड़कों और रेलवे ट्रैक पर धरना दे रहे हैं।

जयपुर: राजस्थान में मंत्रिपरिषद ने शनिवार को सर्वसम्मति से एक प्रस्ताव पारित किया, जिसमें कहा गया कि सशस्त्र बलों में अल्पकालिक भर्ती के लिए केंद्र की अग्निपथ योजना को व्यापक जनहित और नौजवानों की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए वापस लिया जाना चाहिए। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की अध्यक्षता में यहां शनिवार को मुख्यमंत्री आवास पर बैठक हुई।

बैठक में मंत्रिपरिषद ने अग्निपथ योजना के खिलाफ देशव्यापी विरोध प्रदर्शन पर चिंता प्रकट की।

बैठक के दौरान कहा गया कि भारतीय सेना की गरिमा और प्रतिष्ठा को बनाए रखने के लिए बल में कौशल, अनुभव और स्थिरता का होना जरूरी है। सेना में दक्षता बढ़ाने के लिए अल्पकालिक भर्तियों के बजाय स्थायी सैनिकों का होना जरूरी है, ताकि देश उनके अनुभव का लाभ उठा सके। सेना को सभी संसाधनों से लैस होना चाहिए और लगातार मजबूत होना चाहिए।

प्रस्ताव में कहा गया है कि युवाओं में अपने भविष्य को लेकर कई संदेह पैदा हो गए हैं, इसलिए योजना के प्रावधानों के खिलाफ पूरे देश में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए हैं, युवा सड़कों और रेलवे ट्रैक पर धरना दे रहे हैं।

कई राज्यों से तोड़फोड़ और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की घटनाएं सामने आई हैं। बिहार, उत्तर प्रदेश, तेलंगाना, हरियाणा, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, दिल्ली, झारखंड, जम्मू-कश्मीर और असम सहित विभिन्न राज्यों में प्रदर्शन हो रहे हैं। इसमें कहा गया है कि बिहार, उत्तर प्रदेश और तेलंगाना जैसे राज्यों में युवाओं ने रेलवे के डिब्बों में आग लगा दी।

बैठक में चर्चा की गई कि कई सैन्य विशेषज्ञों की राय है कि अग्निपथ योजना से न तो युवाओं का भविष्य सुरक्षित होगा और न ही देश की सेना पूरे आत्मविश्वास के साथ चुनौतियों का सामना कर पाएगी।

प्रस्ताव में कहा गया है कि विशेषज्ञों का मानना है, सेना में नियमित भर्ती होनी चाहिए और सैनिकों को सभी लाभ मिलने चाहिए, ताकि उनका और उनके परिवार का भविष्य सुरक्षित हो सके।


CBI ने धोखाधड़ी मामले में राजस्थान के CM के भाई और 14 अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया

केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने शुक्रवार को कहा कि उसने राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के बड़े भाई और निजी फर्मों सहित 15 आरोपियों के खिलाफ कथित तौर पर राजकोष को 52.8 करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचाने के आरोप में मामला दर्ज किया है।

नई दिल्ली: केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने शुक्रवार को कहा कि उसने राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के बड़े भाई और निजी फर्मों सहित 15 आरोपियों के खिलाफ कथित तौर पर राजकोष को 52.8 करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचाने के आरोप में मामला दर्ज किया है। गुजरात, राजस्थान, पश्चिम बंगाल में स्थित निजी कंपनियों, उनके निदेशकों, मालिकों, भागीदारों और अज्ञात अन्य लोगों के खिलाफ सीबीआई ने मामला दर्ज किया है।

राजस्थान के सीएम अशोक गहलोत के बड़े भाई अग्रसेन गहलोत खाद के कारोबार से जुड़े हुए हैं। एफआईआर में उन्हें आरोपी बनाया गया है।

सीबीआई के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि शुरूआत में मामले में प्रारंभिक जांच दर्ज की गई थी। सीबीआई को जांच के दौरान पता चला कि म्यूरेट ऑफ पोटाश (एमओपी) एक प्रतिबंधित वस्तु है, जिसका निर्यात सरकार की पूर्व अनुमति से ही किया जा सकता है।

इंडियन पोटाश लिमिटेड (आईपीएल) अपने अधिकृत डीलरों के माध्यम से रियायती दरों पर किसानों को आयातित म्यूरेट ऑफ पोटाश (एमओपी) की आपूर्ति करता है और सरकार से सब्सिडी का दावा करता है।

यह भी पाया गया कि एमओपी को कथित तौर पर फेल्डस्पार पाउडर, औद्योगिक नमक की आड़ में विदेशी खरीदारों को निर्यात किया गया था।

सीबीआई अधिकारी ने कहा, "इसके अलावा लेन-देन को कवर करने के लिए, राजस्थान और कोलकाता में डीलरों के माध्यम से कथित तौर पर फेल्डस्पार पाउडर, औद्योगिक नमक की फर्जी खरीद को दिखाया गया था। आरोपी ने 2007 से 2009 की अवधि के दौरान सेंट्रल बोर्ड ऑफ एक्साइज एंड कस्टम्स और इंडियन पोटाश लिमिटेड के अधिकारियों के साथ एक साजिश रची थी और धोखे से औद्योगिक नमक, फेल्डस्पार पाउडर की आड़ में कुल 24003 मीट्रिक टन म्यूरेट ऑफ पोटाश की खरीद और निर्यात करने में मदद की। इससे भारत सरकार को 52.8 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ।"

उन्होंने कहा कि राजस्थान, गुजरात और पश्चिम बंगाल में करीब 15 स्थानों पर आरोपियों के परिसरों की तलाशी ली जा रही है।


राजस्थान के CM अशोक गहलोत के भाई अग्रसेन गहलोत के घर सीबीआई का छापा

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के भाई अग्रसेन गहलोत के जोधपुर स्थित आवास पर सीबीआई द्वारा छापेमारी की जा रही है।

जोधपुर: मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के भाई अग्रसेन गहलोत के जोधपुर स्थित आवास पर सीबीआई द्वारा छापेमारी की जा रही है। शेष जानकारी प्रतीक्षारत है।


राजस्थान के मंत्री से मांगी 70 लाख की रंगदारी, 20 हिरासत में

धमकी देने वाले शख्स ने अपना परिचय गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के सोपू गैंग का सदस्य बताते हुए कहा कि अगर रकम का भुगतान नहीं किया गया तो कांग्रेस विधायक के पूरे परिवार को मार दिया जाएगा।

जयपुर: राजस्थान पुलिस ने बुधवार को कांग्रेस विधायक और राज्य के कैबिनेट मंत्री गोविंद राम मेघवाल को कथित रूप से धमकी देकर 70 लाख रुपये मांगने के आरोप में करीब 20 लोगों को हिरासत में लिया। 

मेघवाल 10 जून के राज्यसभा चुनाव से पहले अवैध शिकार से बचने के लिए पार्टी की योजना के तहत उदयपुर के एक रिसॉर्ट में डेरा डाले हुए हैं।

पुलिस के मुताबिक, धमकी देने वाले शख्स ने अपना परिचय गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के सोपू गैंग का सदस्य बताते हुए कहा कि अगर रकम का भुगतान नहीं किया गया तो कांग्रेस विधायक के पूरे परिवार को मार दिया जाएगा।

खूंखार गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई इस समय दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद है। वह पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला की हालिया हत्या के कथित संबंधों के बाद से चर्चा में है।

मेघवाल को धमकी भरा कॉल मंगलवार रात मलेशिया के एक नंबर से आया था।

पुलिस की साइबर टीम ने मामले की जांच के बाद बीकानेर के मूल निवासी सुनील विश्नोई नाम के एक व्यक्ति की पहचान की, जिसके बाद एक तलाशी अभियान शुरू किया गया, जिसमें बुधवार को 20 लोगों को हिरासत में लिया गया।

सुनील विश्नोई फिलहाल मलेशिया में कार्यरत है। पुलिस जांच में सामने आया कि एस.के. मीणा के नाम से उसका एक फेसबुक पेज है।


12वीं के छात्रों का इंतजार खत्म, राजस्थान बोर्ड ने साइंस और कॉमर्स स्ट्रीम के नतीजे किए परिणाम, ऐसे देखें अपना रिजल्ट

रिजल्ट घोषित होने से छात्र-छात्राओं में खुशी की लहर है। छात्र अपना रिजल्ट आधिकारिक वेबसाइट rajeduboard.rajasthan.gov.in पर जाकर देख सकते हैं। बोर्ड का रिजल्ट राज्य के शिक्षा मंत्री बी डी कल्ला (Education Minister BD Kalla) ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में जारी किया।

नई दिल्ली: राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) की परीक्षा देने वाले 12वीं के छात्र-छात्राओं का इंतजार अब खत्म हो गया है। राजस्थान बोर्ड ने पहले 12वीं साइंस और कॉमर्स स्ट्रीम के नतीजे घोषित कर दिए हैं। रिजल्ट घोषित होने से छात्र-छात्राओं में खुशी की लहर है। छात्र अपना रिजल्ट आधिकारिक वेबसाइट rajeduboard.rajasthan.gov.in पर जाकर देख सकते हैं। बोर्ड का रिजल्ट राज्य के शिक्षा मंत्री बी डी कल्ला (Education Minister BD Kalla) ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में जारी किया। 

एसएमएस के जरिए देखें रिजल्ट

राजस्थान बोर्ड की 12वीं साइंस परीक्षा के लिए इस साल 2 लाख 31 हजार 989 छात्र-छात्राओं ने रजिस्ट्रेशन कराया था। जबकि, कॉमर्स के लिए 27 हजार 339 विद्यार्थियों ने रजिस्ट्रेशन किया था। बोर्ड ने छात्रों को रिजल्ट दिखाने के लिए एसएमएस (SMS) की सुविधा भी प्रदान कराई है। एसएमएस द्वारा साइंस स्ट्रीम का रिजल्ट देख ने के लिए विद्यार्थी  RJ12S <स्पेस> रोल नंबर टाइप कर के 5676750 या 56263 पर भेजें। कॉमर्स स्ट्रीम के छात्र RJ12C <स्पेस> रोल नंबर टाइप करें और इसे 5676750 या 56263 पर भेज दें। जिसके बाद आपके रिजल्ट का फोन पर मैसेज आ जाएगा। 


वेबसाइट पर ऐसे देखें

छात्र-छात्राएं रिजल्ट चेक करने के लिए राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की आधिकारिक साइट rajeduboard.rajasthan.gov.in पर जाएं। इसके बाद होम पेज पर उपलब्ध राजस्थान 12वीं क्लास रिजल्ट वाले लिंक पर क्लिक करें। अब आपके के सामने एक नया पेज खुल जाएगा।  यहां छात्र-छात्राएं अपना रोल नंबर समेत अन्य डिटेल दर्ज कर सबमिट करें। उसके बाद आपका रिजल्ट स्क्रीन पर आ जाएगा। अब आप इसे डाउनलोड कर सकते हैं। 


Rajasthan News : जयपुर में एक ही परिवार की तीन गुमशुदा बहुओं का शव कुएं में मिलने से क्षेत्र में सनसनी, जांच में जुटी पुलिस

बताया जा रहा है कि तीनों बहुओं की गुमशुदगी मायके वालों ने थाने में दर्ज कराई थी। आज तीनों बहुओं का शव एक ही कुएं में बरामद हुआ है। पुलिस मामले की हर एंगल से जांच कर रहे हैं।

जयपुर: राजस्थान के जयपुर में एक ही परिवार के तीन बहुओं का शव एक ही कुएं में मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। बताया जा रहा है कि तीनों बहुओं की गुमशुदगी मायके वालों ने थाने में दर्ज कराई थी। आज तीनों बहुओं का शव एक ही कुएं में बरामद हुआ है। पुलिस मामले की हर एंगल से जांच कर रहे हैं।


जयपुर के एसएसपी दिनेश कुमार शर्मा ने बताया कि सूचना मिली थी कि एक ही परिवार की तीन बहुएं अपने बच्चों को लेकर घर से निकल गई हैं। गुमशुदगी की सूचना पहले भी पीहर पक्ष ने दर्ज कराई थी और उन्होंने रिपोर्ट भी दी थी जिस पर हमने तीनों महिलाओं की तलाश की थी।

एसएसपी ने आगे बताया कि मामले में जांच करने पर पता चला था कि ससुराल में ही पति-पत्नी में आपस में विवाद हुआ था, जिसके बाद तीनों सगी बहनें घर से निकली थी। आज एक कुएं में तीनों के शव बरामद हुए हैं। मामले में जांच की जा रही है, जो भी दोषी होगा उस पर कार्रवाई होगी।


इस्तीफे की पेशकश के बाद अब राजस्थान के खेल मंत्री ने लिया यू-टर्न

शुक्रवार शाम गहलोत के साथ बैठक के बाद चंदना ने ट्विटर पर कहा, "मुख्यमंत्री के साथ सभी विषयों पर सार्थक और लंबी चर्चा हुई।"

जयपुर: इस्तीफा देने की पेशकश करने वाले राजस्थान के खेल मंत्री अशोक चंदना ने यू-टर्न लेते हुए कहा कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत जो भी फैसला लेंगे, वह उनका पालन करेंगे।

शुक्रवार शाम गहलोत के साथ बैठक के बाद चंदना ने ट्विटर पर कहा, "मुख्यमंत्री के साथ सभी विषयों पर सार्थक और लंबी चर्चा हुई।"

उन्होंने कहा कि गहलोत राजस्थान में कांग्रेस परिवार के संरक्षक हैं और मुख्यमंत्री जो भी निर्णय लेंगे वह सही होगा।

चंदना ने आगे कहा कि कांग्रेस मिशन 2023 के लिए एकजुट और लामबंद है। बैठक शाम करीब सात बजे मुख्यमंत्री आवास पर हुई और चंदना बिना मीडिया से बात किए वहां से चले गए।

इससे पहले शुक्रवार को चंदना ने एक ट्वीट में मुख्यमंत्री को अपना इस्तीफा देने की पेशकश की थी और कहा था मुझे इस लापरवाह पद से मुक्त करो। लेकिन गहलोत ने यह कहते हुए इस्तीफे को तवज्जो नहीं दी कि चंदना ने दबाव में इस्तीफा दिया होगा।


राजस्थान के मंत्री महेश जोशी के बेटे रोहित जोशी को दिल्ली पुलिस ने किया तलब, दुष्कर्म का लगा है आरोप

राजस्थान सरकार में मंत्री महेश जोशी के बेटे रोहित जोशी को दिल्ली पुलिस ने जयपुर में उनके मकान पर नोटिस चस्पा कर जांच में सहयोग करने के लिए 18 मई को पेश होने को कहा है।

जयपुर: राजस्थान सरकार में मंत्री महेश जोशी के बेटे रोहित जोशी को दिल्ली पुलिस ने जयपुर में उनके मकान पर नोटिस चस्पा कर जांच में सहयोग करने के लिए 18 मई को पेश होने को कहा है। 


वहीं मंत्री महेश जोशी ने कहा कि मुझे अभी मीडिया के माध्यम से इस बारे में पता चला। पुलिस ने अभी तक मुझसे संपर्क नहीं किया है। मुझसे  पुलिस जो पूछेगी मैं उसका उचित जवाब दूंगा, मैं जांच में पूरा सहयोग करूंगा। पुलिस जांच करे और सच्चाई को सामने लेकर आए।


Rajasthan News: भीलवाड़ा में युवक की चाकू घोपकर हत्या के बाद बवाल, इंटरनेट सेवाएं बंद, फोर्स तैनात

भीलवाड़ा जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत शास्त्री नगर में बीती रात 22 वर्षीय युवक की कथित तौर पर चाकू मारकर हत्या कर दी गई। इलाके में पुलिस बल तैनात किया गया है। घटना के मद्देनजर भीलवाड़ा में गुरुवार, 12 मई को सुबह 6 बजे तक इंटरनेट सेवाएं बंद रहेंगी।

भीलवाड़ा: राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत शास्त्री नगर में बीती रात 22 वर्षीय युवक की कथित तौर पर चाकू मारकर हत्या कर दी गई। इलाके में पुलिस बल तैनात किया गया है। घटना के मद्देनजर भीलवाड़ा में गुरुवार, 12 मई को सुबह 6 बजे तक इंटरनेट सेवाएं बंद रहेंगी।

भीलवाड़ा के कलेक्टर आशीष मोदी ने बताया कि परसो रात जो घटना हुई थी उसके बाद कुछ संगठनों द्वारा बंद का आह्वान किया गया और परिजनों द्वारा कुछ मांग की गई। सहमति बनने के बाद कल शाम 5 बजे पोस्टमार्टम किया गया जिसके बाद अंतिम संस्कार किया गया। जिसके बाद बंद को वापस लिया गया और बाजार खोले गए।

उन्होंने आगे बताया कि रात को पुलिस गश्त पर थी। शहर में अब शांति व्यवस्था बनी हुई है। 24 घंटे के लिए इंटरनेट सेवाएं निलंबित की गई थी जिन्हें अब बहाल कर दिया गया है।


जोधपुर हिंसा: अबतक 200 से ज्यादा को किया गया गिरफ्तार

अब तक पकड़े गए 211 में से 191 को धारा 151 के तहत और 20 को अन्य धाराओं के तहत गिरफ्तार किया गया है।

जोधपुर: जोधपुर में तीन मई को हुई सांप्रदायिक हिंसा के मामले में अब तक 211 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस महानिदेशक एम. एल. लाथेर ने गुरुवार को यहां यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि स्थिति अब नियंत्रण में है और पुलिस शहर में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर संभव उपाय कर रही है। लाथेर ने कहा कि पुलिस लोगों में सद्भावना पैदा करने के लिए शांति समिति की बैठकें भी आयोजित की जा रही हैं।

अब तक पकड़े गए 211 में से 191 को धारा 151 के तहत और 20 को अन्य धाराओं के तहत गिरफ्तार किया गया है।

इसके अलावा, 19 प्राथमिकी दर्ज की गई हैं, जिनमें चार पुलिस द्वारा और 15 आम जनता द्वारा दर्ज कराई गई है।

उन्होंने कहा कि डीजीपी के अनुसार आम जनता से शांति बनाए रखने, अफवाहों पर विश्वास न करने और अफवाहों के बारे में तुरंत स्थानीय पुलिस अधिकारियों को सूचित करने की अपील की गई है।

इस बीच, राज्य सरकार ने शहर के दस थानों में लगाए गए कर्फ्यू को 6 मई की मध्यरात्रि तक बढ़ा दिया है।

अधिकारियों ने कहा कि इंटरनेट सेवाएं भी अगले आदेश तक निलंबित रहेंगी।

डीजीपी ने कहा कि एहतियात के तौर पर कर्फ्यू को बढ़ा दिया गया है, जिन छात्रों को परीक्षा देने की जरूरत है, उन्हें अनुमति दी जा रही है।

बुधवार को कमिश्नरेट कोर्ट आधी रात तक खुला रहा और 60 लोगों को जमानत दे दी।

दो समुदायों की एक बैठक बुलाई गई, जिसके दौरान दोनों समुदाय शांति बनाए रखने पर सहमत हुए हैं।

बैठक में भाजपा विधायक सूर्यकांता व्यास ने निर्दोष लोगों की रिहाई और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। उन्होंने बैठक का बहिष्कार किया और 'धरना' और उपवास की चेतावनी दी।

हालांकि, प्रशासन द्वारा निर्दोष लोगों को रिहा करने के आश्वासन के बाद भाजपा ने गुरुवार से शुरू होने वाले 'धरना' प्रदर्शन और उपवास कार्यक्रम को रद्द कर दिया है।


जोधपुर हिंसा: CM गहलोत का भाजपा पर हमला, कहा-'इनकी दंगे भड़काने की थी योजना'

सीएम अशोक गहलोत ने कहा कि ये(भाजपा) सब जगह आग लगा रहे हैं। एजेंडा बना रहे हैं, लड़ने दे रहे हैं। इनकी दंगे भड़काने की योजना थी, करौली, उसके बाद जोधपुर में, राजगढ़ में इनका अपना बोर्ड है वहां पर भी... हम लोगों ने पूरा प्रयास करके समय पर कार्रवाई की, गिरफ़्तारियां की गई, आरोपी भागते फिर रहे हैं।

जयपुर: राजस्थान के जोधपुर में हुई हिंसा को लेकर सीएम अशोक गहलोत ने भाजपा पर करारा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया है कि भाजपा की योजना दंगे भड़काने की थी।

सीएम अशोक गहलोत ने कहा कि ये(भाजपा) सब जगह आग लगा रहे हैं। एजेंडा बना रहे हैं, लड़ने दे रहे हैं। इनकी दंगे भड़काने की योजना थी, करौली, उसके बाद जोधपुर में, राजगढ़ में इनका अपना बोर्ड है वहां पर भी... हम लोगों ने पूरा प्रयास करके समय पर कार्रवाई की, गिरफ़्तारियां की गई, आरोपी भागते फिर रहे हैं।

सीएम ने आगे कहा कि हमने तय कर रखा है कि किसी भी कीमत पर राजस्थान में हिंसा नहीं होने देंगे, इनकी हरकतों का मुकाबला करेंगे।

6 मई तक बढ़ाया गया कर्फ्यू, पुलिस का दावा-काबू में है हालात

राजस्थान के जोधपुर मे हुए बवाल के बाद शहर में कर्फ्यू जैसी स्थित है। ताजी खबर यह है कि अभी भी कुछ क्षेत्रों में हालात सामान्य नहीं है। ऐसे में प्रशासन ने कई इलाकों में 6 मई तक के लिए कर्फ्यू को बढ़ाने का फैसला लिया है।

मिली जानकारी के मुताबिक, थान उदयमंदिर के आंशिक क्षेत्र राई का बाग रोड़वेज बस स्टैंड और राई का बाग रेलवे स्टेशन को छोड़कर शेष उदयमंदिर थाना क्षेत्र, सदरकोतावली, सदरबाजार, नागोरी गेट, खांडाफलसा का संपूर्ण क्षेत्र और जिला पश्चिम के थाना प्रतापनगर, प्रतापनगर सदर, देनवगर, सूरसागर, सरदारपुरा के संपूर्ण क्षेत्र में 6 मई रात 12 बजे तक कर्फ्यू को बढ़ा दिया गया है।

इससे पहले राज्य के पुलिस महानिदेशक एम. एल. लाठर ने जयपुर में बताया कि जोधपुर शहर में स्थिति नियंत्रण में है और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस हर संभव कदम उठा रही है। उन्होंने बताया कि जिले में शांति और सौहार्द बिगाड़ने के आरोप में अभी तक कुल 141 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और इनमें से 133 को धारा 151 जबकि आठ को अन्य धाराओं में गिरफ्तार किया गया है।

कर्फ्यू के दौरान इन्हें मिलेगी छूट

  • कर्फ्यू के दौरान अलग-अलग स्कूलों की परीक्षा, प्रतियोगी परिक्षाओं में शामिल होने वाले छात्रों, शिक्षकों और परीक्षा के कार्य में लगे स्टाफ को आने जाने की छूट होगी।
  • मेडिकल इमरजेंसी, मेडिकल सेवा से संबंधिक कर्मचारी, बैंक के कर्मचारी, न्यायिक सेवाओं से संबंध रखने वाले पदाधिकारी, कर्मचारी और पत्रकार/मीडियाकर्मियों द्वारा परिचय पत्र/दस्तावेज दिखाने पर अनुमति होगी।
  • समाचार पत्र वितरक (हॉकर्स) को पेपर बांटने की अनुमति होगी।
  • अन्य विशेष परिस्थितियों में अति आवश्यक होने पर कर्फ्यू में निकलने के लिए संबंधित सहायक पुलिस आयुक्त और संबंधित थानाधिकारी अनुमति दे सकेंगे।


जोधपुर बवाल: कई इलाकों में 6 मई तक बढ़ाया गया कर्फ्यू, पुलिस का दावा-काबू में है हालात

मिली जानकारी के मुताबिक, थान उदयमंदिर के आंशिक क्षेत्र राई का बाग रोड़वेज बस स्टैंड और राई का बाग रेलवे स्टेशन को छोड़कर शेष उदयमंदिर थाना क्षेत्र, सदरकोतावली, सदरबाजार, नागोरी गेट, खांडाफलसा का संपूर्ण क्षेत्र और जिला पश्चिम के थाना प्रतापनगर, प्रतापनगर सदर, देनवगर, सूरसागर, सरदारपुरा के संपूर्ण क्षेत्र में 6 मई रात 12 बजे तक कर्फ्यू को बढ़ा दिया गया है।

जोधपुर: राजस्थान के जोधपुर मे हुए बवाल के बाद शहर में कर्फ्यू जैसी स्थित है। ताजी खबर यह है कि अभी भी कुछ क्षेत्रों में हालात सामान्य नहीं है। ऐसे में प्रशासन ने कई इलाकों में 6 मई तक के लिए कर्फ्यू को बढ़ाने का फैसला लिया है।

मिली जानकारी के मुताबिक, थान उदयमंदिर के आंशिक क्षेत्र राई का बाग रोड़वेज बस स्टैंड और राई का बाग रेलवे स्टेशन को छोड़कर शेष उदयमंदिर थाना क्षेत्र, सदरकोतावली, सदरबाजार, नागोरी गेट, खांडाफलसा का संपूर्ण क्षेत्र और जिला पश्चिम के थाना प्रतापनगर, प्रतापनगर सदर, देनवगर, सूरसागर, सरदारपुरा के संपूर्ण क्षेत्र में 6 मई रात 12 बजे तक कर्फ्यू को बढ़ा दिया गया है।

इससे पहले राज्य के पुलिस महानिदेशक एम। एल। लाठर ने जयपुर में बताया कि जोधपुर शहर में स्थिति नियंत्रण में है और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस हर संभव कदम उठा रही है। उन्होंने बताया कि जिले में शांति और सौहार्द बिगाड़ने के आरोप में अभी तक कुल 141 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और इनमें से 133 को धारा 151 जबकि आठ को अन्य धाराओं में गिरफ्तार किया गया है।

कर्फ्यू के दौरान इन्हें मिलेगी छूट

कर्फ्यू के दौरान अलग-अलग स्कूलों की परीक्षा, प्रतियोगी परिक्षाओं में शामिल होने वाले छात्रों, शिक्षकों और परीक्षा के कार्य में लगे स्टाफ को आने जाने की छूट होगी।
मेडिकल इमरजेंसी, मेडिकल सेवा से संबंधिक कर्मचारी, बैंक के कर्मचारी, न्यायिक सेवाओं से संबंध रखने वाले पदाधिकारी, कर्मचारी और पत्रकार/मीडियाकर्मियों द्वारा परिचय पत्र/दस्तावेज दिखाने पर अनुमति होगी।
समाचार पत्र वितरक (हॉकर्स) को पेपर बांटने की अनुमति होगी।
अन्य विशेष परिस्थितियों में अति आवश्यक होने पर कर्फ्यू में निकलने के लिए संबंधित सहायक पुलिस आयुक्त और संबंधित थानाधिकारी अनुमति दे सकेंगे।


जोधपुर हिंसा: अबतक 97 गिरफ्तार, कई इलाकों में लगा कर्फ्यू, इंटरनेट किया गया बंद

तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए 10 थाना क्षेत्रों में कर्फ्यू लगा दिया गया है।

जोधपुर: राजस्थान के जोधपुर में सोमवार रात दो समूहों के बीच हुई झड़प के सिलसिले में कम से कम 97 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। झड़प मंगलवार को भी जारी रही, जिसके बाद इंटरनेट सेवाओं को निलंबित कर दिया गया और 10 थाना क्षेत्रों में कर्फ्यू लगा दिया गया।

 मंडलायुक्त ने मंगलवार को पूरे जोधपुर जिले (जोधपुर कमिश्नरी सहित) में शांति और सौहार्दपूर्ण माहौल बनाए रखने और अफवाहों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से इंटरनेट सेवाओं को निलंबित कर दिया।

संभागीय आयुक्त हिमांशु गुप्ता द्वारा जारी आदेश के अनुसार : "2जी/3जी/4जी/डेटा (मोबाइल इंटरनेट), बल्क एसएमएस, एमएमएस/व्हाट्सएप, फेसबुक, ट्विटर और अन्य सोशल मीडिया (वॉयस कॉल, ब्रॉडबैंड इंटरनेट, लीज थ्रू इंटरनेट सर्विस) प्रदाता इंटरनेट सेवाएं, लाइनों को छोड़कर, निलंबित कर दी गई हैं। यह प्रतिबंध अगले आदेश तक जारी रहेगा।" झड़प पहले सोमवार देर रात हुई थी।

जालोरी गेट चौराहे पर सोमवार को रात करीब 11.30 बजे कुछ लोगों द्वारा झंडा फहराए जाने के बाद हिंसा शुरू हुई। इसका वीडियो बना रहे एक शख्स की कुछ युवकों ने पिटाई कर दी। कुछ लोग उसके बचाव में आए तो उनकी भी पिटाई कर दी। इसके बाद दूसरे गुट ने पथराव शुरू कर दिया। पथराव में पुलिस उपायुक्त पूर्व और उदयमंदिर एसएचओ घायल हो गए।

जालोरी गेट पर झंडा फहराने को लेकर मंगलवार सुबह फिर से हिंसा भड़क गई। पुलिस ने बदमाशों पर लाठीचार्ज किया, आंसूगैस के गोले दागे और भीड़ को तितर-बितर किया।

तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए 10 थाना क्षेत्रों में कर्फ्यू लगा दिया गया है।

इस बीच, पुलिस आयुक्तालय ने आंशिक रूप से संशोधित आदेश जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि विभिन्न स्कूल परीक्षाओं, प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल होने वाले छात्रों, शिक्षकों और परीक्षा कार्य में लगे कर्मचारियों को कर्फ्यू के दौरान आने-जाने की अनुमति दी जाएगी।

चिकित्सा आपातकालीन सेवाओं, चिकित्सा कर्मचारियों, बैंक कर्मचारियों, न्यायिक सेवाओं से संबंधित अधिकारियों, कर्मचारियों, पत्रकारों और मीडियाकर्मियों को पहचानपत्र या दस्तावेज दिखाने की जरूरत होगी।

विशेष परिस्थितियों में, आवश्यक होने पर संबंधित सहायक पुलिस आयुक्त कर्फ्यू में बाहर जाने की अनुमति दे सकेंगे। बाकी आदेश यथावत रहेंगे।

एडीजी कानून-व्यवस्था हवा सिंह घूमरिया ने बताया कि जोधपुर में कर्फ्यू का सख्ती से पालन कराया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि जिले में करीब 1,000 पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है और छोटी हो या बड़ी, हर घटना पर कड़ी नजर रखी जा रही है।

इस बीच, राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने पुलिस और प्रशासन को सांप्रदायिक सद्भाव और भाईचारे को बिगाड़ने वाली घटनाओं के लिए जिम्मेदार असामाजिक तत्वों की पहचान करने और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश दिया। उन्होंने जोधपुर की घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताया।


मंगलवार को मुख्यमंत्री कार्यालय में एक उच्चस्तरीय बैठक को संबोधित करते हुए गहलोत ने कहा कि कोई अपराधी, चाहे किसी भी धर्म, जाति या वर्ग का हो, उसे बख्शा नहीं जाना चाहिए। उन्होंने आम जनता से शांति बनाए रखने की अपील की।

उन्होंने राज्य के गृहमंत्री राजेंद्र सिंह यादव, जोधपुर के प्रभारी मंत्री सुभाष गर्ग, अतिरिक्त मुख्य सचिव गृह अभय कुमार और अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कानून व्यवस्था) हवा सिंह घुमरिया को तुरंत जोधपुर जाने का निर्देश दिया।


जोधपुर में बवाल: फिर से हिंसा भड़कने पर शहर के कुछ हिस्सों में कर्फ्यू लगा

राजस्थान के जोधपुर के दस थाना क्षेत्रों में दो समूहों के बीच फिर से झड़प के बाद मंगलवार को कर्फ्यू लगा दिया गया। झड़प पहले सोमवार देर रात हुई थी।

जोधपुर: राजस्थान के जोधपुर के दस थाना क्षेत्रों में दो समूहों के बीच फिर से झड़प के बाद मंगलवार को कर्फ्यू लगा दिया गया। झड़प पहले सोमवार देर रात हुई थी।

जालोरी गेट पर झंडा फहराने को लेकर मंगलवार सुबह फिर से हिंसा भड़क गई। पुलिस ने बदमाशों पर लाठीचार्ज किया, आंसू गैस के गोले दागे और भीड़ को तितर-बितर किया।

तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए 10 थाना क्षेत्रों में कर्फ्यू लगा दिया गया है। वहीं, जिले में मंगलवार मध्यरात्रि तक इंटरनेट बंद कर दिया गया है।

इस बीच मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इस हिंसा के मद्देनजर अपने सभी महत्वपूर्ण निर्धारित कार्यक्रम रद्द कर दिए। उन्होंने स्थिति का फीडबैक लेने के लिए एक उच्च स्तरीय बैठक भी बुलाई। मुख्यमंत्री ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की।

जोधपुर के शनिचर थाना क्षेत्र में मंगलवार की सुबह बदमाशों ने 20 से अधिक वाहनों के शीशे तोड़े और कई एटीएम में भी तोड़फोड़ की।

सूरसागर विधायक के घर के बाहर भी हंगामा हुआ है। जयपुर से अपर महानिदेशक, अपराध एवं अन्य अधिकारियों को जोधपुर भेजा गया है।

मंगलवार की सुबह हुई झड़पों के दौरान पथराव में एक अन्य पुलिसकर्मी घायल हो गया, जिससे सोमवार से अब तक घायल कर्मियों की कुल संख्या तीन हो गई है।

बता दें कि जालोरी गेट चौराहे पर सोमवार रात करीब 11.30 बजे कुछ लोगों द्वारा झंडा फहराने के बाद हिंसा शुरू हुई। इसका वीडियो बना रहे एक शख्स की कुछ युवकों ने पिटाई कर दी। कुछ लोग उसके बचाव में आए तो उनकी भी पिटाई कर दी। इसके बाद दूसरे गुट ने पथराव शुरू कर दिया। पथराव में पुलिस उपायुक्त पूर्व और उदयमंदिर एसएचओ घायल हो गए।


ईद के मौके पर जोधपुर में दो समुदायों के बीच हिंसक झड़पें, पुलिस पर पथराव के बाद लाठीचार्ज, इंटरनेट सेवाएं की गई बंद, मीडियाकर्मियों से बदसलूकी की भी खबरें

बात जालोरी गेट चौराहे (Jalori Gate) पर बालमुकंद बिस्सा सर्किल पर लगे भगवा ध्वज को उतार फेंकने और उसकी जगह समुदाय विशेष का झंडा फहराने से शुरू हुई। बात बिगड़ी तो जमकर पत्थरबाजी शुरू हो गई। इस पत्थरबाजी में कई लोग चोटिल हुए हैं।

जोधपुर: राजस्थान की सूर्यनगरी जोधपुर (Jodhpur) में ईद (Eid al-Fitr 2022 ) और अक्षय तृतीया (Akshaya Tritiya) पर्व से ठीक पहले साेमवार रात को दो समुदायों के लोग आमने सामने हो गए। 

बात जालोरी गेट चौराहे (Jalori Gate) पर बालमुकंद बिस्सा सर्किल पर लगे भगवा ध्वज को उतार फेंकने और उसकी जगह समुदाय विशेष का झंडा फहराने से शुरू हुई। बात बिगड़ी तो जमकर पत्थरबाजी शुरू हो गई। इस पत्थरबाजी में कई लोग चोटिल हुए हैं। 

मौके पर पहुंची पुलिस ने बीच-बचाव कर भीड़ को खदेड़ना शुरू किया। लेकिन भीड़ बेकाबू हुई तो इस दौरान पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। लेकिन भीड़ को खदेड़ने में लगी पुलिस पर भी एक समुदाय की ओर से पथराव (Stone pelting In Jodhpur) किया गया। इसमें कई पुलिसकर्मी जख्मी हुए हैं। 

उधर, घटना का कवरेज करने वाले मीडियाकर्मी पुलिस के गुस्से का शिकार बने, पुलिसकमिर्यों ने 4 मीडियाकर्मियों के साथ मारपीट की। फिलहाल, पूरे शहर में माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है। पुलिस ने साम्प्रदायिक सौहार्द (Communal Harmony) के साथ त्याेहार मनाने की अपील की है।

ईद से पहले साम्प्रदायिक सौहार्द बिगड़ने के बाद अब समाज के जिम्मेदार लोग आगे आए हैं। जोधपुर मुफ्ती साहब भी सड़कों पर पहुंचे हैं और समझाइश कर भीड़ को शांत करने की कोशिश की है।

क्या है मामला

यह पूरा मामला जोधपुर के जालोरी गेट चौराहे से शुरू हुआ। यहां स्थित बालमुकंद बिस्सा सर्किल पर लगा भगवा ध्वज को उतारकर एक समुदाय के युवकों ने अपना हरा ध्वज लगा दिया। इस बात पर कुछ लोगों ने एतराज किया। इसपर कहासुनी हुई। और दोनों पक्ष आमने-सामने हो गए।मौके पर पहुंची पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर भीड़ को तितर-बितर किया। 

इस दौरान ईद की नमाज की तैयारी को लेकर समुदाय विशेष के लोगों ने पूरे इलाके में चौराहों पर लाउडस्पीकर लगाए और झंडा फहरा दिया। लेकिन इसके बाद जमा हुई भीड़ ने लाउडस्पीकर हटा दिए। फिलहाल दोनों पक्षों को पुलिस ने अलग-अलग किया है और मौके पर भारी पुलिस जाब्ता तैनात कर दिया गया है।

मीडियाकर्मियों को पुलिस ने पीटा, 4 घायल

इस झगड़े के बाद कवरेज कर रहे हैं मीडिया कर्मियों पर पुलिस ने जमकर लाठियां भांजी। इस लाठीचार्ज में चार मीडियाकर्मी घायल हुए हैं। पुलिस ने मीडिया कर्मियों को कवरेज करने से रोकने का प्रयास किया। घायल मीडियाकर्मियों को अन्य साथियों के सहयोग से अस्पताल पहुंचा गया है। जहां उनका उपचार चल रहा है।


राजस्थान में भी बिजली संकट, CM गहलोत ने केंद्र को ठहराया जिम्मेदार

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शुक्रवार को बिजली की कमी को राष्ट्रीय संकट करार दिया और केंद्र सरकार पर राज्यों को पर्याप्त कोयले की आपूर्ति करने में विफल रहने का आरोप लगाया। हालांकि, प्रदेश भाजपा ने पलटवार करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री और उनकी सरकार कोयला आपूर्ति पर विरोधाभासी तथ्य पेश कर रहे हैं।

जयपुर: राजस्थान में निर्धारित बिजली कटौती एक दैनिक प्रवृत्ति बन गई है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शुक्रवार को बिजली की कमी को राष्ट्रीय संकट करार दिया और केंद्र सरकार पर राज्यों को पर्याप्त कोयले की आपूर्ति करने में विफल रहने का आरोप लगाया। हालांकि, प्रदेश भाजपा ने पलटवार करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री और उनकी सरकार कोयला आपूर्ति पर विरोधाभासी तथ्य पेश कर रहे हैं।

प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सतीश पूनिया ने कहा शुक्रवार 24 अप्रैल को एक डीआईपीआर पत्र ट्वीट किया था, जिसमें लिखा था कि 'राजस्थान में कोयले की कोई कमी नहीं है'। उन्होंने कहा, "कोयला आपूर्ति पर सूचना एवं जनसंपर्क विभाग और आपकी ओर से परस्पर विरोधी बयान आ रहे हैं।"

इससे पहले दिन में गहलोत ने कहा, "16 राज्यों में पारा बढ़ने से बिजली की मांग बढ़ी है, लेकिन उसके मुताबिक कोयले की आपूर्ति नहीं हो पा रही है, जिससे जरूरत के मुताबिक बिजली की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। यह राष्ट्रीय संकट है। मैं सभी से इस संकट में एकजुट होने और स्थिति को सुधारने में सरकार का समर्थन करने की अपील करता हूं।"

उन्होंने लोगों से घर या कार्यस्थल में गैर-जरूरी बिजली के उपकरणों को बंद करने की अपील की।

गहलोत ने बिजली कटौती का विरोध करने के लिए भाजपा पर भी प्रहार किया और कहा, "राजस्थान में, राज्य भाजपा बिजली विभाग के कर्मचारियों को बिजली घरों में विरोध के माध्यम से परेशान करके दबाव बनाने का काम कर रही है। मैं उनसे पूछना चाहता हूं कि क्या राज्यों को कोयला उपलब्ध कराना केंद्र सरकार का काम नहीं है। क्या राज्य भाजपा का दिशाहीन नेतृत्व केंद्र सरकार से सवाल करेगा कि वह मांग के मुताबिक कोयला क्यों उपलब्ध नहीं करा पा रही है।"

इस बीच पूनिया ने कहा, "अक्सर कोयले की कमी की बात की जाती है, लेकिन राजस्थान सरकार के 24 अप्रैल के डीआईपीआर के पत्र में स्पष्ट किया गया है कि राजस्थान में कोयले की कोई कमी नहीं है और राज्य निर्बाध रूप से आपूर्ति करेगा। इसलिए यह पत्र मुख्यमंत्री के शब्दों और कार्यो के विरोधाभास को उजागर करता है।"

राजस्थान गंभीर बिजली संकट से जूझ रहा है और 1 से 6 घंटे बिजली कटौती आम बात हो गई है। बिजली की मांग और आपूर्ति के बीच बहुत बड़ा अंतर है और इसलिए राजधानी सहित सभी संभागीय मुख्यालयों में एक घंटे के लिए, जिलों में दो घंटे, कस्बों में तीन घंटे और ग्रामीण क्षेत्रों में छह घंटे तक बिजली कटौती की जा रही है।"


राजस्थान में 'शिक्षा के अधिकार' का घिनौना सच: फीस नहीं देने पर स्कूलों में छात्रों को दी जा रही मानसिक, शारीरिक प्रताड़ना

स्कूल उन छात्रों का रिजल्ट रोक रहे हैं और जो फीस का भुगतान करने में असमर्थ हैं और अपने बच्चों को दूसरे स्कूलों में स्थानांतरित करने के लिए कह रहे हैं।

जयपुर: महामारी के दौरान फीस न देने की वजह से छात्रों और स्कूलों के बीच काफी विवाद हुआ था। दोनों के बीच विवाद बढ़ता जा रहा है। स्कूल किसी न किसी तरह से छात्रों को फीस न देने के चलते दंडित कर रहे हैं।

स्कूल उन छात्रों का रिजल्ट रोक रहे हैं और जो फीस का भुगतान करने में असमर्थ हैं और अपने बच्चों को दूसरे स्कूलों में स्थानांतरित करने के लिए कह रहे हैं।

कई स्कूलों ने फिर से खुलने के बाद अपनी फीस में 25 प्रतिशत की वृद्धि की है और ड्रेस बदल दी है और परिवहन शुल्क दोगुना कर दिया है। राजस्थान के अभिभावक एकता आंदोलन के प्रदेश अध्यक्ष मनीष विजयवर्गीय ने कहा कि राज्य सरकार ने अभी तक ऐसे किसी भी स्कूल के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई नहीं की है।

उन्होंने कहा कि इस मामले में पहला उदाहरण एक लड़की का दिया जा सकता है जिसका हाल ही में एक स्कूल शिक्षक द्वारा फीस का भुगतान न करने पर हाथ तोड़ दिया गया था। शिक्षक ने स्कूल खत्म होने के बाद लड़की को रोका और उसके हाथ को इतनी जोर से घुमाया कि वह टूट गया।

उसके पिता बादल ने कहा कि उसने अपनी 10 साल की बेटी शिवानी पांचाल की तीन महीने को छोड़कर पूरी फीस जमा कर दी। तब भी स्कूल ने छात्रा को प्रताड़ित करना जारी रखा।

उन्होंने कहा कि हाल ही में उसके शिक्षक ने मेरी बेटी को स्कूल में रोक लिया था, उसे थप्पड़ मारा और उसका हाथ जोर से मरोड़ दिया, जिससे उसके हाथ की हड्डी टूट गई। जब लड़की की तबीयत बिगड़ गई, तो शिक्षक ने हमें फोन किया और हमारे साथ दुर्व्यवहार किया। इस मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई है।

मैं एक पेट्रोल पंप पर काम करता हूं और जो पैसे मेरे पास आए उससे फीस जमा कर दी है। उन्होंने कहा कि तीन महीने की फीस लंबित थी जिसे वापस करने का वादा किया गया था।

एक अन्य स्कूल में, छात्रों को कथित तौर पर धूप में खड़ा करने के लिए कहा गया क्योंकि उनके माता-पिता फीस का भुगतान नहीं कर सकते थे।

विद्याश्रम स्कूल में लगभग 500 बच्चों को पुस्तकालय में बैठाया गया, और उनके माता-पिता को उनका रिजल्ट नहीं दिया गया। दरअसल, स्कूल प्रबंधन ने अभिभावकों को धमकी दी थी कि बच्चों का प्रमोशन नहीं किया जाएगा जिस पर सैकड़ों अभिभावकों ने स्कूल का विरोध किया। वे स्कूल के बाहर जमा हो गए और प्रदर्शन किया और स्कूल के खिलाफ बजाज नगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई।

विजयवर्गीय ने बताया कि विद्याश्रम स्कूल के छात्रों के अभिभावकों ने शिकायत दर्ज कराई है कि 80 फीसदी फीस जमा होने के बावजूद मासूम बच्चों को घंटों लाइब्रेरी में रखा जा रहा है।

भारत में शिक्षा बच्चों का मौलिक अधिकार है, सुप्रीम कोर्ट ने भी स्पष्ट रूप से कहा था कि फीस बकाया होने पर बच्चों को ऑनलाइन और ऑफलाइन परीक्षाओं से नहीं निकाला जाएगा और न ही उनका परीक्षा परिणाम रोका जाएगा। इसके बावजूद जयपुर के कई स्कूल ऐसा कर रहे हैं। विजयवर्गीय ने कहा कि हमने शिकायत की है लेकिन सरकार ने आज तक किसी भी स्कूल के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है।

विजयवर्गीय ने कहा कि हालांकि राज्य सरकार ने ऐसे स्कूलों के खिलाफ जांच के आदेश दिए हैं, लेकिन अधिकारियों को कोई जल्दी नहीं है, इसलिए शिकायतों की जांच के लिए गठित समितियों की ओर से कोई अपडेट नहीं आया है।

विजयवर्गीय ने आरोप लगाया कि अधिकारी भी स्कूलों के साथ मिले हुए है।


आग की लपटों से मासूम को लेकर बाहर निकला पुलिसवाला, सरकार ने की पदोन्नति, लोग कर रहें सलाम!

घटना के दो दिन बाद जहां हालात धीरे-धीरे सामान्य हो रहे हैं वहीं शनिवार को दंगें के दौरान करौली पुलिस के एक कांस्टेबल के किए कारनामे की चर्चा अब हर तरफ फैल गई है।

करौली: राजस्थान के करौली (Karauli Violence) में नववर्ष पर भड़की हिंसा से लोग डरे सहमे नजर आ रहे हैं। रैली पर पथराव, आगजनी और हिंसा के बाद अफरा तफरी का माहौल बन गया। घटना के दो दिन बाद जहां हालात धीरे-धीरे सामान्य हो रहे हैं वहीं शनिवार को दंगें के दौरान करौली पुलिस के एक कांस्टेबल के किए कारनामे की चर्चा अब हर तरफ फैल गई है।

कॉन्स्टेबल नेत्रेश शर्मा (Constable Netresh Sharma) ने आग की लपटों के बीच फंसी मासूम बच्ची को सुरक्षित जगह पहुंचाकर उसकी जिंदगी बचाई। उनकी जांबाजी की फोटो ने अब सोशल मीडिया पर तहलका मचा दिया है। इसके अलावा उन्होंने दो महिलाओं को बचाने का भी प्रयास किया। पुलिस जवान की ये बहादुरी सीसीटीवी फुटेज में भी कैद हो गई। 

पुलिस की इस बहादुरी को देख सीएम अशोक गहलोत (CM Ashok Gehlot) ने कांस्टेबल से फोन पर बात कर उन्हें शाबाशी दी। सीएम ने ट्विट में लिखा- ''करौली में अपना कर्तव्य निभाते हुए 4 लोगों की जान बचाने वाले कांस्टेबल श्री नेत्रेश शर्मा से फोन पर बात कर उन्हें शाबाशी दी। श्री नेत्रेश को हेड कांस्टेबल के पद पर पदोन्नत करने का निर्णय किया है। अपनी जान की परवाह ना कर कर्तव्य निभाने वाले श्री नेत्रेश का कार्य प्रशंसनीय है।''

बता दें कि करौली में दंगा होने के दौरान लाख की दुकानों में आग लगा दी गई थी। जिसके चलते एक  मकान धू-धू कर जल रहा था, उसमें चार साल के बच्चे के साथ महिलाएं फंसी हुई थीं। जिसे देखते हुए कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा ने अपनी जान की परवाह ना करते हुए उनकी जान बचाई। 

राजस्थान पुलिस (Rajsthan Police) कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा की बहादुरी के चर्चे अब चारों ओर हो रही हैं। नेत्रेश साल 2013 में राजस्थान पुलिस में भर्ती हुए थे। वहीं साल 2018 से वह करौली कोतवाली में कार्यरत हैं।


सोशल मीडिया 'स्टार' हिस्ट्रीशीटर देवा गुर्जर की सरेआम हत्या

देवा गुर्जर की हत्या से नाराज स्थानीय लोगों में वारदात के बाद काफी रोष देखने को मिला। रोष के चलते व्यापारियों ने बाजार बंद कर दिया। सूचना पर रावतभाटा के डीएसपी, सीआई मौके पर पहुंचे और घटना की जानकारी जुटाई। मौके पर मौजूद लोगों के अनुसार अकेले देवा पर 18-20 लोगो ने हमला किया।

नई दिल्लीः  राजस्थान के चित्तौड़गढ़ के हिस्ट्रीशीटर देवा गुर्जर (Deva Gurjar) की सोमवार को गैंगवार में हत्या कर दी गई। पुलिस और स्थानीय लोगों के अनुसार विरोधी गैंग के लोगों ने बदला लेने की नीयत से घटना को अंजाम दिया। हालांकि अभी तक किसी गैंग का नाम सामने नहीं आया है।


पुलिस मामले की जांच कर रही है। हिस्ट्रीशीटर देवा गुर्जर ने कोटा के निजी अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। वहीं, पुलिस ने कोटा एमबीएस अस्पताल की मोर्चरी में शव को रखवा दिया है।

देवा गुर्जर की हत्या से नाराज स्थानीय लोगों में वारदात के बाद काफी रोष देखने को मिला। रोष के चलते व्यापारियों ने बाजार बंद कर दिया। सूचना पर रावतभाटा के डीएसपी, सीआई मौके पर पहुंचे और घटना की जानकारी जुटाई। मौके पर मौजूद लोगों के अनुसार अकेले देवा पर 18-20 लोगो ने हमला किया। 

रावतभाटा क्षेत्र का हिस्ट्रीशीटर देवा गुर्जर दहशत का दूसरा नाम था। पुरानी फिल्मों की तरह ही इलाके में उसके सामने लोगों की आवाज नहीं खुलती थी। उसकी हत्या को अंजाम देने के लिए आरोपी 4-5 गाड़ियों व कई बाइक्स पर सवार होकर फिल्मी तरीके से गन लहराते हुए बाजार में दाखिल हुए।

हत्याकांड के प्रत्यक्षदर्शी ने बताया कि हमलावर गाडियों में पिस्टल लहराते हुए आए थे। हमलावरों ने आते ही कहा कि कोई भी बीच में नहीं आएगा। अभी देवा कुछ समझता कि इसके पहले ही वे लोग उसे गिराकर लाठी-गंडासों, फरसे व पाइपों से मारने लगे। मारने के बाद हमलावरों ने गोली चलाई।

सीआई राजाराम गुर्जर ने बताया कि शव को कोटा में मोर्चरी में रखवाया है। मंगलवार को पोस्टमार्टम करवाया जागएगा। पुलिस रावतभाटा क्षेत्र में दुकानों के सीसीटीवी कैमरे खंगाल रही है ताकि हमलावरों की सुराग लग सके। 


राजस्थान को दहलाने की साजिश नाकाम, 12 किलो विष्फोटक पदार्थ के साथ 3 गिरफ्तार

शुरुआती जांच से पता चला है कि गिरफ्तार किए गए व्यक्ति- जुबैर, अल्तमास और सैफुल, अल सूफा संगठन से जुड़े हैं जो मध्य प्रदेश में रतलाम और देवास के पास से ऑपरेटस होता है।


जयपुर: राजस्थान पुलिस ने चित्तौड़गढ़ जिले के निम्बाहेड़ा शहर से तीन लोगों को गिरफ्तार किया है और उनके पास से बम बनाने में इस्तेमाल होने वाले 12 किलोग्राम विस्फोटक और अन्य सामग्री जब्त की है।

 अधिकारियों ने गुरुवार को यह जानकारी दी। शुरुआती जांच से पता चला है कि गिरफ्तार किए गए व्यक्ति- जुबैर, अल्तमास और सैफुल, अल सूफा संगठन से जुड़े हैं जो मध्य प्रदेश में रतलाम और देवास के पास से ऑपरेटस होता है।

उन्हें उस समय गिरफ्तार किया गया, जब वे मध्य प्रदेश की नंबर प्लेट वाली बोलेरो कार में जा रहे थे। कहा जा रहा है कि वे रतलाम (मध्य प्रदेश) से विस्फोटक सामग्री लेकर जयपुर जा रहे थे।

इस संबंध में निम्बाहेड़ा के सदर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है।

आरोपियों से पूछताछ के बाद इस मामले में टोंक और चित्तौड़गढ़ से तीन और लोगों को भी हिरासत में लिया गया है।

पूछताछ के दौरान पता चला कि जयपुर में एक सीरियल ब्लास्ट की साजिश रची गई थी और गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों को विस्फोटक अपने समूह के अन्य सदस्यों को सौंपना था।

इस जांच के आधार पर राजस्थान और मध्य प्रदेश से पांच अन्य लोगों को भी हिरासत में लिया गया है।

अधिकारियों को संदेह है कि संभवत: तीन स्थानों पर सिलसिलेवार विस्फोट करने की योजना थी।

इस बीच, मध्य प्रदेश के रतलाम में एटीएस टीम ने कथित तौर पर 2 लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है।

गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपियों के किसी आतंकी संगठन से जुड़े होने की आशंका को देखते हुए राष्ट्रीय जांच एजेंसी और इंटेलिजेंस ब्यूरो भी इस मामले पर नजर रख रही है।

अधिकारियों ने कहा कि गिरफ्तार किए गए तीन लोगों से पूछताछ की जा रही है और उनके स्लीपर सेल का हिस्सा होने की संभावना है।


म्हारो राजस्थान: भिवाड़ी बना दुनिया का सबसे प्रदूषित शहर

प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, भिवाड़ी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि भिवाड़ी में 2,000 से अधिक कारखाने हैं, जिनमें से 300 से अधिक प्रदूषण उत्पन्न करते हैं। हम इसे नियंत्रित करने की कोशिश कर रहे हैं। बॉयलर के साथ कारखानों की पूरी निगरानी की जा रही है। उनमें से 70 प्रतिशत का ईंधन पैटर्न भी बदल गया है। इसके अलावा, ट्रैफिक लोड के कारण धुआं और टूटी सड़कों से उड़ने वाली धूल भी प्रदूषण के लिए एक बड़ी वजह है।

नई दिल्ली: राजस्थान के अलवर जिले के औद्योगिक शहर भिवाड़ी ने वर्ष 2021 के लिए विश्व सूचकांक में वायु प्रदूषण चार्ट में शीर्ष पर रहे दिल्ली को पीछे छोड़ दिया है।

आईक्यूएयर, जो दुनिया भर में वायु प्रदूषण पर नजर रखता है, उसने अपनी 2021 वैश्विक वायु गुणवत्ता रिपोर्ट जारी की है जिसमें 117 देशों के 6,475 शहरों को शामिल किया गया है। इस रिपोर्ट के मुताबिक भिवाड़ी सबसे प्रदूषित शहर है। पीएम-2.5 का औसत स्तर 2021 में भिवाड़ी में 106.2 दर्ज किया गया, जबकि दिल्ली में यह 96.4 था।

पीएम-2.5 प्रदूषण के स्तर को मापने की इकाई है। शहरों की श्रेणी में भिवाड़ी के बाद दूसरे नंबर पर गाजियाबाद है, जहां प्रदूषण का स्तर 102 है। चूंकि इस रेगिस्तानी राज्य के शहर में प्रदूषण का स्तर उच्च बना हुआ है, अलवर जिले के भीतर एक अलग क्षेत्रीय कार्यालय स्थापित किया गया है।

प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, भिवाड़ी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि भिवाड़ी में 2,000 से अधिक कारखाने हैं, जिनमें से 300 से अधिक प्रदूषण उत्पन्न करते हैं। हम इसे नियंत्रित करने की कोशिश कर रहे हैं। बॉयलर के साथ कारखानों की पूरी निगरानी की जा रही है। उनमें से 70 प्रतिशत का ईंधन पैटर्न भी बदल गया है। इसके अलावा, ट्रैफिक लोड के कारण धुआं और टूटी सड़कों से उड़ने वाली धूल भी प्रदूषण के लिए एक बड़ी वजह है।

कार्यवाहक कलेक्टर सुनीता पंकज ने कहा कि उद्योगों के अलावा राजमार्ग पर वाहनों की आवाजाही वायु प्रदूषण में भी योगदान देती है। भिवाड़ी में स्टील, ऑटोमोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स के कई छोटे और बड़े उद्योग हैं। उन्होंने कहा कि प्रदूषण का प्रमुख कारण हवा की धूल है जो 48 से 50 प्रतिशत है।

2020 में, भिवाड़ी विश्व प्रदूषण सूचकांक में चौथे स्थान पर था।


Rajasthan News: कोटा में फ़िल्म ‘द कश्मीर फाइल्स’ को लेकर बवाल जारी, 1 महीने के लिए लगी धारा 144, भाजपा आज करेगी प्रदर्शन

बीजेपी से कोटा उत्तर पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजाल ने धारा 144 लगाने के आदेश पर सरकार पर निशाना साधा और कहा कि , “मंगलवार को कोटा उत्तर विधानसभा क्षेत्र में एक विशाल ‘चंडी मार्च’ निकाला जाएगा। इसलिए धारा 144 लगाई गई थी और 'द कश्मीर फाइल्स' सिर्फ एक बहाना है।

कोटा: राजस्थान (Rajasthan) में कोटा (Kota) जिले के सिनेमाघरों में हाल ही में रिलीज़ हुई फिल्म ‘ द कश्मीर फाइल्स ‘ की स्क्रीनिंग के दौरान कानून व्यवस्था (Law And Order) बनाए रखने के मद्देनजर अधिकारियों ने 22 मार्च से 21 अप्रैल तक जिले भर में दंड प्रक्रिया संहिता (CRPC) की धारा 144 लगाने का सोमवार को आदेश दिया है। चूंकि यह कदम कई त्योहारों से पहले सावधानी बरते हुए उठाया गया है।


इसके साथ ही जिला कलेक्टर एवं जिलाधिकारी (कार्यवाहक) राजुकमार सिंह की ओर से जारी आदेश के तहत भीड़ के जमा होने, विरोध-प्रदर्शन करने, जुलूस और मार्च निकालने पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है.इस अवधि में चेती चंद, महावीर जयंती, गुड फ्राइडे, बैसाखी, जुमा-तुल-विदा के त्योहार पड़ेंगे। ऐसे में आधिकारिक आदेश में कहा गया है कि यह आदेश सरकारी कामों जैसे कोविड टीकाकरण और पुलिस कार्यक्रमों पर लागू नहीं होगा।

दरअसल, प्रदेश के कोटा जिले में अधिकारियों ने 22 मार्च से शहर में धारा 144 लागू कर दी है। वहीं, कोटा के जिला कलेक्टर और जिला मजिस्ट्रेट ने एक अधिसूचना के माध्यम से कहा कि द कश्मीर फाइल्स ‘ की स्क्रीनिंग के साथ कानून व्यवस्था बनाए रखने के मद्देनजर कल 22 मार्च से 21 अप्रैल तक कोटा में धारा 144 लागू रहेगी। साथ ही नए आदेश के मुताबिक फिल्म ‘ द कश्मीर फाइल्स ‘ देखने के लिए भीड़ नहीं जुटनी चाहिए। “जिले में आगामी उत्सव विधिपूर्वक आयोजित हो और लोग नहरों सहित नदियों में स्नान न करें।

दूसरी तरफ, बीजेपी से कोटा उत्तर पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजाल ने धारा 144 लगाने के आदेश पर सरकार पर निशाना साधा और कहा कि , “मंगलवार को कोटा उत्तर विधानसभा क्षेत्र में एक विशाल ‘चंडी मार्च’ निकाला जाएगा। इसलिए धारा 144 लगाई गई थी और 'द कश्मीर फाइल्स' सिर्फ एक बहाना है।


उन्होंने कहा, “पहले भी इसी तरह का एक खंड लागू किया गया है। ऐसे में विरोध के एक दिन पहले महिलाओं और लड़कियों के साथ बलात्कार हो रहा है। जहां पर एक मंत्री ने राजस्थान को ‘पुरुषों का राज्य’ बताया है। इससे महिलाओं के स्वाभिमान को ठेस पहुंची है, वे कल रैली को आगे बढ़ाएंगी।

बीजेपी विधायक गुंजाल का कहना है कि कोटा में धारा 144 लगा दी गई है। इस दौरान दुनिया की कोई भी ताकत कल ‘चंडी मार्च’ को नहीं रोक सकती, चाहे पुलिस लाठीचार्ज करे या गिरफ्तारी।


कोटा में बड़ा सड़क हादसा, चंबल नदी में कार गिरने से 9 लोगों की मौत

कोटा के एसपी सिटी केसर सिंह शेखावत में बताया कि बारात उज्जैन जा रही थी, बस आगे निकल गई ये गाड़ी रास्ता भटक कर छोटे पुल पर आ गई और नियंत्रण से बाहर होकर नदी में गिर गई। 7 शव गाड़ी से और 2 शव रेस्क्यू ऑपरेशन में पानी से बरामद की गई हैं।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

कोटा: राजस्थान के कोटा में चंबल नदी में गिरने से एक कार में सवार 9 लोगों की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि ये सभी एक शादी समारोह में शामिल होने जा रहे थे। पुलिस द्वारा स्थानीय लोगों के सहयोग  से क्रेन की मदद से कार को बाहर निकाला गया है।

कोटा के एसपी सिटी केसर सिंह शेखावत में बताया कि बारात उज्जैन जा रही थी, बस आगे निकल गई ये गाड़ी रास्ता भटक कर छोटे पुल पर आ गई और नियंत्रण से बाहर होकर नदी में गिर गई। 7 शव गाड़ी से और 2 शव रेस्क्यू ऑपरेशन में पानी से बरामद की गई हैं।


राजस्थान: सरकार ने नाइट कर्फ्यू हटाया, धार्मिक स्थल खोले

शनिवार से लागू नए दिशा-निर्देशों में विवाह समारोहों, सामाजिक समारोहों, सार्वजनिक समारोहों और धार्मिक गतिविधियों में 100 लोगों की सीमा को बढ़ाकर 250 कर दिया गया है।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

जयपुर: राजस्थान सरकार ने शुक्रवार को कोविड-19 के कम होते मामलों के मद्देनजर प्रतिबंधों में ढील देने के लिए संशोधित दिशा-निर्देश जारी किए, जिसमें रात 11 बजे से सुबह पांच बजे तक रात का कर्फ्यू हटाना भी शामिल है। शनिवार से लागू नए दिशा-निर्देशों में विवाह समारोहों, सामाजिक समारोहों, सार्वजनिक समारोहों और धार्मिक गतिविधियों में 100 लोगों की सीमा को बढ़ाकर 250 कर दिया गया है।

साथ ही, तीसरी लहर के मद्देनजर पहले बंद किए गए धार्मिक केंद्रों को अब खोल दिया गया है और भक्त अब प्रसाद और माला चढ़ा सकेंगे, जो पहले प्रतिबंधित थे।

राज्य सरकार ने पहले कक्षा 10 से 12 तक के स्कूलों को 1 फरवरी से फिर से खोलने की अनुमति दी थी, जबकि कक्षा छह और उसके बाद के स्कूलों को नौ फरवरी से खोला जाएगा।

राजस्थान में शुक्रवार को 5,937 मामले मिले और 21 मौतें दर्ज कीं और 54,869 मामले सक्रिय हैं।


राजस्थान: दलित युवक को दबंगों ने जबरन पिलाया पेशाब, 8 के खिलाफ मामला दर्ज

युवक की शिकायत के बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। युवक का अपहरण करके कथित रूप से पीटने का भी आरोप है।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

चुरू: राजस्थान (Rajasthan) के चुरू (Churu) में एक 25 वर्षीय दलित युवक के साथ कथित तौर पर मारपीट और जबरन पेशाब (Urine) पिलाने का मामला सामने आया है।

युवक की शिकायत के बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। युवक का अपहरण करके कथित रूप से पीटने का भी आरोप है।


जानकारी के अनुसार पीड़ित राकेश ने जाट समुदाय के 8 युवकों के खिलाफ अपहरण, मारपीट और जातिसूचक गालियां देने का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज करवाई है। जब राकेश ने उसके साथ जाने से इंकार कर दिया, इसके बाद उमेश के साथ आए लोगों ने राकेश को जबरदस्ती कार में बैठा लिया। खेत में लेकर चले गए। वहां पर पहुँचकर लोगों ने पीड़ित को जबरन शराब पेशाब पिलाई। बोतल खाली हो जाने पर उसमें पेशाब करके जबरदस्ती पीड़ित को पेशाब भी पिलाया। 

दर्ज एफआईआर के मुताबिक आरोपियों ने धमकी देते हुए राकेश को कहा कि तुम्हारे समाज की जाटों से बराबरी करने की हैसियत कब से हो गई है' उसे लाठी व रस्सों से कई देर तक पीटा जिससे वह बेहोश हो गया और शरीर पर चोट के काफी निशान पड़ गए।

एफआईआर के मुताबिक दलित युलक राकेश मेघवाल ने जानकारी दी कि 26 जनवरी की रात चुरू जिले में उन पर हमला किया है। घटना के बाद पुलिस ने 8 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। जानकारी के अनुसार पीड़ित के गांव निवासी उमेश जाट उसके घर आया और उससे अपने साथ चलने को कहा।


राजस्थान के सीएम अशोक गहलोत का बड़ा फैसला,कर्ज में डूबे किसानों की जमीन की नीलामी बंद करने का दिया निर्देश

राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने गुरुवार को बैंक अधिकारियों को राज्य में कर्ज में डूबे किसानों की जमीन की नीलामी रोकने का निर्देश दिया है।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

जयपुर: राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने गुरुवार को बैंक अधिकारियों को राज्य में कर्ज में डूबे किसानों की जमीन की नीलामी रोकने का निर्देश दिया है। 

बैंक अधिकारियों द्वारा राज्य के विभिन्न हिस्सों में ऋण की किश्तों का भुगतान न करने के आधार पर किसानों की भूमि को जब्त किया जा रहा है और इसलिए, विपक्षी दल राज्य सरकार पर ऋण माफी के झूठे वादे करने के लिए हमला कर रहे हैं।

गहलोत ने ट्वीट किया, "राज्य में रिजर्व बैंक के नियंत्रणाधीन वाणिज्यिक बैंकों के ऋण किसानों द्वारा भुगतान न किए जाने के कारण कठिनाई निवारण अधिनियम के तहत भूमि कुर्की व नीलामी की प्रक्रिया की जा रही है। राज्य सरकार ने अधिकारियों को इसे रोकने निर्देश दिए हैं।"


उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने सहकारी बैंकों का कर्ज माफ किया है। भारत सरकार से आग्रह किया गया है कि वाणिज्यिक बैंकों से वन टाइम सेटलमेंट कर किसानों का कर्ज माफ किया जाए। राज्य सरकार भी अपना हिस्सा वहन करने को तैयार है। हमारी सरकार ने 5 एकड़ तक कृषि भूमि वाले किसानों की भूमि की नीलामी पर प्रतिबंध लगाने के लिए विधानसभा में एक विधेयक पारित किया, लेकिन अब तक यह कानून नहीं बना है क्योंकि राज्यपाल ने अभी तक इसे मंजूरी नहीं दी है। 


उन्होंने कहा, "मुझे दुख है कि कानून को मंजूरी नहीं मिलने के कारण ऐसी स्थिति पैदा हुई है। मुझे उम्मीद है कि इस विधेयक को जल्द ही मंजूरी मिल जाएगी, ताकि भविष्य में इस तरह की नीलामी न हो। कर्ज की किश्त नहीं चुकाने के कारण राजस्थान भर में कृषि भूमि की नीलामी की जा रही है।

राजस्थान राज्य में किसानों की जमीन की नीलामी के खिलाफ कांग्रेस ने 24 जनवरी को दोपहर 2 बजे राज्यपाल आवास का घेराव करने का फैसला किया है। राज्य के सभी किसान संगठनों के साथ जहां उनसे विधेयक पारित करने का अनुरोध किया जाएगा। 

इस बीच, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया ने गुरुवार को कांग्रेस पार्टी पर कर्ज माफी पर किसानों से झूठे वादे करने के लिए हमला किया। अपने ट्वीट में उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को हैश-टैग किया और कहा, "राजस्थान के किसानों की जमीन की नीलामी की जा रही है और राहुल गांधी के इस वादे के कारण किसान आत्महत्या कर रहे हैं। 

उन्होंने कहा और टैग किया, अशोक गहलोत भी कह रहे हैं कि वह केवल पत्रों का आदान-प्रदान करके लोगों को गुमराह कर रहे हैं। जरा सी भी ईमानदारी बची है, तो किसानों का कर्ज पूरी तरह माफ कर दो। पूनिया ने एक चुनावी रैली का एक वीडियो भी पोस्ट किया, जिसमें राहुल गांधी ने 10 तक गिनती की और कहा कि 10 दिनों में किसानों का कर्ज माफ कर दिया जाएगा।


पिता की मौत के बाद सरकारी नौकरी पर शादीशुदा बेटी का भी हक : राजस्थान HC

शादीशुदा व अविवाहित बेटे-बेटियों में भेद-भाव नहीं किया जा सकता है। अब सोच बदलने का समय आ गया है कि शादीशुदा बेटी अपने पिता के बजाय पति के घर की जिम्मेदारी है। शादीशुदा बेटे व बेटी में भेदभाव नहीं किया जा सकता है। राजस्थान हाई कोर्ट की एक फैसले में की गई ये टिप्पणी काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

जयपुर: शादीशुदा व अविवाहित बेटे-बेटियों में भेद-भाव नहीं किया जा सकता है। अब सोच बदलने का समय आ गया है कि शादीशुदा बेटी अपने पिता के बजाय पति के घर की जिम्मेदारी है। शादीशुदा बेटे व बेटी में भेदभाव नहीं किया जा सकता है। राजस्थान हाई कोर्ट की एक फैसले में की गई ये टिप्पणी काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

दरअसल, पिता की मौत के बाद शादीशुदा बेटी को नौकरी देने के मामले में राजस्थान हाईकोर्ट (Rajasthan High Court) ने बड़ा फैसला सुनाया है। जिसके तहत मौत के बाद सरकारी नौकरी पर बेटी का भी हक है। दरअसल मामला जैसलमेर जिले के बिजली विभाग से जहां डिस्कॉम ने मां के स्वास्थ्य कारणों से पति की मौत के बाद दी जाने वाली नौकरी में असमर्थता जाहिर करते हुए अपनी बेटी के लिए नौकरी चाही थी। जोधपुर डिस्कॉम ने बेटी के शादीशुदा होने का तर्क देकर उसे नौकरी देने से इनकार कर दिया था जिसके बाद इस मामले में हाईकोर्ट में सुनवाई हुई।

राजस्थान हाईकोर्ट (Rajasthan High Court) जज पुष्पेन्द्र सिंह भाटी ने उसकी याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि कोर्ट का यह मानना है कि शादीशुदा व अविवाहित बेटे-बेटियों में भेदभाव नहीं किया जा सकता है। यह संविधान के आर्टिकल 14, 15 व 16 का उल्लंघन है। जोधपुर डिस्कॉम की ओर से तर्क दिया गया कि नियमानुसार शादीशुदा बेटी मृतक आश्रित नहीं मानी जा सकती है। ऐसे में उसे नौकरी पर नहीं रखा जा सकता। हाईकोर्ट ने कहा की अब सोच बदलने का समय आ गया है, शादीशुदा बेटा-बेटी में भेदभाव नहीं किया जा सकता। न्यायाधीश भाटी ने शोभा से नए सिरे से आवेदन करने को कहा। वहीं जोधपुर डिस्कॉम को आदेश दिया कि शोभा देवी को अपने पिता के स्थान पर तीन महीने में अनुकंपा नियुक्ति प्रदान की जाए।

क्या था मामला

जैसलमेर निवासी शोभादेवी ने एक याचिका दायर कर कहा कि उसके पिता गणपतसिंह जोधपुर डिस्कॉम में लाइनमैन के पद पर कार्यरत थे। पांच नवंबर 2016 को उनका निधन हो गया। उनके परिवार में पत्नी शांतिदेवी व पुत्री शोभा ही बचे। शांतिदेवी की तबीयत ठीक नहीं रहती। ऐसे में वे अपने पति के स्थान पर नौकरी करने में असमर्थ है। शादीशुदा शोभा ने अपने पिता के स्थान पर मृतक आश्रित कोटे से नौकरी के लिए आवेदन किया। जोधपुर डिस्कॉम ने उसका आवेदन यह कहते हुए खारिज कर दिया कि शादीशुदा बेटी को नौकरी नहीं दी जा सकती है।


जैसलमेर में IAF का मिग 21 क्रैश, पायलट के भी मौत होने की खबर

आज भारत पाक सीमा पर राजस्थान के जैसलमेर में भारतीय वायुसेना का एक मिग 21 विमान क्रैश हो गया। इस हादसे में पायलट के भी मौत की सूचना है लेकिन इसकी पुष्टि वायुसेना ने नहीं की है।

by न्यूज़9इंडिया डेस्क

जैसलमेर: आज भारत पाक सीमा पर राजस्थान के जैसलमेर में भारतीय वायुसेना का एक मिग 21 विमान क्रैश हो गया। इस हादसे में पायलट के भी मौत की सूचना है लेकिन इसकी पुष्टि वायुसेना ने नहीं की है।

जानकारी के मुताबिक यह हादसा भारत-पाकिस्तान सीमा के पास हुआ है। हादसे में एक अधिकारी, संभवत: पायलट की मौत की सूचना है। हालांकि वायुसेना ने अभी इसकी पुष्टि नहीं की है। वायुसेना की ओर से जारी बयान में पायलट को लेकर जिक्र नहीं किया गया है। भारतीय वायुसेना ने क्रैश की पुष्टि की है और घटना की जांच के आदेश दिए हैं। 

बताया जाता है कि यह प्लेन क्रैश देर शाम करीब साढ़े आठ बजे हुआ। जानकारी के मुताबिक यह विमान नियमित उड़ान पर था। मामले की जानकारी होते ही एयरफोर्स और रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंच गई। जैसलमेर के पुलिस अधीक्षक अजय सिंह ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया कि यह प्लेन क्रैश नेशनल पार्क एरिया के रेगिस्तान में हुआ है। 

वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के मुताबिक जगह सैम पुलिस थाने के अंतर्गत आती है। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंच चुकी है। उन्होंने बताया कि वह भी घटनास्थल के लिए रवाना हो चुके हैं।


आलोचना वहीं कर सकता है जो गहराई में जाता है: अशोक गहलोत

उन्होंने कहा कि जिन्हें आलोचना करनी है वह उन्हें करनी चाहिए। मुझे लगता है वे कम कर रहे हैं, उन्हें ज़्यादा आलोचना करनी चाहिए।आलोचना वहीं कर सकता है जो गहराई में जाता है। आलोचना के लिए तथ्य चाहिए। अगर उनके पास तथ्य और तर्क है तो वे ज़रूर आलोचना करें हम उनका स्वागत करेंगे।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

जयपुर: राजस्थान सरकार के 3 साल पूरा होने पर जयपुर में आयोजित एक कार्यक्रम में राज्य के CM अशोक गहलोत ने शिरकत की। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीएम गहलोत ने अपनी सरकार की जमकर उपलब्धियां गिनाई साथ ही विपक्षियों पर भी बिना नाम लिए हमला बोला।

सीएम गहलोत ने दावा किया कि बजट की 87% घोषणाएं पूरी हो गई हैं। 2021-22 के बजट में 463 घोषणाएं की थी। कोरोना के बावज़ूद भी बजट शानदार पेश हुआ। बजट के बिंदु और फ़ैसले शानदार है। समझदार लोग स्वागत कर रहे हैं।

उन्होंने आगे कहा कि जिन्हें आलोचना करनी है वह उन्हें करनी चाहिए। मुझे लगता है वे कम कर रहे हैं, उन्हें ज़्यादा आलोचना करनी चाहिए।आलोचना वहीं कर सकता है जो गहराई में जाता है। आलोचना के लिए तथ्य चाहिए। अगर उनके पास तथ्य और तर्क है तो वे ज़रूर आलोचना करें हम उनका स्वागत करेंगे।


राहत भरी खबर: जयपुर में ओमिक्रॉन वैरिएंट से संक्रमित सभी 9 मरीजों की रिपोर्ट आई निगेटिव, अस्पताल से किये गए डिस्चार्ज

राजस्थान के जयपुर से ओमिक्रोन को लेकर एक बहुत ही अच्छी खबर आई है। यहां ओमिक्रोन से संक्रमित मिले सभी 9 मरीजों की रिपोर्ट निगेटिव आई है। अब इन सभी को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

जयपुर: राजस्थान के जयपुर से ओमिक्रोन को लेकर एक बहुत ही अच्छी खबर आई है। यहां ओमिक्रोन से संक्रमित मिले सभी 9 मरीजों की रिपोर्ट निगेटिव आई है। अब इन सभी को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।

राज्य के स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, सभी नौ मरीज पूरी तरह से स्वस्थ और बिना लक्षण वाले हैं। उनका रक्त, सीटी स्कैन और अन्य परीक्षण सामान्य हैं। डॉक्टरों ने उन्हें सात दिनों तक होम क्वारंटाइन में रहने की सलाह दी है। स्वास्थ्य मंत्री परसादी लाल मीणा ने कहा कि कोरोना वायरस के नए संस्करण की खबर के बाद से विभाग काफी सतर्क है।

उन्होंने कहा, "जीनोम सीक्वेंसिंग की रिपोर्ट आने के बाद संक्रमित व्यक्तियों को आरयूएचएस में भर्ती कर इलाज शुरू किया गया। इसके अलावा संक्रमित मरीजों के संपर्क में आए सभी लोगों की ट्रैकिंग और ट्रेसिंग शुरू की गई। नौ मरीजों में से चार को अस्पताल में छुट्टी दे दी गई। दोनों की रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद दोपहर और बाकी पांच को शाम को छुट्टी दे दी गई। सभी मरीजों को होम क्वारंटाइन में रहने की सलाह दी गई है।"

डेल्टा वेरियंट से ज्यादा घातक नहीं है ओमिक्रोन

सवाई मान सिंह मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ सुधीर भंडारी ने कहा कि ओमिक्रॉन संस्करण की संचरण क्षमता अधिक है लेकिन यह डेल्टा संस्करण की तरह घातक नहीं है। उन्होंने कहा, "ओमिक्रॉन संस्करण पर शोध वर्तमान में चल रहा है। यह संक्रमण तेजी से फैलता है, लेकिन डेल्टा संस्करण के रूप में यह घातक नहीं है। COVID टीकों की दोनों खुराक लेने पर इसका कम प्रभाव पड़ेगा।"


सब जगह हर डिपार्टमेंट में करप्शन होता है: CM गहलोत

राजस्थान के सीएम अशोक गहलोत ने बड़ी की बेबाकी के साथ यह बात स्वीकार किया है कि करप्शन हर विभाग में होता है। सरकार बस यह कोशिश में लगी रहती है कि कैसे करप्शन को रोके। इतना ही नही सीएम गहलोत ने राज्य के एंटी करप्शन ब्यूरो को जमकर तारीफ भी की। उन्होंने कहा कि इस समय राजस्थान की एंटी करप्शन ब्यूरो सबसे अच्छा काम कर रही है।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

जयपुर: राजस्थान के सीएम अशोक गहलोत ने बड़ी की बेबाकी के साथ यह बात स्वीकार किया है कि करप्शन हर विभाग में होता है। सरकार बस यह कोशिश में लगी रहती है कि कैसे करप्शन को रोके। इतना ही नही सीएम गहलोत ने राज्य के एंटी करप्शन ब्यूरो को जमकर तारीफ भी की। उन्होंने कहा कि इस समय राजस्थान की एंटी करप्शन ब्यूरो सबसे अच्छा काम कर रही है।


राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा है कि सभी जगहों पर हर डिपार्टमेंट में करप्शन होता है। पर सरकार की मंशा क्या है कि इसे रोके कैसे...बड़े-बड़े अधिकारी हमारे पकड़े जाते हैं। कलेक्टर पकड़े गये हैं। एसपी पकड़े गये हैं। सस्पेंड तक हो गये हैं। मीडिया से बातचीत के दौरान सीएम अशोक गहलोत ने कहा, 'अभी परसों शिक्षकों का प्रोग्राम था तो मैंने करप्शन की बात शुरू कर दी। तो मैं यह कहना चाहूंगा कि अभी तो एसपी अच्छा काम कर रहे हैं यहां राजस्थान में...हिन्दुस्तान में मैं समझता हूं कि एंटी करप्शन डिपार्टमेंट सबसे अच्छा काम राजस्थान में कर रहा है। तो जो पकड़े जा रहे हैं...वो कोई शिक्षा विभाग तो है नहीं...वो सिर्फ टीचर की बात नहीं थी। वो बात थी कि सब जगह हर डिपार्टमेंट में करप्शन होता है। पर सरकार की मंशा क्या है कि इसे रोके कैसे...बड़े-बड़े अधिकारी हमारे पकड़े जाते हैं।

कलेक्टर पकड़े गये हैं। एसपी पकड़े गये हैं। सस्पेंड तक हो गये हैं...बर्खास्त तक हो रहे हैं। लेकिन रास्ता मिलेगा आपको। इसलिए मैंने सिर्फ शिक्षा विभाग की बात नहीं की...वो भी बेचारे तकलीफ में आ जाते हैं..कि पैसे दो कहीं पर जाकर..कोशिश करो अपनी जांच रिपोर्ट बन जाए। यह नौबत क्यों आती है...नीति बन जाए अगर मान लो...टीचर के ट्रांसफर की तो हर टीचर को लगेगा कि मेरा नंबर कब आएगा...एक साल बाद आएगा या दो साल बाद आएगा..तो ना वो पैसा देगा और ना करप्शन होगा। ये मेरा मकसद था कहने का। बाकी मैंने जो कहा उसका मतलब यह था कि कई लोग जो पकड़े जा रहे हैं वो तो दूसरे मंत्रालय के पकड़े जा रहे हैं। गृह मंत्रालय, जो कि मेरे पास है उसमें कई लोग पकड़ गये हैं।  तो इसलिए यह बात जो फैलाई गई है कि शिक्षा विभाग पर कमेंट कर दिया वो ठीक नहीं मेरा मकसद यह था।'

बता दें कि अभी हाल ही में मुख्यमंत्री जयपुर में एक कार्यक्रम में शामिल हुए थे। इस कार्यक्रम में कई शिक्षक भी मौजूद थे। शिक्षकों को संबोधित करते हुए जब सीएम अशोक गहलोत ने पूछा था कि ट्रांसफर के लिए पैसे देने पड़ते हैं? तब इस सवाल के जवाब में कई शिक्षकों ने एक साथ हां कह दिया था।


बाड़मेर में बड़ा सड़क हादसा, बस-टैंकर में भिडंत से लगी आग, बस में सवाल 12 लोगों की जलकर मौत, पीएम ने जताया दु:ख, मुआवजे का एलान

बाड़मेर जिले के पचपदरा थाना क्षेत्र के जोधपुर हाईवे पर भांडियावास के पास बुधवार को एक बस और ट्रेलर की भीषण भिड़ंत हो गई, जिसके बाद बस में आग लग गई और हादसे में 12 लोगों की जिंदा जलकर मौत हो गई। हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़ भी सकती है।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

बाड़मेर: राजस्थान के बाड़मेर में भीषण सड़क हादसे के बाद आग लगने की वजह से 12 लोगों की जिंदा जलकर मौत होने की खबर है। मिली जानकारी के मुताबिक, बाड़मेर जिले के पचपदरा थाना क्षेत्र के जोधपुर हाईवे पर भांडियावास के पास बुधवार को एक बस और ट्रेलर की भीषण भिड़ंत  हो गई, जिसके बाद बस में आग लग गई और हादसे में 12 लोगों की जिंदा जलकर मौत हो गई। हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़ भी सकती है।

इस घटना में दो दर्जन से भी ज्यादा लोग आग से झुलस गए हैं। घायलों को बालोतरा के नाहटा अस्पताल में भर्ती करवाया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। मामले की जानकारी मिलते ही पचपदरा थाना पुलिस और फायर ब्रिगेड की गाड़ियां मौके पर पहुंची। रेस्क्यू टीम ने आग पर काबू पा लिया है और लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है।

एक्शन में सीएम गहलोत

राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत  ने ट्वीट कर कहा, 'बाड़मेर में हुई बस-ट्रक दुर्घटना के संबंध में बाड़मेर जिला कलेक्टर से फोन पर बात कर राहत-बचाव कार्यों के संबंध में निर्देशित किया है। घायलों का बेहतर से बेहतर इलाज सुनिश्चित किया जाएगा।'


पीएम ने जताया दु:ख, 2 लाख के मुआवजे का एलान

पीएम नरेंद्र मोदी घटना को लेकर दुख जताया। उन्होंने ट्विटर पर लिखा कि वह मृतकों के परिवार के साथ पूरी संवेदनाएं हैं और ईश्वर उन्हें दुख सहने की शक्ति दे और घायल हुए लोग जल्द ही स्वस्थ हों। साथ ही उन्होंने मृतकों के परिजनों को प्रधानमंत्री नेशनल रिलीफ फंड से 2-2 लाख रुपए के मुआवजे और घायलों के लिए 50-50 रुपए का मुआवजा देने का एलान किया है।


पेट्रोल-डीजल के दाम कम करने के लिए राजस्थान के सीएम गहलोत ने PM मोदी को लिखी चिट्ठी

बता दें कि दो दिन पहले ही अशोक गहलोत इसी तरह की चिट्ठी गृहमंत्री अमित शाह को भी लिख चुके हैं। भारत सरकार ने पिछले हफ्ते डीजल पर 5 और पेट्रोल पर 10 रुपए की एक्साइज ड्यूटी कम की थी। इस पत्र में अशोक गहलोत ने केंद्र द्वारा राज्य को 5963 करोड़ रुपए के जीएसटी रेम्बर्समेंट न मिलने की बात भी लिखी है।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

जयपुर: वैसे तो केंद्र सरकार ने पेट्रोल डीजल के दामों से उत्पाद शुल्क कटौती की है और लगभग सभी भाजपा शासित राज्यों में पेट्रोल डीजल के दाम कम भी हो गए हैं। हालांकि पंजाब में जरूर तेल के दाम कम हुए हैं लेकिन शेष गैर भाजपा शासित राज्यों में पेट्रोल डीजल के दामों को कम करने का अभी भी विचार किया जा रहा है।

इस बीच राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत प्रधानमंत्री को चिट्ठी लिखी है। इस चिट्टी में उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी से पेट्रोल पर से 10 और डीजल से 15 रुपए प्रति लीटर की अतिरिक्त एक्साइज ड्यूटी में छूट की गुहार लगाई है। इसके अलावा उन्होंने कंपनियों को हर दिन पेट्रोल-डीजल की कीमतों में इजाफा करने से भी रोक लगाने को कहा है। 


बता दें कि दो दिन पहले ही अशोक गहलोत इसी तरह की चिट्ठी गृहमंत्री अमित शाह को भी लिख चुके हैं। भारत सरकार ने पिछले हफ्ते डीजल पर 5 और पेट्रोल पर 10 रुपए की एक्साइज ड्यूटी कम की थी। इस पत्र में अशोक गहलोत ने केंद्र द्वारा राज्य को 5963 करोड़ रुपए के जीएसटी रेम्बर्समेंट न मिलने की बात भी लिखी है।

उन्होंने इस बात का भी जिक्र किया है कि जनवरी 2021 से वैट में कमी करने के चलते राज्य सालाना 2800 करोड़ रुपए के घाटे में जा रहा है। गहलोत ने लिखा है कि आम जनता को पूरी तरह से राहत देने के लिए केंद्र सरकार द्वारा एक्साइज ड्यूटी में अतिरिक्त छूट दी जानी चाहिए।


राजस्थान में आदिवासी लड़की से कई बार किया रेप, गर्भपात के लिए खिलाई गोलियां!

झालावाड़ जिले के मंडावर पुलिस थाने में दर्ज हुई यह घटना शनिवार को तब सामने आयी, जब लड़की ने पेट में दर्द की शिकायत की। इसके बाद उसे एक स्थानीय अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने पाया कि वह छह माह की गर्भवती है।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

झालावाड़: राजस्थान के  झालावाड़ जिले में एक आदिवासी समुदाय की किशोरी से कई बार एक दरिंदे द्वारा दुष्कर्म किए जाने का मामला सामने आया है। इतना ही नहीं उसने किशोंरी को गर्भपात की गोलियां भी खिला दी। इस बात का खुलासा तब हुई जब किशोरी के गर्भ में भ्रूण की मौत हो जाती है और उसकी तबियत खराब हो जाती है। आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।

आदिवासी समुदाय की एक किशोरी से उसके पड़ोसी ने एक साल तक कथित तौर पर बार-बार दुष्कर्म किया। बाद में उसने उसे गर्भपात के लिए गोलियां दीं। पुलिस ने सोमवार को यह जानकारी दी। 


एक अधिकारी ने बताया कि लड़की के परिवार ने दावा किया कि उसकी आयु 18 साल से अधिक है। लेकिन पुलिस उसकी असल उम्र का पता लगा रही है। इसके अनुसार मामले में पोक्सो कानून की धाराएं लगाई जाएंगी।

झालावाड़ जिले के मंडावर पुलिस थाने में दर्ज हुई यह घटना शनिवार को तब सामने आयी, जब लड़की ने पेट में दर्द की शिकायत की। इसके बाद उसे एक स्थानीय अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने पाया कि वह छह माह की गर्भवती है। 

पुलिस उपाधीक्षक और सर्किल अधिकारी राजीव परिहार ने बताया कि अपराध छुपाने के लिए आरोपी ने गर्भपात की जो गोलियां दी थीं। इसके चलते पेट के अंदर ही भ्रूण की मौत हो चुकी थी। लड़की के परिवार के सदस्यों ने दाऊद के खिलाफ शिकायत दर्ज करायी और उस पर भारतीय दंड संहिता तथा अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति अधिनियम की धाराएं लगायी गयी हैं। लेकिन अभी उसे पकड़ा नहीं गया है। उन्होंने बताया कि भील समुदाय से ताल्लुक रखने वाली पीड़िता का एक अस्पताल में इलाज हो रहा है।  उसकी हालत खतरे से बाहर बतायी जा रही है। 


लखीमपुर हिंसा: केंद्रीय मंत्री अजय मिश्र का बेटा आशीष मिश्रा आया पुलिस के सामने, गिरफ्तारी पर फैसला खाकी पर

क्राइम ब्रांच टीम आशीष से पूछताछ करेगी। तमाम सवालों की लिस्ट उनके सामने रखी जाएगी। जिसका उन्हें जवाब देना है। आशीष की गिरफ्तारी होगी या रिहाई इसका फैसला पुलिस करेगी। डीआईजी और एसपी भी पुलिस लाइंस में मौजूद हैं।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

लखीमपुर खीरी: उत्तर प्रदेश के लखीमपुर हिंसा के आरोपी केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा टेनी के बेटे आशीष मिश्रा पुलिस लाइंस पहुंच गए हैं। पुलिस लाइंस में हलचल बढ़ गई।  क्राइम ब्रांच टीम आशीष से पूछताछ करेगी। तमाम सवालों की लिस्ट उनके सामने रखी जाएगी। जिसका उन्हें जवाब देना है। आशीष की गिरफ्तारी होगी या रिहाई इसका फैसला पुलिस करेगी। डीआईजी और एसपी भी पुलिस लाइंस में मौजूद हैं। 

बता दें कि कल (शुक्रवार) को ही पेश होने की नोटिस दी गई थी लेकिन जब वह नहीं पहुंचे तो दो बजे के बाद पुलिस ने सीआरपीसी की धारा 160 के तहत दूसरी नोटिस घर चस्पा कर दी, अब आज (शनिवार) दोपहर 11 बजे तक कमेटी के सामने पेश होने को कहा गया है। वहीं पुलिस ने इस मामले के दो आरोपियों को जेल भेज दिया है।


कांग्रेसी विधायक ने पीएम मोदी को पत्र लिखकर की 500 और 2000 के नोट से महात्मा गांधी की फ़ोटो हटाने की मांग

कांग्रेस के विधायक भरत सिंह ने प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी को पत्र लिखकर 500 और 2000 के नोट पर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की फोटो नहीं छापी जाए। इन नोटों का ही उपयोग रिश्वत के लेनदेन में होता है। यह बात उन्होंने कोटा में मीडिया के समक्ष भी कही।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

नई दिल्ली/जयपुर:  कांग्रेस के विधायक भरत सिंह ने प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी को पत्र लिखकर 500 और 2000 के नोट पर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की फोटो नहीं छापी जाए। इन नोटों का ही उपयोग रिश्वत के लेनदेन में होता है। यह बात उन्होंने कोटा में मीडिया के समक्ष भी कही।

 उन्होंने सुझाव दिया कि भारतीय रिजर्व बैंक अब 500 और 2000 के नोट से गांधी जी की तस्वीर हटाकर केवल चश्मे का या फिर अशोक चक्र का इस्तेमाल किया जाए। भरत सिंह ने पत्र में लिखा कि आजादी के बाद 75 साल में देश और समाज में व्यापक भ्रष्टाचार फैल गया है।

उन्होंने आगे लिखा है कि राजस्थान में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो अपना काम कर रहा है। राजस्थान में जनवरी,2019 से लेकर 31 दिसंबर,2020 तक 616 लोगों को रिश्वत लेते हुए पकड़ा गया । इसका मतलब यह है कि औसतन प्रतिदिन दो प्रकरण रिश्वत के पकड़े गए हैं । रिश्वत की राशि का 500 और 2000 के नोट के रूप में लेनदेन होता है। इस पर गांधी जी का फोटो होता है। रिश्वत में इनके लेनदेन से गांधी जी का सम्मान नहीं,बल्कि अपमान होता है।


उन्होंने कहा कि गांधी जी की तश्वरी सिर्फ 5,10,20,50,100 और 200 के नोटों पर छापी जाए । यह नोट गरीबों के काम आते हैं । रिश्वत के लेनदेन में इनका उपयोग नहीं होता है। 


बता दें कि भरत सिंह कई बार राज्य सरकार में खानमंत्री प्रमोद जैन भाया के खिलाफ मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को पत्र लिख चुके हैं । इन पत्रों में खानमंत्री को भूमाफिया और अवैध खनन को बढ़ावा देने वाला बताया गया है । वह कई सीएम से खानमंत्री को मंत्रिमंडल से हटाने की मांग भी कर चुके हैं ।


राजस्थान के जयपुर में बड़ा सड़क हादसा, REET की परीक्षा देने जा रहे 6 युवकों की मौत, 5 घायल

राजस्थान के जयपुर से एक बुरी खबर आ रही है। यहां REET की परीक्षा देने जा रहे 6 युवकों की सड़क हादसे में मौत हो गई है और इस हादसे में 5 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

जयपुर: राजस्थान के जयपुर से एक बुरी खबर आ रही है। यहां REET की परीक्षा देने जा रहे 6 युवकों की सड़क हादसे में मौत हो गई है और इस हादसे में 5 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं।

मिली जानकारी के मुताबिक, यह सड़क हादसा चाकसू में हुआ हैं। घायलों को इलाज के लिए जयपुर के सवाई मानसिंह और महात्मा गांधी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दुर्घटना शनिवार सुबह 5:30 बजे हुई। सभी मृतक और घायल बारां जिले के रहने वाले हैं। यह सभी शुक्रवार रात एक वैैन में बारां से सीकर के लिए रवाना हुए थे। वैन में कुल 11 लोग सवार थे, इनमें 10 युवक और एक चालक शामिल था। सभी युवक रविवार को होने वाली शिक्षक भर्ती परीक्षा (REET) में शामिल होने के लिए जा रहे थे।


मृतक युवकों का परीक्षा सेंटर सीकर जिले में आया था। पुलिस के अनुसार राष्ट्रीय राजमार्ग -12 निमोडिया मोड पर ट्रक और वेन में टक्कर होने से यह हादसा हुआ है। वैन में सवार सभी लोग नींद में थे। इसी दौरान चालक को भी नींद की झपकी लग गई। इस कारण वैन की सामने से आ रहे ट्रक से भिडंत हो गई। ट्राला और वैन में हुई तेज भिडंत की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण हाईवे पर पहुंचे।

भिडंत इतनी जबरदस्त थी कि वैन ट्रक के अंदर जा घुसी। वैन की छत पूरी तरह से दब गई । इस कारण वैन में बैठे युवक बुरी तरह से फंस गए। ग्रामीणों ने पुलिस को सूचना दी । मौके पर पहुंची पुलिस की टीम ने ग्रामीणों की सहायता से शवों को बाहर निकाला। वैन की छत और दरवाजे को काटा गया। क्रेन की मदद से वेन को ट्राला के नीचे से बाहर निकाला गया।


शवों के पास मिले दस्तावेजों के आधार पर मृतकों की पहचान बारां जिले के गोरधनपुरा और नयापुरा गांव के निवासियों के रूप में हुई। पुलिस के अनुसार मृतकों में विष्णु नाग, तेजाराम, सत्यनारायण, वेदप्रकाश, सुरेश और दिलीप शामिल हैं। वहीं नरेंद्र, अनिल, भगवान, हेमराज और जोरावर घायल हो गए। घायलों में दो की हालत गंभीर बताई जाती है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने मृतकों के प्रति संवेदना जताई है।


राजस्थान में सरकारी कर्मचारियों के लिए कड़ा कानून, पेपर लीक में हुए शामिल तो जाएगी नौकरी!

यह नियम रविवार को होने जा रही राजस्थान एलिजिबिलिटी एग्जाम फॉर टीचर्स (रीट) परीक्षा से लागू हो जाएगा। गौरतलब है कि रीट परीक्षा में करीब 16 लाख उम्मीदवार हिस्सा लेंगे। राजस्थान सरकार ने सभी के मुफ्त यात्रा का प्रबंध किया है।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

जयपुर: राजस्थान में अब ऐसे सरकारी कर्मचारियों की नौकरी जा सकती है जो पेपर लीक में शामिल रहेंगे। दरअसल, सूबे की सरकार इससे जुड़ा कड़ा कानून ला रही है। अशोक गहलोत सरकार ने यहां पर इस आशय का प्रस्ताव पारित कर दिया है। इतना ही नहीं यह नियम रविवार को होने जा रही राजस्थान एलिजिबिलिटी एग्जाम फॉर टीचर्स (रीट) परीक्षा से लागू हो जाएगा। गौरतलब है कि रीट परीक्षा में करीब 16 लाख उम्मीदवार हिस्सा लेंगे। राजस्थान सरकार ने सभी के मुफ्त यात्रा का प्रबंध किया है। 

सीएम ने कहा है कि अशोक गहलोत रीट-2021 के आयोजन की तैयारियों का जायजा ले रहे थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए अभ्यर्थी काफी मेहनत करते हैं। लेकिन अगर कोई परीक्षा माफिया या गैंग पेपर लीक कर देता है अभ्यर्थी की तैयारी और मेहनत पर पानी फिर जाता है। उन्होंने कहा कि इस तरह की धोखाधड़ी में शामिल गैंग्स के खिलाफ सख्त कदम उठाने की जरूरत है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि परीक्षा में शामिल होने आ रहे छात्रों को एग्जाम सेंटर पर मोबाइल फोन नहीं लाना चाहिए। 


सीएम गहलोत ने कहा है कि अशोक गहलोत रीट-2021 के आयोजन की तैयारियों का जायजा ले रहे थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए अभ्यर्थी काफी मेहनत करते हैं। लेकिन अगर कोई परीक्षा माफिया या गैंग पेपर लीक कर देता है अभ्यर्थी की तैयारी और मेहनत पर पानी फिर जाता है।

उन्होंने आगे कहा कि कहा कि इस तरह की धोखाधड़ी में शामिल गैंग्स के खिलाफ सख्त कदम उठाने की जरूरत है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि परीक्षा में शामिल होने आ रहे छात्रों को एग्जाम सेंटर पर मोबाइल फोन नहीं लाना चाहिए। 


राजस्थान के सीएम अशोक गहलोत के OSD लोकेश का इस्तीफा, पंजाब कांग्रेस की कलह बनी कारण !

सीएम अशोक गहलोत के ओएसडी लोकेश शर्मा ने विवाद के बीच अपना इस्‍तीफा उन्‍हें भेज दिया है। इस पत्र में ओएसडी लोकेश शर्मा ने अपनी सफाई भी रखी।

by न्यूज9इंडिया डेस्क

जयपुर: पंजाब में बीते कल यानी 18 सितंबर शानिवार को पंजाब के सीएम कैप्‍टन अमरिंदर सिंह के इस्‍तीफे के घटनाक्रम के बीच राजस्‍थान के मुख्‍यमंत्री अशोक गहलोत के एक ऑफिसर ऑन स्‍पेशल ड्यूटी (ओसडी) को एक ट्वीट करने से एक विवाद बढ़ गया। सीएम  अशोक गहलोत के ओएसडी लोकेश शर्मा ने विवाद के बीच अपना इस्‍तीफा उन्‍हें भेज दिया है। इस पत्र में ओएसडी लोकेश शर्मा ने अपनी सफाई भी रखी।

ओएसडी शर्मा ने अपने इस्‍तीफे में सीएम गहलोत को संबोधित करते हुए लिखा है,'' मेरे द्वारा किए ट्वीट को राजनैतिक रंग देते हुए, गलत अर्थ निकालकर पंजाब के घटनाक्रम से जोड़ा जा रहा है... मैंने आज तक पार्टी लाइन से अलग कांग्रेस के किसी भी छोटे से लेकर बड़े नेता के संबंध में और प्रदेश की कांग्रेस सरकार को लेकर कभी भी कोई ऐसे शब्‍द नहीं लिखे नहीं हैं जिन्‍हें गलत कहा जा सके...


शर्मा ने आपने पत्र में लिखा है, श्रीमान मेरे आज के ट्वीट से किसी भी रूप में पार्टी, सरकार और आलाकमान की भावननाओं को ठेस पहुंची हो तो मैं करबद्ध रूप से क्षमा चाहता हूं, मेरी मंशा, मेरे शब्‍द और मेरी भावना किसी को भी किसी भी रूप में ठेस पहुंचाने वाली थी और न कभी होगी।

शर्मा ने आगे लिखा कि माननीय फिर भी अगर आपको लगता है मेरे द्वारा जान-बूझकर कोई गलती की है तो आपके विशेषाधिकारी पद से इस्‍तीफा भेज रहा हूं, निर्णय आपको करना है।


राजस्थान के नागौर में बड़ा सड़क हादसा, 11 की मौत, 7 घायल, पीएम ने जताया दुख

पीएम मोदी ने ट्वीट किया, 'राजस्थान के नागौर में हुआ भीषण सड़क हादसा बेहद दुखद है। मैं इस दुर्घटना में मारे गए सभी लोगों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं।'

नागौर: आज राजस्थान के नागौर जिले में एक सड़क हादसे में 11 लोगों की मौत हुई गई है और इस हादसे में 7 लोगों के घायल होने की भी खबर है। मिली जानकारी के मुताबिक, हादसा एक क्रूजर के ट्रक के टकराने की वजह से हुई है।


पुलिस स्टेशन नागौर के एसएचओ श्री बालाजी ने बताया कि नागौर में आज सुबह एक क्रूजर के एक ट्रक से टकरा जाने के कारण 11 लोगों की मौत हो गई और 7 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को बीकानेर (नोखा) के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

इस हादसे पर पीएम नरेंद्र मोदी ने दुख जताया है। पीएम मोदी ने ट्वीट किया, 'राजस्थान के नागौर में हुआ भीषण सड़क हादसा बेहद दुखद है। मैं इस दुर्घटना में मारे गए सभी लोगों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं।'


मिली जानकारी के मुताबिक, जिले के श्रीबालाजी कस्बे के पास एक ट्रक और क्रूजर में जबर्दस्त भिड़ंत हो गई। हादसा इतना भयावह था कि इसमें 11 लोगों की मौत हो गई और 6 अन्य गंभीर रूप से घायल हो गये हैं। हादसे के बाद घटनास्थल पर कोहराम मच गया है। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों और मृतकों को संभाला। हादसा कैसे हुआ इसका अभी पता नहीं चल पाया है। घायलों को स्थानीय लोगों की मदद से नोखा अस्पताल पहुंचाया गया है । पुलिस और प्रशासन के आला अधिकारी भी मौके पर पहुंच गये हैं।



प्रारंभिक जानकारी के अनुसार हादसा सुबह करीब पौने आठ बजे नागौर जिले के श्रीबालाजी कस्बे के बाईपास पर हुआ। उस समय एक क्रूजर में सवार होकर 17 लोग कहीं जा रहे थे। इसी दौरान श्रीबालाजी कस्बे के बाईपास के पास एक ट्रक से क्रूजर की जोरदार भिड़ंत हो गई। भिड़ंत इतनी जबर्दस्त थी कि क्रूजर मलबे में तब्दील हो गई। इससे क्रूजर में सवार लोग उसमें फंसकर रह गये। दुर्घटना में आठ लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। बाकी 9 लोग गंभीर रूप से घायल हो गये।

सूचना पर स्थानीय थाना पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और घायलों को नोखा अस्पताल भिजवाया। वहां तीन और घायलों ने दम तोड़ दिया। बाद में शेष घायलों का प्राथमिक उपचार के बाद बीकानेर रेफर कर दिया गया। हादसे बाद घटनास्थल पर सड़क खून से लाल हो गई। अभी तक मृतकों की पहचान नहीं हो पाई है। पुलिस उनकी शिनाख्तगी के प्रयास कर रही है। पुलिस हादसे के कारणों का पता लगाने में जुटी है। हादसे में 11 लोगों की मौत के समाचार से पूरा जिला स्तब्ध है। वहीं हादसे के बाद मौके पर पहुंची पुलिस भी वहां के हालात और चीख पुकार सुनकर सहम सी गई।


राजस्थान: 5 दरिदों ने किशोरी से किया गैंगरेप, 2 गिरफ्तार, 3 अभी भी फरार

मामला नागौर जिले का है जहां पांच दरिंदों द्वारा एक किशोरी के साथ गैंगरेप की वारदात को अंजाम दिया गया है। आरोपियों में एक नाबालिग है। पुलिस ने मामले मं 2 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और शेष तीन की तलाश कर रही है।

नागौर: राजस्थान में अब बच्चियों की अस्मत सुरक्षित नहीं रह गई है। आए दिन यहां रेप और गैंगरेप की खबरें सामने आती रहती है। ताजा मामले में एक बार फिर से एक किशोरी के साथ गैंगरेप होने की खबर सामने आई है। मामला नागौर जिले का है जहां पांच दरिंदों द्वारा एक किशोरी के साथ गैंगरेप की वारदात को अंजाम दिया गया है। आरोपियों में एक नाबालिग है। पुलिस ने मामले मं 2 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और शेष तीन की तलाश कर रही है। 

राजस्थान के नागौर जिले में एक 16 वर्षीय लड़की के साथ गैंगरेप की घटना सामने आई है। आरोप है कि पांच लोगों ने मिलकर घटना को अंजाम दिया। इसमें एक नाबालिग भी शामिल है। पीड़िता के घरवालों ने नागौर के जायल पुलिस थाने में रविवार को मामला दर्ज कराया। इसके बाद पुलिस ने तेजी दिखाते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। वहीं सोमवार को नाबालिग को भी हिरासत में लेने में कामयाब रही। 


थाना इंचार्ज सुरेंद्र कुमार ने मामले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि लड़की के घरवालों का कहना है कि किशोरी को उसके पड़ोसी हरिप्रसाद ने पिछले सप्ताह गुरुवार को किसी काम से अपने घर बुलाया, जहां चार अन्य लोग पहले से ही मौजूद थे। इसके बाद उन्होंने किशोरी के साथ कथित रूप से बलात्कार किया और घटना के बारे के किसी को बताने पर पीड़िता को गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी। 

किशोरी के बदले हुए व्यवहार को देखते हुए घरवालों ने उससे इसकी वजह पूछनी शुरू कर दी। काफी समझाने-बुझाने के बाद उसने घटना के बारे में सबको बताया। सुरेंद्र कुमार ने बताया कि इसके बाद घरवालों पुलिस में केस दर्ज कराया। उन्होंने बताया कि पड़ोसी को गिरफ्तार कर लिया गया और नाबालिग को भी हिरासत में ले लिया गया है। अन्य तीनों को भी गिरफ्तार करने का प्रयास किया जा रहा है।